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Sant Kabir Nagar News: सीएचसी सेमरियावां के प्रसव कक्ष में दस दिन से जलापूर्ति ठप
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सीएचसी सेमरियावां में पानी के लिए परेशान महिलाएं-संवाद
सेमरियावां। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में अव्यवस्था का बोलबाला है। अस्पताल का आलम यह है कि दस दिन से लेबर रूम (प्रसव कक्ष) ऑपरेशन थियेटर में जलापूर्ति न होने से प्रसूताओं, नवजात शिशुओं और तीमारदारों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। पानी न होने से ड्यूटी पर तैनात नर्सों और स्टाफ को भी हाथ धोने या साफ-सफाई के लिए बाहर से पानी लाना पड़ रहा है।
स्वच्छ पानी की कमी से स्वच्छता बनाए रखना मुश्किल हो रहा है, जिससे संक्रमण का खतरा बढ़ गया है (प्रसव कक्ष और आपरेशन थियेटर पानी न होने से साफ-सफाई का गंभीर संकट है, जिससे मरीजों की सुरक्षा खतरे में है (जिम्मेदार सबकुछ जानकर अनजान बने हुए हैं। 30 शैय्या वाले सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सेमरियावां में इलाज के लिए जनपद के सेमरियावां ब्लॉक के साथ ही आंशिक रूप से बघौली, बेलहर कला, सांथा, बस्ती जनपद के साऊंघाट, रुधौली ब्लाॅक के गांवों के लोग आते हैं।
सीएचसी सेमरियावां पर पांच लाख से अधिक जनसंख्या इलाज के लिए आश्रित है। सरकार प्रधानमंत्री जननी सुरक्षा योजना चला रही है। इस योजना का उद्देश्य है कि संस्थागत प्रसव का ग्राफ बढ़े। योजना का दूसरा बड़ा उद्देश्य संस्थागत प्रसव को बढ़ावा देने के साथ ही मातृ-शिशु मृत्यु दर में कमी लाना है। अस्पताल की व्यवस्था से संस्थागत प्रसव में बाधा उत्पन्न कर रही है। अस्पताल के प्रसव कक्ष व आपरेशन थियेटर में दस दिन से पानी सप्लाई नही है। मरीजों को तीमारदार को बाहर से पानी लाना पड़ रहा है। जिम्मेदार सबकुछ जानते हुए भी अनजान बने हुए हैं।
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क्षेत्र के अली अहमद, इरशाद अहमद, शोएब, जावेद अहमद, मौलाना अकरम आदि ने बताया कि अस्पताल में पानी की सप्लाई न होना एक गंभीर स्थिति है, जो मरीजों की सुरक्षा और चिकित्सा सेवाओं जैसे ऑपरेशन, सफाई, हाथ धोना को प्रभावित करती है।
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दो दिन पहले अस्पताल के पिछले हिस्से में पानी आपूर्ति का पाइप टूट गया है, जिससे पानी सप्लाई बाधित है। प्लंबर को बुलाया गया है। जल्द ही सप्लाई ठीक हो जाएगी।
-डाॅ. सुरेश चंद्र, अधीक्षक, सीएचसी सेमरियावां
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स्वच्छ पानी की कमी से स्वच्छता बनाए रखना मुश्किल हो रहा है, जिससे संक्रमण का खतरा बढ़ गया है (प्रसव कक्ष और आपरेशन थियेटर पानी न होने से साफ-सफाई का गंभीर संकट है, जिससे मरीजों की सुरक्षा खतरे में है (जिम्मेदार सबकुछ जानकर अनजान बने हुए हैं। 30 शैय्या वाले सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सेमरियावां में इलाज के लिए जनपद के सेमरियावां ब्लॉक के साथ ही आंशिक रूप से बघौली, बेलहर कला, सांथा, बस्ती जनपद के साऊंघाट, रुधौली ब्लाॅक के गांवों के लोग आते हैं।
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सीएचसी सेमरियावां पर पांच लाख से अधिक जनसंख्या इलाज के लिए आश्रित है। सरकार प्रधानमंत्री जननी सुरक्षा योजना चला रही है। इस योजना का उद्देश्य है कि संस्थागत प्रसव का ग्राफ बढ़े। योजना का दूसरा बड़ा उद्देश्य संस्थागत प्रसव को बढ़ावा देने के साथ ही मातृ-शिशु मृत्यु दर में कमी लाना है। अस्पताल की व्यवस्था से संस्थागत प्रसव में बाधा उत्पन्न कर रही है। अस्पताल के प्रसव कक्ष व आपरेशन थियेटर में दस दिन से पानी सप्लाई नही है। मरीजों को तीमारदार को बाहर से पानी लाना पड़ रहा है। जिम्मेदार सबकुछ जानते हुए भी अनजान बने हुए हैं।
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क्षेत्र के अली अहमद, इरशाद अहमद, शोएब, जावेद अहमद, मौलाना अकरम आदि ने बताया कि अस्पताल में पानी की सप्लाई न होना एक गंभीर स्थिति है, जो मरीजों की सुरक्षा और चिकित्सा सेवाओं जैसे ऑपरेशन, सफाई, हाथ धोना को प्रभावित करती है।
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दो दिन पहले अस्पताल के पिछले हिस्से में पानी आपूर्ति का पाइप टूट गया है, जिससे पानी सप्लाई बाधित है। प्लंबर को बुलाया गया है। जल्द ही सप्लाई ठीक हो जाएगी।
-डाॅ. सुरेश चंद्र, अधीक्षक, सीएचसी सेमरियावां