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बेरोजगारी में पत्नी ने साथ छोड़ा तो गटक लिया जहर
Updated Sun, 21 Jan 2018 05:44 PM IST
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शाहजहांपुर। अतिक्रमण हटाओ अभियान में धंधा चौपट होने पर पैदा हुई आर्थिक समस्या के दौरान पत्नी के साथ छोड़कर चले जाने से तनाव में आए दुकानदार ने जहरीला पदार्थ पी लिया। शनिवार देर शाम उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां उसकी हालत में सुधार है।
जिला अस्पताल में थाना सदर बाजार क्षेत्र के मोहल्ला गदियाना निवासी 45 वर्षीय जितेंद्र कुमार ने बताया कि वह रोडवेज बस स्टैंड से स्टेशन को जाने वाली रोड के किनारे फुटपाथ पर दुकान लगाकर बेल्ट और चश्मा बेच कर घर का खर्च चलाता था। तीन जनवरी को अतिक्रमण हटाओ अभियान में उसकी भी दुकान हटा दी गई। इससे वह इन दिनों बेरोजगार था। बेटी की शादी को कुछ माह पहले एक लाख का कर्जा लिया था। उसके निपटाने का भी तनाव था। 17 जनवरी को पत्नी कृष्णा अपने मायके मोहल्ला बाड़ूजई प्रथम से लौटकर आई तो उससे मामूली बात पर विवाद हो गया। उसने तैश में आकर पत्नी को एक थप्पड़ जड़ दिया। इसके बाद पत्नी उसे छोड़कर 17 वर्षीय बेटे पंकज को साथ लेकर फिर से मायके चली गई। बाद में उसके खिलाफ अशफाकनगर चौकी पुलिस को तहरीर दे दी कि पति उसे पीटता है। इस बात से वह तनाव में आकर उसने शनिवार शाम 4:30 बजे कोई जहरीला पदार्थ घोलकर पी लिया। हालत बिगड़ने पर पड़ोसियों ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया। खबर सुनकर यहां पत्नी आई तो उसने अपनी गलती की माफी भी मांगी, लेकिन जब उसने हालत में सुधार देखा तो वह बिना कुछ कहे फिर से चली गई। हालांकि अब वह अपने किए पर पछता रहा है।
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जिला अस्पताल में थाना सदर बाजार क्षेत्र के मोहल्ला गदियाना निवासी 45 वर्षीय जितेंद्र कुमार ने बताया कि वह रोडवेज बस स्टैंड से स्टेशन को जाने वाली रोड के किनारे फुटपाथ पर दुकान लगाकर बेल्ट और चश्मा बेच कर घर का खर्च चलाता था। तीन जनवरी को अतिक्रमण हटाओ अभियान में उसकी भी दुकान हटा दी गई। इससे वह इन दिनों बेरोजगार था। बेटी की शादी को कुछ माह पहले एक लाख का कर्जा लिया था। उसके निपटाने का भी तनाव था। 17 जनवरी को पत्नी कृष्णा अपने मायके मोहल्ला बाड़ूजई प्रथम से लौटकर आई तो उससे मामूली बात पर विवाद हो गया। उसने तैश में आकर पत्नी को एक थप्पड़ जड़ दिया। इसके बाद पत्नी उसे छोड़कर 17 वर्षीय बेटे पंकज को साथ लेकर फिर से मायके चली गई। बाद में उसके खिलाफ अशफाकनगर चौकी पुलिस को तहरीर दे दी कि पति उसे पीटता है। इस बात से वह तनाव में आकर उसने शनिवार शाम 4:30 बजे कोई जहरीला पदार्थ घोलकर पी लिया। हालत बिगड़ने पर पड़ोसियों ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया। खबर सुनकर यहां पत्नी आई तो उसने अपनी गलती की माफी भी मांगी, लेकिन जब उसने हालत में सुधार देखा तो वह बिना कुछ कहे फिर से चली गई। हालांकि अब वह अपने किए पर पछता रहा है।
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