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लड़की से लड़का बनीं सरिता: 12 साल की उम्र से जेंडर बदलने की चाहत, नया नाम शरद सिंह; सविता से रचाएंगे शादी

Wed, 28 Jun 2023 10:29 AM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, शाहजहांपुर
अमर उजाला नेटवर्क, शाहजहांपुर Published by: शाहरुख खान Updated Wed, 28 Jun 2023 10:29 AM IST
सार

शाहजहांपुर के काकोरी कांड के अमर नायक ठाकुर रोशन सिंह की प्रपौत्री सरिता की अब नई पहचान शरद सिंह होगी। डीएम ने लिंग परिवर्तन प्रमाण पत्र और पहचान पत्र सौंप दिया है। अब वह पीलीभीत की सविता से शादी करेंगे। जेंडर बदलने की प्रक्रिया में तीन साल का समय लगा। 

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Sarita changed gender Martyr Roshan Singh great granddaughter Sarita new identity Sharad Singh IN shahjahanpur
डीएम ने लिंग परिवर्तन प्रमाण पत्र और पहचान पत्र सौंपा - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

शाहजहांपुर के काकोरी कांड के अमर नायक ठाकुर रोशन सिंह की प्रपौत्री सरिता सिंह ने जेंडर बदलने के बाद अब इसका प्रमाणपत्र भी हासिल कर लिया। लिंग परिवर्तन प्रमाण पत्र के साथ डीएम की ओर से मंगलवार को दिए गए पहचान पत्र के मुताबिक सरिता का नाम अब शरद सिंह हो गया है। 
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उन्होंने बताया कि अब वह पीलीभीत की सविता सिंह चौहान से जल्द शादी करेंगे। मूलत: खुदागंज थाना क्षेत्र के गांव नवादा निवासी शरद भावलखेड़ा ब्लॉक के कंपोजिट विद्यालय सतवां खुर्द में सहायक अध्यापक के पद पर कार्यरत हैं। 
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वह निगोही रोड पर स्थित साहित्यपुरम कॉलोनी में रहते हैं। लड़की होने के बाद भी लड़कों जैसा बनकर रहने वाली सरिता सिंह ने 2020 में जेंडर बदलने के प्रयास शुरू किए थे। उन्होंने लखनऊ में हार्मोंस थेरेपी कराई। इससे उनके चेहरे पर दाढ़ी उग आई थी। आवाज भी भारी हो गई थी।
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करीब एक माह पहले उन्होंने मध्यप्रदेश के इंदौर में सर्जरी कराकर अपना जेंडर बदलवा लिया था। मंगलवार को डीएम उमेश प्रताप सिंह ने सरिता सिंह से शरद सिंह बनने पर उन्हें लिंग परिवर्तन प्रमाण पत्र और पहचान पत्र दिया। शरद के मुताबिक जेंडर बदलने में उन्हें तीन साल का समय लगा। तमाम दुश्वारियां आने के बाद भी उन्होंने हिम्मत नहीं हारी।
 

12 साल की उम्र से थी जेंडर बदलने की चाहत
शरद के अनुसार, मनुष्य के अंदर शुरुआत से ही अपने व्यक्तित्व को लेकर अहसास होने लगता है। 12 साल की उम्र से महसूस होने लगा था कि उनका अपोजिट जेंडर है। इसलिए उन्होंने लड़की से लड़का बनने की ठान ली थी।

सिविल सर्विसेस की करेंगे तैयारी
सहायक अध्यापक शरद प्रशासन से प्रमाण पत्र मिलने के बाद बेसिक शिक्षा विभाग के कागजों में अपना जेंडर बदलवाने के लिए पत्राचार करेंगे। उन्होंने बताया कि वह सिविल सर्विस की तैयारी भी करेंगे।

खुदागंज के विभू भी कर चुके लिंग परिवर्तन
लिंग परिवर्तन कराकर लड़की से लड़का बनने का यह दूसरा मामला है। इससे पहले खुदागंज के ही विभू भी अपना लिंग परिवर्तन करा चुके हैं। उन्हें प्रमाण पत्र भी प्राप्त हो गया। बताते हैं कि विभू दिल्ली में रहते हैं।
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