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लोक संस्कृति से महका गांधी भवन
शाहजहांपुर
Updated Tue, 16 Dec 2014 11:56 PM IST
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शाहजहांपुर रंग महोत्सव का उद्घाटन सत्र विभिन्न प्रांतों की लोक कलाओं से महक उठा और सभागार में बैठे सुधी कला प्रेमी सतरंगी फुहारों से सराबोर हो उठे और मंत्रमुग्ध होकर भारत दर्शन का आनंद लेते रहे।
अखिल भारतीय नाट्य एवं शास्त्रीय तथा लोक नृत्य प्रतियोगिता का उद्घाटन होने के बाद स्थानीय बाल कलाकारों ने अपने नन्हें पैरों की चपलता से मंच को झकझोरने का काम किया, वहीं आसाम, उड़ीसा, महाराष्ट्र के कलाकारों ने शास्त्रीय संगीत पर आधारित लोक संस्कृति की ऐसी महक बिखेरी कि दर्शक सुध-बुध खो बैठे। शास्त्रीय एवं लोकनृत्य प्रतियोगिता का शुभारंभ उड़ीसा के नाट्य चक्र संस्था की कलाकार श्रद्धांजलि सड़ंगी ने बेटी की विदाई और उसकी छटपटाहट को मंच पर जीवंत कर किया। इसी कड़ी में दूसरी धमाकेदार प्रस्तुति नागपुर (महाराष्ट्र) की संस्था कला सागर ने दी। एक दर्जन से अधिक महिला-पुरुष कलाकारों ने गोधड़ नामक देव स्तुति की छटा बिखेरते हुए खूब तालियां बटोरीं।
दर्शकों ने तीसरी प्रस्तुति का आनंद भासवती आसाम के शुभम कल्चरल ग्रुप के विहू नृत्य से लिया। बाल कलाकारों ने सधे कदमों से लोक संस्कृति के दर्शन कराकर वाहवाही लूटी। निर्णायक मंडल में उड़ीसा के वरिष्ठ कलाकार डॉ. बसंत शैकिया और लखनऊ की नृत्यांगना प्रभा मौर्य शामिल रहीं।
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अखिल भारतीय नाट्य एवं शास्त्रीय तथा लोक नृत्य प्रतियोगिता का उद्घाटन होने के बाद स्थानीय बाल कलाकारों ने अपने नन्हें पैरों की चपलता से मंच को झकझोरने का काम किया, वहीं आसाम, उड़ीसा, महाराष्ट्र के कलाकारों ने शास्त्रीय संगीत पर आधारित लोक संस्कृति की ऐसी महक बिखेरी कि दर्शक सुध-बुध खो बैठे। शास्त्रीय एवं लोकनृत्य प्रतियोगिता का शुभारंभ उड़ीसा के नाट्य चक्र संस्था की कलाकार श्रद्धांजलि सड़ंगी ने बेटी की विदाई और उसकी छटपटाहट को मंच पर जीवंत कर किया। इसी कड़ी में दूसरी धमाकेदार प्रस्तुति नागपुर (महाराष्ट्र) की संस्था कला सागर ने दी। एक दर्जन से अधिक महिला-पुरुष कलाकारों ने गोधड़ नामक देव स्तुति की छटा बिखेरते हुए खूब तालियां बटोरीं।
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दर्शकों ने तीसरी प्रस्तुति का आनंद भासवती आसाम के शुभम कल्चरल ग्रुप के विहू नृत्य से लिया। बाल कलाकारों ने सधे कदमों से लोक संस्कृति के दर्शन कराकर वाहवाही लूटी। निर्णायक मंडल में उड़ीसा के वरिष्ठ कलाकार डॉ. बसंत शैकिया और लखनऊ की नृत्यांगना प्रभा मौर्य शामिल रहीं।
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