फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Shahjahanpur News ›   सीबीआई ने मनरेगा घोटालों की जांच का प्रारूप बदला

सीबीआई ने मनरेगा घोटालों की जांच का प्रारूप बदला

Mon, 20 Oct 2014 05:34 AM IST
Shahjahanpur
Shahjahanpur Updated Mon, 20 Oct 2014 05:34 AM IST
विज्ञापन
एसपी डी कुमार ने वांछित बिंदुओं का भेजा विवरण
विज्ञापन

- जांच के दायरे में आए ज्यादा धनराशि लेने वाले गांव
- कई चार्ज संभाले पंचायत सचिवों की भी होगी जांच
अनूप वाजपेयी
शाहजहांपुर। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने मनरेगा योजना के तहत विभिन्न गांवों में हुए विकास और निर्माण कार्यों से संबंधित घोटालों की जांच का प्रारूप बदल दिया है। सड़क निर्माण, तालाब खुदाई, पौधरोपण आदि कामों में हुई अनियमितताओं की प्रशासनिक जांच का जो विवरण सीबीआई राज्य मुख्यालय भेजा गया, उसे खारिज कर दिया गया है। सीबीआई के एसपी ने नियत प्रारूप भेजकर उसी के अनुसार विभिन्न कार्यों का ब्योरा दोबारा तलब किया है।
गत सितंबर माह में सीबीआई लखनऊ मुख्यालय को वित्त वर्ष 2007-08, 08-09 और 2009-10 में मनरेगा के तहत कराए गए कामों का विवरण भेजा गया था। इसी दौरान हाईकोर्ट में दायर हुई रिट का संज्ञान लेते हुए सीबीआई ने वित्त वर्ष 11-12, 12-13 और 2013-14 के कामों का विवरण भ्ी तलब कर लिया। इस पर तत्कालीन उपायुक्त (मनरेगा) संतोष पांडेय ने खुटार ब्लॉक के हरिहरपुर गांव में मनरेगा के कामों में हुई गड़बड़ियों समेत पीडब्ल्यूडी और वन विभाग द्वारा नियम विरुद्घ तरीके से करोड़ों की धनराशि आहरित कर कराए गए कामों का चिट्ठा भेजा था। अब सीबीआई राज्य मुख्यालय के एसपी डी कुमार ने नियत प्रारूप पर विस्तार से सारी सूचनाएं मांगी हैं।
विज्ञापन



सीबीआई जांच के दायरे
में शामिल प्रमुख बिंदु
0 किन कामों के लिए धनराशि जारी की गई।
0 किस ग्राम पंचायत को कितनी धनराशि दी गई।
0 तालाब खुदाई समेत निर्माण कार्यों की लोकेशन।
0 उन ग्राम पंचायतों की सूची जिन्हें मनरेगा के तहत अन्य ग्राम पंचायतों की तुलना में अधिक धनराशि आहरित कराई गई।
0 उन सभी पंचायत सचिवों की सूची जो आधा दर्जन और इससे अधिक ग्राम पंचायतों का कार्यभार लंबे समय से संभाले हुए हैं।


प्रमुख सचिव से शिकायत करेंगे उपायुक्त
मनरेगा से जुड़े भ्रष्टाचार उजागर करने और कई विभागों के कार्य प्रस्तावों पर रोक लगाकर जिले के अफसरों की आंख की किरकिरी बने मनरेगा उपायुक्त संतोष पांडेय ने खुद को मंडलायुक्त कार्यालय से संबद्घ किए जाने पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि सही काम करने पर भी जिले से हटा दिए जाने की शिकायत विभाग के प्रमुख सचिव से करेंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed