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महिला ट्रैकमैन ने लगाया एसएसई रेलपथ पर प्रताड़ना का आरोप

Fri, 03 Apr 2015 12:11 AM IST
शाहजहांपुर
शाहजहांपुर Updated Fri, 03 Apr 2015 12:11 AM IST
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SSE 's put female Trakman Allegations of torture on track
सीनियर सेक्शन इंजीनियर (रेलपथ) पर एक महिला ट्रैकमैन ने शोषण का आरोप लगाया है। उसका कहना है कि वह उसे काफी दिनों ने मानसिक प्रताड़ना दे रहे हैं। महिला ने गुरुवार को रेलवे स्टेशन पर जमकर हंगामा किया। तमाम कर्मचारी भी महिला के साथ थे। मौके पर पहुंचे रेलवे के एईएन और एसएसई ने महिला को समझाकर किसी तरह घर भेजा।
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ट्रैकमैन जौहर वानो ने बताया कि वह आईओडब्ल्यू कार्यालय में डिस्पैच आदि का कार्य करती थीं। अब उन्हें वहां से हटाकर एसएसई लालजी मौर्य के अंडर में काम करने पर लगा दिया गया है। आरोप है कि मौर्य उसे बेवजह परेशान करते हैें। जौहर ने कहा कि 21 मार्च को किसी कर्मचारी का बैग चोरी हो गया था। इस पर मौर्य ने उसके आधे दिन की अनुपस्थिति लगा दी। इस मामले की शिकायत एईएन केके शर्मा से की तो उन्होंने देख लेने की बात कहकर टाल दिया। 27 मार्च को वह मुरादाबाद डाक लेकर गई थी, लेकिन उसे अनुपस्थित कर दिया गया।
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जौहर का कहना है कि प्रताड़ना स्वरूप उसकी ड्यूटी उरमू शाखा कार्यालय के पास स्थित पुराने स्टोर रूम पर लगाई गई है। उसने बताया कि वहां पर कार्य करने में उसे खतरा है। साथ ही स्टोर रूम की चाबी सुबह लेने और शाम को देने के लिए मौर्य के घर जाना पड़ता है। उसके मुताबिक घर जाने में उसके साथ किसी प्रकार की अप्रिय घटना हो सकती है। वानो के मुताबिक एसएसई मौर्य ने उसे अपने कार्यालय में काम करने से मना कर दिया है। इस पर एईएन ने उसे लाइन सही करने की ड्यूटी करने को कहा है, जबकि कई पुरुष ट्रैकमैन अधिकारियों के कार्यालयों में नौकरी और घरों में चाकरी कर रहे हैं।
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ये नार्दर्न रेलवे की दो यूनियनों का टकराव तो नहीं?
शहर के रेलवे स्टेशन पर रेलवे की तीन यूनियन प्रभावशाली हैं। विभागीय सूत्रों के मुताबिक दो यूनियनों में अंदरूनी संघर्ष चलता रहता है। यह सब अपने-अपने संगठन को सबसे मजबूत बनाने के लिए किया जा रहा है। कहीं इसी संघर्ष की वजह से तो ये मामला नहीं उठाया गया? ये बात भी कई रेलकर्मियों की जुबान पर तो हैं, लेकिन खुले तौर पर कहने से बच रहे हैं।
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