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किसानों को समय से खाद बीज व जानकारी मुहैया कराएं अधिकारी ....
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रतनापुर (श्रावस्ती)। गिलौला के प्राथमिक विद्यालय नेवरिया में सोमवार को कृषि विभाग द्वारा किसान पाठशाला का आयोजन किया गया। इसमें मुख्य रूप से मौजूद डीएम ने कृषि अधिकारियों को किसानों को समय से खाद, बीज व खेतीबारी की जानकारी मुहैया कराने का निर्देश दिया। साथ ही किसानों से नवीन तकनीक अपना कर बेहतर उपज लेने व आय बढ़ाने की अपील की।
किसान पाठशाला में जिलाधिकारी ओपी आर्य ने कहा कि किसान प्रतिकूल मौसम में कड़ी मशक्कत कर लोगों का पेट भरता है। उसे सूखा व बाढ़ जैसी दैवी आपदाएं भी झेलनी पड़ती हैं जिससे कभी-कभी उनकी जमा-पूंजी भी डूब जाती है। इससे किसानों की आर्थिक दशा सुधरने के बजाए बिगड़ जाती है। ऐसे में जरूरी है कि 2022 तक किसानों की आय दोगुनी करने के लिए अधिकारी उन्हें खेतीबारी के साथ ही सह फसली खेती करने, पशु पालन, उद्यान व मत्स्य पालन आदि के लिए भी प्रेरित करें। साथ ही उन्हें समय पर खाद, बीज, पानी व कृषि रसायन एवं उर्वरक आदि मुहैया कराएं।
उप कृषि निदेशक जसपाल ने कहा कि किसानों की आय दोगुना करना प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री की प्राथमिकता है। इसे मूर्तरूप देने के लिए ही किसान पाठशालाओं का आयोजन किया जा रहा है जिसमें कृषि, पशुपालन, उद्यान व मत्स्य विभाग के अधिकारियों द्वारा योजनाओं की जानकारी दी जा रही है। साथ ही किसानों को बीज का अनुदान डीबीटी के माध्यम से उपलब्ध कराया जा रहा है।
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जिला कृषि अधिकारी आरपी राना ने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के बारे में बताते हुए किसानों को लाभ के लिए तत्काल पंजीकरण कराने की सलाह दी। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की भी जानकारी दी।
किसान पाठशाला में भूमि संरक्षण अधिकारी शिशिर कुमार वर्मा ने जैविक खेती के बारे में बताया। इस दौरान कृषि वैज्ञानिक डॉ. राम लखन प्रजापति ने खरीफ की सभी फसलों की शाक्य विधियों व उसमें लगने वाले कीट व रोग के नियंत्रण के बारे में जानकारी दी। इस मौके पर ग्राम प्रधान सहित काफी तादाद में किसान मौजूद रहे।
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किसान पाठशाला में जिलाधिकारी ओपी आर्य ने कहा कि किसान प्रतिकूल मौसम में कड़ी मशक्कत कर लोगों का पेट भरता है। उसे सूखा व बाढ़ जैसी दैवी आपदाएं भी झेलनी पड़ती हैं जिससे कभी-कभी उनकी जमा-पूंजी भी डूब जाती है। इससे किसानों की आर्थिक दशा सुधरने के बजाए बिगड़ जाती है। ऐसे में जरूरी है कि 2022 तक किसानों की आय दोगुनी करने के लिए अधिकारी उन्हें खेतीबारी के साथ ही सह फसली खेती करने, पशु पालन, उद्यान व मत्स्य पालन आदि के लिए भी प्रेरित करें। साथ ही उन्हें समय पर खाद, बीज, पानी व कृषि रसायन एवं उर्वरक आदि मुहैया कराएं।
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उप कृषि निदेशक जसपाल ने कहा कि किसानों की आय दोगुना करना प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री की प्राथमिकता है। इसे मूर्तरूप देने के लिए ही किसान पाठशालाओं का आयोजन किया जा रहा है जिसमें कृषि, पशुपालन, उद्यान व मत्स्य विभाग के अधिकारियों द्वारा योजनाओं की जानकारी दी जा रही है। साथ ही किसानों को बीज का अनुदान डीबीटी के माध्यम से उपलब्ध कराया जा रहा है।
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जिला कृषि अधिकारी आरपी राना ने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के बारे में बताते हुए किसानों को लाभ के लिए तत्काल पंजीकरण कराने की सलाह दी। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की भी जानकारी दी।
किसान पाठशाला में भूमि संरक्षण अधिकारी शिशिर कुमार वर्मा ने जैविक खेती के बारे में बताया। इस दौरान कृषि वैज्ञानिक डॉ. राम लखन प्रजापति ने खरीफ की सभी फसलों की शाक्य विधियों व उसमें लगने वाले कीट व रोग के नियंत्रण के बारे में जानकारी दी। इस मौके पर ग्राम प्रधान सहित काफी तादाद में किसान मौजूद रहे।