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बैंक मैनेजर पर धोखाधड़ी का मुकदमा
अमर उजाला ब्यूरो, शामली
Updated Mon, 26 Sep 2016 12:57 AM IST
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बैंक मैनेजर के खिलाफ एफआईआर, पुिल
- फोटो : अमर उजाला
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शामली के झिंझाना में डेढ़ लाख रुपये का ऋण ब्याज सहित चुकाने के बाद भी बैंक ने किसान की मौत होने पर उसके नाम पर आरसी जारी कर दी। मृतक किसान के पिता ने बैंक में जाकर जानकरी की तो पता चला कि उसके बेटे ने दोबारा बैंक से ऋण ले लिया था। किसान के पिता ने न्यायालय के आदेश पर बैंक प्रबंधक और कर्मचारियों पर धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया है।
क्षेत्र के गांव पिंडोरा निवासी किसान कंवरपाल सिंह ने पंजाब नेशनल बैंक पिंडौरा से किसान क्रेडिट कृषि कार्ड पर डेढ़ लाख रुपये का ऋण वर्ष 2010-11 में लिया था। 24 मई 2012 में दुर्घटना में उसकी मौत होने पर उसके पिता रकम सिंह ने एक लाख अस्सी हजार रुपये ब्याज सहित 18 अप्रैल 2013 में बैंक में जमा करा रसीद प्राप्त कर ली। प्रबंधक मदनलान सिंघल ने बताया की अभी एक हजार रुपये बाकी हैं। खाता बंद हो जाएगा। 20 अप्रैल 2013 में एक हजार रुपये जमा करा दिए गए। इसके बाद जून 2016 में बैंक प्रबंधक ने मृतक के नाम नोटिस भेज कर आरसी जारी करने की चेतावनी दी।
किसान के पिता ने बैंक में जाकर पता किया तो कंवर पाल के नाम हुए ऋण को जिस दिन जमा किया गया था। उसी दिन किसान क्रेडिट कार्ड पर उसके नाम से एक लाख 49 हजार रुपये का ऋण जारी किया हुआ है। जबकि कंवरपाल की मौत 2012 में हो चुकी है। मृतक के पिता ने न्यायालय के आदेश पर रविवार को तत्कालीन बैंक प्रबंधक मदनलाल सिंघल, वर्तमान वेदराम व बैंक एजेंट सुनील के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया है। थाना प्रभारी बीपी सिंह ने बताया की कोर्ट के आदेश पर मुकदमा दर्ज कर जांच की जा रही है।
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क्षेत्र के गांव पिंडोरा निवासी किसान कंवरपाल सिंह ने पंजाब नेशनल बैंक पिंडौरा से किसान क्रेडिट कृषि कार्ड पर डेढ़ लाख रुपये का ऋण वर्ष 2010-11 में लिया था। 24 मई 2012 में दुर्घटना में उसकी मौत होने पर उसके पिता रकम सिंह ने एक लाख अस्सी हजार रुपये ब्याज सहित 18 अप्रैल 2013 में बैंक में जमा करा रसीद प्राप्त कर ली। प्रबंधक मदनलान सिंघल ने बताया की अभी एक हजार रुपये बाकी हैं। खाता बंद हो जाएगा। 20 अप्रैल 2013 में एक हजार रुपये जमा करा दिए गए। इसके बाद जून 2016 में बैंक प्रबंधक ने मृतक के नाम नोटिस भेज कर आरसी जारी करने की चेतावनी दी।
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किसान के पिता ने बैंक में जाकर पता किया तो कंवर पाल के नाम हुए ऋण को जिस दिन जमा किया गया था। उसी दिन किसान क्रेडिट कार्ड पर उसके नाम से एक लाख 49 हजार रुपये का ऋण जारी किया हुआ है। जबकि कंवरपाल की मौत 2012 में हो चुकी है। मृतक के पिता ने न्यायालय के आदेश पर रविवार को तत्कालीन बैंक प्रबंधक मदनलाल सिंघल, वर्तमान वेदराम व बैंक एजेंट सुनील के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया है। थाना प्रभारी बीपी सिंह ने बताया की कोर्ट के आदेश पर मुकदमा दर्ज कर जांच की जा रही है।
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