{"_id":"c8211cb8e1c650ed1250a651a7174835","slug":"magh-mela-hindi-news-21","type":"story","status":"publish","title_hn":" ‘हरि बोलो, मौनी खोलो’ ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
‘हरि बोलो, मौनी खोलो’
मिर्जापुर/ शाहजहांपुर।
Updated Tue, 20 Jan 2015 11:36 PM IST
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माघ मेला ढाईघाट मे मौनी अमावस्या पर मंगलवार को हजारों श्रद्धालुओं ने ‘हरि बोलो मौनी खोलो’ के उद्घोष के साथ गंगा में डुबकी लगाकर पुण्य अर्जित किया।
भोर की किरण फूटनेे से पहले ही श्रद्धालुओं ने गंगा स्नान शुरू कर दिया, जो दोपहर बाद तक जारी रहा। इसके बाद श्रद्धालुओं ने गंगा पुरोहितों और साधू-संतों को दानकर पुण्य कमाया। तमाम श्रद्धालुओं ने सत्यनारायण की कथा सुनी। तमाम श्रद्धालुओं नेे मेले में ब्राह्मण समाज आश्रम में चल रहे 11 कुंडीय यज्ञ में आहुति देने के साथ ही यज्ञशाला की परिक्रमा की। तत्पश्चात मेले का आनंद लिया। मेले में लोगों ने जरूरत की चीजों को खरीदा।
शाहजहांपुर शहर में चौक स्थित मां फूलमती मंदिर में मौनी अमावस्या पर भारी भीड़ जुटी। ग्रामीण अंचल से भी महिलाओं और पुरुषों ने आकर मां भगवती के दर्शन किए और प्रसाद चढ़ाकर मनौती मांगी। इस बीच चौक में कई भंडारे चलाए गए, जिनमें हजारों लोगों ने भोज किया।
संतों ने किया जिला पंचायत
के कैंप कार्यालय का घेराव
मौनी अमावस्या पर्व पर भी दर्जनों संत-महात्माओं ने अपने अस्त्र-शस्त्रों के साथ जिला पंचायत के कैंप कार्यालय का घेराव कर पर्याप्त केरोसिन देने की मांग की। पचास से अधिक संतों के साथ नारेबाजी करते हुए वहां पहुंचे संत समाज के अध्यक्ष बाबा मंसुखदास ने तीन हजार संतों के लिए एक हजार लीटर तेल नाकाफी बताया। विरोध करते हुए उन्होंने इतने तेल को भी वापस ले जाने को कहा। चेतावनी दी कि यदि शीघ्र ही पर्याप्त तेल की व्यवस्था नहीं की गई तो मेले में जिला पंचायत द्वारा की जा रही प्रवेश शुल्क व तहबाजारी की वसूली बंद करवा दी जाएगी।
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संतों की नाराजगी देख जिला पंचायत के मेला इंचार्ज तुलसीराम ने फोन से संतों की एसडीएम जलालाबाद से वार्ता करवाई। मेलाध्यक्ष मंसुखदास ने बताया कि एसडीएम ने संतों की मांग को डीएम तक पहुंचाने का आश्वासन दिया है। मेले में संतों के उग्र होने की जानकारी पर एसडीएम जंगबहादुर यादव, सीओ अशोक सिंह, एसओ मिर्जापुर प्रदीप कुमार के साथ ही कलान, परौर, अल्हागंज,गढ़िया रंगीन,जलालाबाद थानों का पुलिस फोर्स मेले में पहुंच गया, तब तक संत शांत होकर जा चुके थे।
मेले में हजारों संतों और श्रद्धालुओं के लिए एक हजार लीटर केरोसिन पर्याप्त नहीं है। बीस हजार लीटर का मांग पत्र एसडीएम के माध्यम से डीएसओ को भेजा जा चुका है। संतों को धैर्य रखना चाहिए।
- पीके सक्सेना, अपर मुख्य अधिकारी, जिला पंचायत
खतरे में जिला पंचायत को खजाना
- मेला ड्यूटी पर लगे सिपाहियों का हुआ तबादला
अमर उजाला ब्यूरो
मिर्जापुर। मेले में जिला पंचायत के खजाने की सुरक्षा में तैनात एपी गार्द के चार पुलिस कर्मियों में से तीन का स्थानांतरण 14 जनवरी को हो गया है। उनके स्थान पर नए पुलिसकर्मी नहीं आए हैं। इससे मेले में जिला पंचायत का कोष असुरक्षित है। मेला इंचार्ज ने बताया कि स्थिति से पुलिस लाइंस के आरआई को स्थिति की जानकारी दे दी गई है।
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भोर की किरण फूटनेे से पहले ही श्रद्धालुओं ने गंगा स्नान शुरू कर दिया, जो दोपहर बाद तक जारी रहा। इसके बाद श्रद्धालुओं ने गंगा पुरोहितों और साधू-संतों को दानकर पुण्य कमाया। तमाम श्रद्धालुओं ने सत्यनारायण की कथा सुनी। तमाम श्रद्धालुओं नेे मेले में ब्राह्मण समाज आश्रम में चल रहे 11 कुंडीय यज्ञ में आहुति देने के साथ ही यज्ञशाला की परिक्रमा की। तत्पश्चात मेले का आनंद लिया। मेले में लोगों ने जरूरत की चीजों को खरीदा।
शाहजहांपुर शहर में चौक स्थित मां फूलमती मंदिर में मौनी अमावस्या पर भारी भीड़ जुटी। ग्रामीण अंचल से भी महिलाओं और पुरुषों ने आकर मां भगवती के दर्शन किए और प्रसाद चढ़ाकर मनौती मांगी। इस बीच चौक में कई भंडारे चलाए गए, जिनमें हजारों लोगों ने भोज किया।
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संतों ने किया जिला पंचायत
के कैंप कार्यालय का घेराव
मौनी अमावस्या पर्व पर भी दर्जनों संत-महात्माओं ने अपने अस्त्र-शस्त्रों के साथ जिला पंचायत के कैंप कार्यालय का घेराव कर पर्याप्त केरोसिन देने की मांग की। पचास से अधिक संतों के साथ नारेबाजी करते हुए वहां पहुंचे संत समाज के अध्यक्ष बाबा मंसुखदास ने तीन हजार संतों के लिए एक हजार लीटर तेल नाकाफी बताया। विरोध करते हुए उन्होंने इतने तेल को भी वापस ले जाने को कहा। चेतावनी दी कि यदि शीघ्र ही पर्याप्त तेल की व्यवस्था नहीं की गई तो मेले में जिला पंचायत द्वारा की जा रही प्रवेश शुल्क व तहबाजारी की वसूली बंद करवा दी जाएगी।
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संतों की नाराजगी देख जिला पंचायत के मेला इंचार्ज तुलसीराम ने फोन से संतों की एसडीएम जलालाबाद से वार्ता करवाई। मेलाध्यक्ष मंसुखदास ने बताया कि एसडीएम ने संतों की मांग को डीएम तक पहुंचाने का आश्वासन दिया है। मेले में संतों के उग्र होने की जानकारी पर एसडीएम जंगबहादुर यादव, सीओ अशोक सिंह, एसओ मिर्जापुर प्रदीप कुमार के साथ ही कलान, परौर, अल्हागंज,गढ़िया रंगीन,जलालाबाद थानों का पुलिस फोर्स मेले में पहुंच गया, तब तक संत शांत होकर जा चुके थे।
मेले में हजारों संतों और श्रद्धालुओं के लिए एक हजार लीटर केरोसिन पर्याप्त नहीं है। बीस हजार लीटर का मांग पत्र एसडीएम के माध्यम से डीएसओ को भेजा जा चुका है। संतों को धैर्य रखना चाहिए।
- पीके सक्सेना, अपर मुख्य अधिकारी, जिला पंचायत
खतरे में जिला पंचायत को खजाना
- मेला ड्यूटी पर लगे सिपाहियों का हुआ तबादला
अमर उजाला ब्यूरो
मिर्जापुर। मेले में जिला पंचायत के खजाने की सुरक्षा में तैनात एपी गार्द के चार पुलिस कर्मियों में से तीन का स्थानांतरण 14 जनवरी को हो गया है। उनके स्थान पर नए पुलिसकर्मी नहीं आए हैं। इससे मेले में जिला पंचायत का कोष असुरक्षित है। मेला इंचार्ज ने बताया कि स्थिति से पुलिस लाइंस के आरआई को स्थिति की जानकारी दे दी गई है।