{"_id":"6043cd5f8ebc3e591536e0b2","slug":"no-fee-will-be-paid-for-making-ayushman-card-shamli-news-mrt528699099","type":"story","status":"publish","title_hn":"अब कार्ड बनवाने पर नहीं देना पड़ेगा शुल्क","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अब कार्ड बनवाने पर नहीं देना पड़ेगा शुल्क
विज्ञापन
आयुष्मान कार्ड बनवाने पर नहीं देना पड़ेगा शुल्क
शामली। जिले में आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत गोल्डन कार्ड बनाने की रफ्तार धीमी चल रही है। अब सरकार ने गोल्डन कार्ड (आयुष्मान कार्ड) को मुफ्त बनाने का निर्णय लिया है, इसके चलते अब आयुष्मान कार्ड तेजी से बनने की उम्मीद जागी है।
जिले में आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना में 47998 परिवार चयनित हैं। इन परिवारों के सभी सदस्यों के 239990 आयुष्मान कार्ड बनाए जाने हैं। अभी तक 22824 लाभार्थी परिवारों को ही कवर करते हुए लगभग 70271 सदस्यों के आयुष्मान कार्ड बन सके हैं। सरकारी अस्पतालों में आयुष्मान कार्ड निशुल्क बनाए जाते हैं जबकि कॉमन सर्विस सेंटर पर आयुष्मान कार्ड बनाने का 30 रुपये शुल्क निर्धारित था। अब सरकार ने सरकारी अस्पतालों की तरह ही कॉमन सर्विस सेंटर पर भी आयुष्मान कार्ड बनाना मुफ्त कर दिया है। अब लाभार्थी परिवार को कोई शुल्क नहीं देना पड़ेगा।
स्वास्थ्य अधिकारियों का मानना है कि शुल्क को लेकर लाभार्थी आयुष्मान कार्ड बनाने मेें कम रुचि ले रहे हैं। अब शुल्क नहीं लगेगा तो लाभार्थी कार्ड बनवाने में ज्यादा रुचि लेंगे। आयुष्मान योजना के जिला नोडल अधिकारी एसीएमओ डॉ. सुशील कुमार ने बताया कि 10 मार्च से 24 मार्च तक आयुष्मान कार्ड बनाने का अभियान चलाया जाएगा। इस अभियान के तहत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत 5895 ग्रामीण लाभार्थी परिवारों के कार्ड बनाने का लक्ष्य रखा गया है। इसी तरह मुख्यमंत्री जन आरोग्य अभियान के तहत 4428 परिवार, जिनमें 1475 ग्रामीण और 2953 शहरी लाभार्थी परिवारों के आयुष्मान कार्ड बनाने का लक्ष्य रखा गया है।
विज्ञापन
--
आयुष्मान भारत योजना की जिले में स्थिति
कुल लाभार्थी परिवार - 47998
कवर हुए परिवार - 22824
कुल लाभार्थियों की संख्या -239990
कवर हुए लाभार्थी - 70271
पैनल में शामिल अस्पताल- 16 (सरकारी-7, निजी-9)
विज्ञापन
शामली। जिले में आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत गोल्डन कार्ड बनाने की रफ्तार धीमी चल रही है। अब सरकार ने गोल्डन कार्ड (आयुष्मान कार्ड) को मुफ्त बनाने का निर्णय लिया है, इसके चलते अब आयुष्मान कार्ड तेजी से बनने की उम्मीद जागी है।
जिले में आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना में 47998 परिवार चयनित हैं। इन परिवारों के सभी सदस्यों के 239990 आयुष्मान कार्ड बनाए जाने हैं। अभी तक 22824 लाभार्थी परिवारों को ही कवर करते हुए लगभग 70271 सदस्यों के आयुष्मान कार्ड बन सके हैं। सरकारी अस्पतालों में आयुष्मान कार्ड निशुल्क बनाए जाते हैं जबकि कॉमन सर्विस सेंटर पर आयुष्मान कार्ड बनाने का 30 रुपये शुल्क निर्धारित था। अब सरकार ने सरकारी अस्पतालों की तरह ही कॉमन सर्विस सेंटर पर भी आयुष्मान कार्ड बनाना मुफ्त कर दिया है। अब लाभार्थी परिवार को कोई शुल्क नहीं देना पड़ेगा।
विज्ञापन
स्वास्थ्य अधिकारियों का मानना है कि शुल्क को लेकर लाभार्थी आयुष्मान कार्ड बनाने मेें कम रुचि ले रहे हैं। अब शुल्क नहीं लगेगा तो लाभार्थी कार्ड बनवाने में ज्यादा रुचि लेंगे। आयुष्मान योजना के जिला नोडल अधिकारी एसीएमओ डॉ. सुशील कुमार ने बताया कि 10 मार्च से 24 मार्च तक आयुष्मान कार्ड बनाने का अभियान चलाया जाएगा। इस अभियान के तहत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत 5895 ग्रामीण लाभार्थी परिवारों के कार्ड बनाने का लक्ष्य रखा गया है। इसी तरह मुख्यमंत्री जन आरोग्य अभियान के तहत 4428 परिवार, जिनमें 1475 ग्रामीण और 2953 शहरी लाभार्थी परिवारों के आयुष्मान कार्ड बनाने का लक्ष्य रखा गया है।
विज्ञापन
--
आयुष्मान भारत योजना की जिले में स्थिति
कुल लाभार्थी परिवार - 47998
कवर हुए परिवार - 22824
कुल लाभार्थियों की संख्या -239990
कवर हुए लाभार्थी - 70271
पैनल में शामिल अस्पताल- 16 (सरकारी-7, निजी-9)