{"_id":"6398cbc2e51acd15df18c670","slug":"complete-the-work-of-economic-corridor-within-one-year-shamli-news-mrt6176276200","type":"story","status":"publish","title_hn":"दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर एक्सप्रेसवे: 31 दिसंबर 2023 तक पूरा करने के निर्देश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर एक्सप्रेसवे: 31 दिसंबर 2023 तक पूरा करने के निर्देश
विज्ञापन
बागपत में एनएचएआई के अधिकारी को ज्ञापन देते किसान यूनियन के राष्ट्रीय अध्यक्ष सवित मलिक
- फोटो : SHAMLI
शामली। एनएचएआई की भारत माला परियोजना के महाप्रबंधक रविंद्र सिंह ने मंगलवार को दिल्ली-देहरादून ग्रीन फील्ड इकोनॉमिक कॉरिडोर निरीक्षण कर निर्माण कार्य की प्रगति की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने 31 दिसंबर 2023 तक एक्सप्रेसवे निर्माण कार्य पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित करने के निर्देश दिए।
भारत माला परियोजना के तहत दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर एक्सप्रेसवे का निर्माण कार्य चल रहा है। बागपत से मुजफ्फरनगर, शामली, सहारनपुर बाईपास तक छह लेन के एक्सप्रेसवे की जद में आ रहे किसानों को मुआवजा वितरित होने के बाद निर्माण एजेंसी को भूमि पर कब्जा मिल चुका है। मंगलवार को भारत माला परियोजना के महाप्रबंधक रविंद्र कुमार सिंह ने दिल्ली से चलकर बागपत जिले के मवीकलां गांव से शुरु हो रहे एक्सप्रेसवे का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने एक्सप्रेसवे की प्रगति की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर का निर्माण हर हाल में 31 दिसंबर तक पूरा करना है।
मौके पर निर्माण एजेंसी प्रोजेक्ट मैनेजरों ने अवगत कराया कि दस से 15 प्रतिशत निर्माण कार्य शुरू हो पाया है। महाप्रबंधक शामली जिले में लांक, बुटराड़ा गांव में जंक्शन की भूमि को देखकर सहारनपुर की ओर रवाना हो गए। खानपुर गांव में किसान संघर्ष समिति के योगेंद्र प्रधान, सहदेव सिंह, ऋषिपाल सिंह ने महाप्रबंधक को अंडरपास की कम ऊंचाई, सिंचाई साधन नाली, अन्य समस्याओं से अवगत कराया। इस मौके पर बागपत एनएचएआई के परियोजना प्रबंधक एसके मिश्रा, डिप्टी मैनेजर पीयूष श्रीवास्तव, ललित पाल, निर्माण एजेंसी के प्रोजेक्ट मैनेजर जितेंद्र बालियान, मनीष हांडा, समेत आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
एनएचएआई कार्यालय में दिया ज्ञापन
किसान यूनियन के राष्ट्रीय अध्यक्ष सवित मलिक ने बागपत एनएचएआई कार्यालय में पहुंचकर शामली जिले के बलवा, शामली तहसील, गोहरनी, और बधेव में हाईवे के चौराहों पर फ्लाईओवर, गोल चक्कर और अंडरपास बनाने के लिए एनएचएआई बागपत के अधिकारी शैलेंद्र ंकुमार को ज्ञापन दिया। ज्ञापन देने वालों में किसान यूनियन के जिलाध्यक्ष लबनान चौधरी, जयपाल सिंह, अमित निर्वाल आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
भारत माला परियोजना के तहत दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर एक्सप्रेसवे का निर्माण कार्य चल रहा है। बागपत से मुजफ्फरनगर, शामली, सहारनपुर बाईपास तक छह लेन के एक्सप्रेसवे की जद में आ रहे किसानों को मुआवजा वितरित होने के बाद निर्माण एजेंसी को भूमि पर कब्जा मिल चुका है। मंगलवार को भारत माला परियोजना के महाप्रबंधक रविंद्र कुमार सिंह ने दिल्ली से चलकर बागपत जिले के मवीकलां गांव से शुरु हो रहे एक्सप्रेसवे का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने एक्सप्रेसवे की प्रगति की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर का निर्माण हर हाल में 31 दिसंबर तक पूरा करना है।
विज्ञापन
मौके पर निर्माण एजेंसी प्रोजेक्ट मैनेजरों ने अवगत कराया कि दस से 15 प्रतिशत निर्माण कार्य शुरू हो पाया है। महाप्रबंधक शामली जिले में लांक, बुटराड़ा गांव में जंक्शन की भूमि को देखकर सहारनपुर की ओर रवाना हो गए। खानपुर गांव में किसान संघर्ष समिति के योगेंद्र प्रधान, सहदेव सिंह, ऋषिपाल सिंह ने महाप्रबंधक को अंडरपास की कम ऊंचाई, सिंचाई साधन नाली, अन्य समस्याओं से अवगत कराया। इस मौके पर बागपत एनएचएआई के परियोजना प्रबंधक एसके मिश्रा, डिप्टी मैनेजर पीयूष श्रीवास्तव, ललित पाल, निर्माण एजेंसी के प्रोजेक्ट मैनेजर जितेंद्र बालियान, मनीष हांडा, समेत आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
एनएचएआई कार्यालय में दिया ज्ञापन
किसान यूनियन के राष्ट्रीय अध्यक्ष सवित मलिक ने बागपत एनएचएआई कार्यालय में पहुंचकर शामली जिले के बलवा, शामली तहसील, गोहरनी, और बधेव में हाईवे के चौराहों पर फ्लाईओवर, गोल चक्कर और अंडरपास बनाने के लिए एनएचएआई बागपत के अधिकारी शैलेंद्र ंकुमार को ज्ञापन दिया। ज्ञापन देने वालों में किसान यूनियन के जिलाध्यक्ष लबनान चौधरी, जयपाल सिंह, अमित निर्वाल आदि मौजूद रहे।