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अनमोल अपहरण की जांच करने पहुंचे डीआईजी सीबीआई
ब्यूरो/अमर उजाला, शामली
Updated Fri, 16 Jun 2017 12:07 AM IST
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संयम के परिजनों से वार्ता करते डीआईजी सीबीआई।
- फोटो : amar ujala
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शामली। अपहृत छात्र अनमोल उर्फ संयम का छह साल बाद भी कुछ पता नहीं लग सका है। मामले की जांच सीबीआई कर रही है, जिसके चलते बृहस्पतिवार को सीबीआई के डीआईजी (डिप्टी इंस्पेक्टर जनरल) जीके गोस्वामी ने शामली पहुंचकर पीड़ित परिवार से मुलाकात की।
गौरतलब है कि शामली की गांधीगंज मंडी में रहने वाले व्यापारी मनोज गोयल के पुत्र अनमोल उर्फ संयम का 15 अप्रैल 2011 को बदमाशों ने अपहरण कर लिया था। उसके बाद व्यापारी से फिरौती की डिमांड की गई थी। मामले में शामली कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज हुई थी, जिसके बाद पुलिस ने खुलासा करते हुए शामली निवासी सचिन, खरड़ निवासी सतेंद्र और बागपत के गांव तुगाना निवासी परमवीर को आरोपी बनाया था। उक्त तीनों आरोपी न्यायालय से जमानत होने पर जेल से बाहर आ गए, लेकिन आज तक छात्र संयम को बरामद नहीं किया जा सका है।
इसी दौरान छात्र संयम की मां मीनू गोयल ने संयम की बरामदगी न होने पर खुलासे पर सवाल उठाते हुए हाईकोर्ट में रिट दायर की थी, जिसमें उन्होंने मामले की जांच सीबीआई से कराने की मांग की थी। हाईकोर्ट ने 30 सितंबर 2014 को मामले की जांच सीबीआई से कराने का आदेश दिया था, जिसके बाद से सीबीआई मामले की जांच करने में लगी हुई है। पूर्व में भी कई बार सीबीआई टीम शामली आकर इस प्रकरण में छानबीन कर चुकी है, लेकिन छात्र संयम को बरामद कराने में सीबीआई भी अब तक विफल साबित रही।
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उधर, बृहस्पतिवार को सीबीआई के डीआईजी जीके गोस्वामी शामली पहुंचे। पुलिस अधीक्षक डाक्टर अजयपाल शर्मा के साथ उन्होंने गांधीगंज मंडी में व्यापारी मनोज गोयल के मकान पर पहुंचकर परिजनों से लंबी बातचीत की। परिजनों से उन्होंने बदमाशों द्वारा फिरौती मांगने सहित उसके बाद के घटनाक्रम के बारे में जानकारी ली। इस दौरान डीआईजी जीके गोस्वामी ने बताया कि सीबीआई गंभीरता से प्रकरण की जांच करने में लगी है। छात्र संयम की बरामदगी में क्या कमियां रहीं, अभी वह इस बारे में कुछ नहीं कह पाएंगे। उन्होंने कहा कि खुलासा जरूर किया जाएगा।
घटनास्थल का जायजा भी लिया
छात्र संयम का अपहरण रेलवे स्टेशन के पास से हुआ था। इसके चलते सीबीआई के डीआईजी जीके गोस्वामी ने छात्र संयम के परिजनों से बातचीत करने के साथ ही घटनास्थल का मौका मुआयना भी किया। घटनास्थल का नक्शा भी बनवाया।
हमें भरोसा है, संयम लौट आएगा : मनोज
छात्र संयम के पिता मनोज गोयल का कहना है कि छह साल से बेटे संयम का चेहरा नहीं देखा। पुलिस ने खुलासा तो किया, पर हम संतुष्ट नहीं है। क्योंकि पुलिस ने संयम को बरामद नहीं किया है। इसके चलते अब तक वह सैकड़ों बार पुलिस अधिकारियों से मुलाकात कर चुके, आला अफसरों का हर दरवाजा खटखटाया। अब हमें पूरी उम्मीद है कि सीबीआई इस मामले का खुलासा कर और संयम को बरामद करेगी। वहीं, संयम की मां मीनू गोयल का कहना था कि अपहरण करने वाले कॉल करके फिरौती मांगते थे, लेकिन उनकी बात संयम से नहीं कराई थी। मुझे छह साल हो गए अपने बेटे से बात किए और उसका चेहरे देखे। पुलिस को सोचना चाहिए कि एक मां पर बेटे के वियोग में क्या बीतती है।
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गौरतलब है कि शामली की गांधीगंज मंडी में रहने वाले व्यापारी मनोज गोयल के पुत्र अनमोल उर्फ संयम का 15 अप्रैल 2011 को बदमाशों ने अपहरण कर लिया था। उसके बाद व्यापारी से फिरौती की डिमांड की गई थी। मामले में शामली कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज हुई थी, जिसके बाद पुलिस ने खुलासा करते हुए शामली निवासी सचिन, खरड़ निवासी सतेंद्र और बागपत के गांव तुगाना निवासी परमवीर को आरोपी बनाया था। उक्त तीनों आरोपी न्यायालय से जमानत होने पर जेल से बाहर आ गए, लेकिन आज तक छात्र संयम को बरामद नहीं किया जा सका है।
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इसी दौरान छात्र संयम की मां मीनू गोयल ने संयम की बरामदगी न होने पर खुलासे पर सवाल उठाते हुए हाईकोर्ट में रिट दायर की थी, जिसमें उन्होंने मामले की जांच सीबीआई से कराने की मांग की थी। हाईकोर्ट ने 30 सितंबर 2014 को मामले की जांच सीबीआई से कराने का आदेश दिया था, जिसके बाद से सीबीआई मामले की जांच करने में लगी हुई है। पूर्व में भी कई बार सीबीआई टीम शामली आकर इस प्रकरण में छानबीन कर चुकी है, लेकिन छात्र संयम को बरामद कराने में सीबीआई भी अब तक विफल साबित रही।
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उधर, बृहस्पतिवार को सीबीआई के डीआईजी जीके गोस्वामी शामली पहुंचे। पुलिस अधीक्षक डाक्टर अजयपाल शर्मा के साथ उन्होंने गांधीगंज मंडी में व्यापारी मनोज गोयल के मकान पर पहुंचकर परिजनों से लंबी बातचीत की। परिजनों से उन्होंने बदमाशों द्वारा फिरौती मांगने सहित उसके बाद के घटनाक्रम के बारे में जानकारी ली। इस दौरान डीआईजी जीके गोस्वामी ने बताया कि सीबीआई गंभीरता से प्रकरण की जांच करने में लगी है। छात्र संयम की बरामदगी में क्या कमियां रहीं, अभी वह इस बारे में कुछ नहीं कह पाएंगे। उन्होंने कहा कि खुलासा जरूर किया जाएगा।
घटनास्थल का जायजा भी लिया
छात्र संयम का अपहरण रेलवे स्टेशन के पास से हुआ था। इसके चलते सीबीआई के डीआईजी जीके गोस्वामी ने छात्र संयम के परिजनों से बातचीत करने के साथ ही घटनास्थल का मौका मुआयना भी किया। घटनास्थल का नक्शा भी बनवाया।
हमें भरोसा है, संयम लौट आएगा : मनोज
छात्र संयम के पिता मनोज गोयल का कहना है कि छह साल से बेटे संयम का चेहरा नहीं देखा। पुलिस ने खुलासा तो किया, पर हम संतुष्ट नहीं है। क्योंकि पुलिस ने संयम को बरामद नहीं किया है। इसके चलते अब तक वह सैकड़ों बार पुलिस अधिकारियों से मुलाकात कर चुके, आला अफसरों का हर दरवाजा खटखटाया। अब हमें पूरी उम्मीद है कि सीबीआई इस मामले का खुलासा कर और संयम को बरामद करेगी। वहीं, संयम की मां मीनू गोयल का कहना था कि अपहरण करने वाले कॉल करके फिरौती मांगते थे, लेकिन उनकी बात संयम से नहीं कराई थी। मुझे छह साल हो गए अपने बेटे से बात किए और उसका चेहरे देखे। पुलिस को सोचना चाहिए कि एक मां पर बेटे के वियोग में क्या बीतती है।