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Shahjahanpur News: भाइयों की चमकेगी कलाई, बहनों को भा रही चांदी की राखियां
Sun, 18 Aug 2024 03:10 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
Updated Sun, 18 Aug 2024 03:10 AM IST
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सदर बाजार में स्थित एक दुकान पर राखी खरीदतीं महिलाएं। संवाद
शाहजहांपुर। रक्षाबंधन का पर्व सोमवार को मनाया जाएगा। इसको लेकर शहर व ग्रामीण क्षेत्र के बाजारों में राखियों की दुकानें सज गईं हैं। इनमें रेशम के धागे के साथ ही चांदी की राखियां भी शामिल हैं। चांदी की राखी बहनों की पसंद बनी हुई हैं।
बाजारों में सड़क के किनारे दुकानदारों ने राखियों की दुकानें सजा ली हैं। इन दुकानों पर रेशम और सूत के धागे की राखियां उपलब्ध हैं। बहनें जहां अपने भाइयों के लिए भगवान गणेश, कन्हैया, श्याम बाबा की तस्वीर, ओम नम: शिवाय, जय माता दी, प्यारे भइया, हैप्पी रक्षाबंधन लिखी राखियां खरीद रहीं हैं। इसके साथ ही मोतियों से पिरोई राखियां भी उनकी पसंद हैं। बच्चों को डोरेमॉन, छोटा भीम जैसे कार्टून वाली राखियां खूब भा रही हैं।
शेरों वाले मंदिर के पास थोक विक्रेता कपिल ने बताया कि उनके पास से महीनेभर पहले से दुकानदार राखियां खरीदने लगते हैं। सदर बाजार में सड़क किनारे दुकान लगाने वाले मोनू ने बताया कि पांच रुपये से लेकर 500 रुपये तक की राखी उपलब्ध हैं। पिछले साल की अपेक्षा इस बार 10 प्रतिशत महंगाई बढ़ी है। त्योहार की वजह से राखियों की खरीद पर कोई असर नहीं पड़ा है। सराफा व्यापारी विनीत गुप्ता ने बताया कि नई डिजाइन में चांदी की राखियां आई हैं, जोकि 150 से 1500 रुपये तक उपलब्ध हैं। इनकी खूब खरीदारी हो रही है।
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भद्रा का साया, दोपहर डेढ़ बजे के बाद शुभ मुहूर्त
शाहजहांपुर। इस वर्ष रक्षाबंधन पर भद्रा का साया रहेगा। चौक स्थित दुर्गा माता मंदिर के पुजारी अरुण कुमार शुक्ल ने बताया कि भद्रा 18 अगस्त को रात 1:21 बजे से शुरू होकर 19 अगस्त को दोपहर 1:25 तक रहेगी। राखी बांधने का शुभ मुहूर्त 19 अगस्त को दोपहर 1:25 के बाद से लेकर रात 9:07 तक रहेगा।
बताया कि शास्त्रीय मत के अनुसार भद्राकाल में होलिका दहन और रक्षाबंधन के दिन राखी नहीं बांधी जा सकती है। बताया कि राखी बांधने के लिए सबसे पहले थाली में रोली, अक्षत मिठाई और राखी रख लें। भाई की दाहिनी कलाई पर राखी बांधें, क्योंकि इस हाथ में राखी बांधना शुभ होता है। फिर मिठाई खिलाएं। अब सुख-समृद्धि की कामना करते हुए भाई की आरती उतारें। इस दौरान भाई को बहनों के चरण स्पर्श करने चाहिए। ऐसा करना बेहद शुभ होता है। संवाद
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बाजारों में सड़क के किनारे दुकानदारों ने राखियों की दुकानें सजा ली हैं। इन दुकानों पर रेशम और सूत के धागे की राखियां उपलब्ध हैं। बहनें जहां अपने भाइयों के लिए भगवान गणेश, कन्हैया, श्याम बाबा की तस्वीर, ओम नम: शिवाय, जय माता दी, प्यारे भइया, हैप्पी रक्षाबंधन लिखी राखियां खरीद रहीं हैं। इसके साथ ही मोतियों से पिरोई राखियां भी उनकी पसंद हैं। बच्चों को डोरेमॉन, छोटा भीम जैसे कार्टून वाली राखियां खूब भा रही हैं।
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शेरों वाले मंदिर के पास थोक विक्रेता कपिल ने बताया कि उनके पास से महीनेभर पहले से दुकानदार राखियां खरीदने लगते हैं। सदर बाजार में सड़क किनारे दुकान लगाने वाले मोनू ने बताया कि पांच रुपये से लेकर 500 रुपये तक की राखी उपलब्ध हैं। पिछले साल की अपेक्षा इस बार 10 प्रतिशत महंगाई बढ़ी है। त्योहार की वजह से राखियों की खरीद पर कोई असर नहीं पड़ा है। सराफा व्यापारी विनीत गुप्ता ने बताया कि नई डिजाइन में चांदी की राखियां आई हैं, जोकि 150 से 1500 रुपये तक उपलब्ध हैं। इनकी खूब खरीदारी हो रही है।
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भद्रा का साया, दोपहर डेढ़ बजे के बाद शुभ मुहूर्त
शाहजहांपुर। इस वर्ष रक्षाबंधन पर भद्रा का साया रहेगा। चौक स्थित दुर्गा माता मंदिर के पुजारी अरुण कुमार शुक्ल ने बताया कि भद्रा 18 अगस्त को रात 1:21 बजे से शुरू होकर 19 अगस्त को दोपहर 1:25 तक रहेगी। राखी बांधने का शुभ मुहूर्त 19 अगस्त को दोपहर 1:25 के बाद से लेकर रात 9:07 तक रहेगा।
बताया कि शास्त्रीय मत के अनुसार भद्राकाल में होलिका दहन और रक्षाबंधन के दिन राखी नहीं बांधी जा सकती है। बताया कि राखी बांधने के लिए सबसे पहले थाली में रोली, अक्षत मिठाई और राखी रख लें। भाई की दाहिनी कलाई पर राखी बांधें, क्योंकि इस हाथ में राखी बांधना शुभ होता है। फिर मिठाई खिलाएं। अब सुख-समृद्धि की कामना करते हुए भाई की आरती उतारें। इस दौरान भाई को बहनों के चरण स्पर्श करने चाहिए। ऐसा करना बेहद शुभ होता है। संवाद

सदर बाजार में स्थित एक दुकान पर राखी खरीदतीं महिलाएं। संवाद