फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   Meerut Cantonment Board Hikes Door-to-Door Garbage Collection Charges, Residents and Traders Oppose Increase

मेरठ: कैंट में कूड़ा उठान शुल्क में भारी बढ़ोतरी, घरों का शुल्क पांच से आठ गुना और बड़े मकानों का दस गुना बढ़ा

Sat, 12 Sep 2026 11:13 AM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ Published by: Dimple Sirohi Updated Sat, 12 Sep 2026 11:13 AM IST
सार

मेरठ कैंट बोर्ड ने घर-घर कूड़ा उठाने का शुल्क बढ़ा दिया है। आवासीय संपत्तियों के साथ दुकानों, कार्यालयों, स्कूलों और होटलों पर भी नया शुल्क लागू होने से लोगों और व्यापारियों में नाराजगी है।

विज्ञापन
Meerut Cantonment Board Hikes Door-to-Door Garbage Collection Charges, Residents and Traders Oppose Increase
डोर टू डोर - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

मेरठ  कैंट बोर्ड की ओर से घर-घर कूड़ा उठाने के शुल्क में की गई भारी बढ़ोतरी से लोगों की परेशानी बढ़ गई है। बढ़े हुए बिल लोगों के पास पहुंचने के बाद व्यापारी और स्थानीय लोगों में रोष शुरू हो गया है। कैंट बोर्ड के पूर्व उपाध्यक्ष सुनील वाधवा ने बताया कि उन्होंने छावनी परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी जाकिर हुसैन से शुल्क में संशोधन की मांग की है।

विज्ञापन


पूर्व उपाध्यक्ष सुनील वाधवा के मुताबिक 50 वर्ग मीटर तक के मकान से पहले सालाना 240 रुपये कूड़ा उठाने का शुल्क लिया जाता था, जिसे बढ़ाकर 600 रुपये कर दिया गया है। 50 से 200 वर्ग मीटर तक के मकान का शुल्क 240 से बढ़ाकर 1200 रुपये और 200 वर्ग मीटर से अधिक के मकान का शुल्क 240 से बढ़ाकर 2400 रुपये सालाना कर दिया गया है।
विज्ञापन


यह भी पढ़ें: यूपी: शामली के आशू सैनी की रूस में तलाश, 30 जुलाई से परिवार से संपर्क बंद; एजेंट ने भी फोन उठाना छोड़ा

विज्ञापन
विज्ञापन

पूर्व उपाध्यक्ष शिप्रा रस्तोगी का कहना है कि व्यापारी और स्थानीय लोगों पर अतिरिक्त बोझ स्वीकार करने योग्य नहीं है। इसका मजबूती से विरोध किया जाएगा। मुख्य कार्यकारी अधिकारी से अनुरोध किया जाएगा कि बोर्ड बैठक में संशोधन का प्रस्ताव लाएं।

पूर्व पार्षद अनिल जैन ने बताया कि केंद्र सरकार के गजट अधिसूचना के बाद कैंट बोर्ड ने वित्तीय वर्ष 2026-27 में बढ़ा हुआ शुल्क एक अप्रैल से लागू किया है। उन्होंने कहा कि सराफ की दुकानों पर भी सालाना 6000 रुपये कूड़ा उठाने का शुल्क लगाया गया है। जबकि वहां निकलने वाले कूड़े को बाहर नहीं जाता है। व्यावसायिक संपत्तियों पर शुल्क में काफी बढ़ोतरी की गई है।

 

संयुक्त व्यापार संघ ने जताया विरोध
संयुक्त व्यापार संघ अध्यक्ष नवीन गुप्ता ने कि छावनी में बढ़े हुए कूड़े के बिलों के विषय में संगठन की बैठक बुलाई गई है। इसके बाद छावनी के व्यापारियों के साथ छावनी परिषद मुख्य कार्यकारी अधिकारी से मिलेंगे। संयुक्त व्यापार संघ अध्यक्ष अजय गुप्ता ने बताया कि छावनी क्षेत्र के विभिन्न व्यापार संघों ने समस्या बताई है। इस संबंध में आगामी सप्ताह मुख्य कार्यकारी अधिकारी से मुलाकात की जाएगी।
 
बोर्ड बैठक में रखेंगे संशोधन के लिए प्रस्ताव
केंद्र सरकार की ओर से गजट अधिसूचना जारी की गई है। उसके आधार पर कूड़ा कलेक्शन के बढ़े हुए शुल्क जारी किए गए हैं। शुल्क में संशोधन के लिए बोर्ड बैठक में प्रस्ताव रखा जाएगा। - जाकिर हुसैन, मुख्य कार्यकारी अधिकारी, कैंट बोर्ड।

कैंट बोर्ड की बैठक बुलाने की मांग
छावनी में डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन का शुल्क बहुत अधिक बढ़ा दिया गया है। इस संबंध में कैंट बोर्ड मुख्य कार्यकारी अधिकारी जाकिर हुसैन को एक माह पूर्व अवगत कराया था। अभी तक मामले को संज्ञान में नहीं लिया गया है। मुख्य कार्यकारी अधिकारी से कहेंगे कि जल्द बोर्ड बैठक बुलाकर शुल्क में संशोधन किया जाए। - अमित अग्रवाल, विधायक, कैंट।

कूड़ा कलेक्शन का नया मासिक शुल्क 
50 वर्ग मीटर तक के आवास : 50 रुपये
50 से 200 वर्ग मीटर तक के आवास : 100 रुपये
200 वर्ग मीटर से अधिक के आवास : 200 रुपये
दुकान : 500 रुपये
धर्मशाला : 2000 रुपये
कार्यालय, स्कूल : 2000 रुपये
होटल : 5000 रुपये

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed