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Sant Kabir Nagar News: शहर में कम हुए ऑटो और ई-रिक्शा तो थम गया जाम
Mon, 14 Apr 2025 11:06 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
Updated Mon, 14 Apr 2025 11:06 PM IST
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मेंहदावल बाईपास पर अब इक्का दुक्का ही दिख रहे ई रिक्शा, यात्रियों को करना पड़ रहा इंतजार
संतकबीरनगर। शासन के निर्देश पर यातायात व संभागीय परिवहन विभाग लगातार अभियान चला रहा है। अवैध रूप से चलने वाले ऑटो व ई-रिक्शा सीज किए जा रहे हैं। गैर जनपद में पंजीकृत ऑटो व ई-रिक्शा पर रोक लगने से शहर में इनकी संख्या में कमी आई है। इससे यात्रियों को आने जाने में थोड़ी दिक्कत हुई है, लेकिन शहर में जाम की समस्या से निजात मिली है।
यातायात व संभागीय परिवहन निगम ने शहर में अवैध रूप से चलने वाले ऑटो व ई-रिक्शा चालकों पर अंकुश लगाने के लिए अभियान चलाया है। इसके लिए जिले से पंजीकृत वाहनों के लिए रूट तय किए गए हैं। दूसरी तरफ गोरखपुर व बस्ती से पंजीकृत जो ऑटो व ई-रिक्शा यहां आ रहे हैं, उन्हें इस बात की सख्त हिदायत दी जा रही है कि वाहन अपने क्षेत्र में ही चलाएं। अप्रैल माह में कागजात की कमी के चलते 28 ई-रिक्शा व ऑटो को सीज और 35 वाहनों का चालान किया गया।
इधर यातायात पुलिस व संभागीय परिवहन निगम की सख्ती के चलते अब शहर में ऑटो व ई-रिक्शा की संख्या कम होने लगी है। इससे लोगों को एक स्थान से दूसरे स्थान पर आने- जाने के लिए परेशान होना पड़ रहा है। हालांकि इससे शहर में जाम की समस्या से काफी हद तक राहत मिली है। इसकी वजह यह है कि ई-रिक्शा व ऑटो मनमाने ढंग से कहीं पर भी खड़े होकर सवारियां भरते हैं।
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यातायात व संभागीय परिवहन निगम ने शहर में अवैध रूप से चलने वाले ऑटो व ई-रिक्शा चालकों पर अंकुश लगाने के लिए अभियान चलाया है। इसके लिए जिले से पंजीकृत वाहनों के लिए रूट तय किए गए हैं। दूसरी तरफ गोरखपुर व बस्ती से पंजीकृत जो ऑटो व ई-रिक्शा यहां आ रहे हैं, उन्हें इस बात की सख्त हिदायत दी जा रही है कि वाहन अपने क्षेत्र में ही चलाएं। अप्रैल माह में कागजात की कमी के चलते 28 ई-रिक्शा व ऑटो को सीज और 35 वाहनों का चालान किया गया।
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इधर यातायात पुलिस व संभागीय परिवहन निगम की सख्ती के चलते अब शहर में ऑटो व ई-रिक्शा की संख्या कम होने लगी है। इससे लोगों को एक स्थान से दूसरे स्थान पर आने- जाने के लिए परेशान होना पड़ रहा है। हालांकि इससे शहर में जाम की समस्या से काफी हद तक राहत मिली है। इसकी वजह यह है कि ई-रिक्शा व ऑटो मनमाने ढंग से कहीं पर भी खड़े होकर सवारियां भरते हैं।
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