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दंगे से निपटने के गुर सिखाए
Sant Kabir Nagar
Updated Sun, 21 May 2017 11:23 PM IST
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पुलिस लाइन में पुलिस कर्मियों को प्रशिक्षण देते एसपी।
- फोटो : अमर उजाला
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आंतकवाद विरोधी दिवस पर रविवार को एसपी हेमराज मीणा ने पुलिस लाइन परिसर में मातहतों को पहले आतंकवाद से लड़ने की शपथ दिलाई। उसके बाद दंगा नियंत्रण का अभ्यास कराया। जिसमें बलवा ड्रिल में पुलिस कर्मियों को विभिन्न हथियारों के प्रयोग करने के तरीके बताने के साथ दंगाइयों से निपटने के गुर सिखाएं गए।
एसपी हेमराज मीणा ने अभ्यास शुरू होने से पहले की पुलिस कर्मियों को सतर्क कर दिया कि पूरी तन्मयता के साथ अभ्यास करें। उसके बाद दंगा नियंत्रण की मॉक ड्रिल की शुरूआत कराई। इस दौरान दंगा निरोधी हथियारों के प्रयोग की जानकारी भी दी गई। जिसमें आंसू गैस के गोले को किस तरह से फेंका जाए कि वह अधिक प्रभावी हो। इसके साथ ही इस बात की जानकारी दी गई कि आंसू गैस के गोले व मिर्ची बम आदि को फेंकने से पहले हवा के रुख को भी ध्यान में रखा जाए। कहीं ऐसा न हो कि आंसू गैस के गोलों से निकला धुंआ हवा के रुख के चलते फेंकने वाले के ऊ परी ही न प्रभावी हो जाए।
पुलिस कर्मियों को जानकारी दी गई कि हाथ से गोला फेंकने के साथ ही साथ बंदूक से गोला फेंकने के लिए कितने अंश के कोण पर इनको फेंका जाए कि वे दूर तक जाएं। फेंकने से पहले उनकी पिन को किस तरह से निकाला जाए। साथ ही साथ पिन निकलने के कितने समय के अंदर उसको भीड़ के ऊपर फेंक दिया जाए। रबर बुलेट का प्रयोग किस तरह से किया जाए। साथ ही साथ छापामार नीति से दंगाइयों से निपटने के तरीके भी बताए गए।
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इस दौरान एएसपी अशोक कुमार वर्मा, सीओ उत्तम सिंह, सीओ प्रमोद कुमार सिंह, सीओ सुरेंद्र सिंह, आरआई अशोक सिंह, कोतवाली प्रभारी ईश्वरचंद्र प्रधान, महुली एसओ अनिल सिंह, मेंहदावल एसओ संतोष तिवारी, धर्मसिंहवा एसओ प्रदीप सिंह, बखिरा एसओ रामभवन यादव, दुधारा एसओ मनोज त्रिपाठी, महिला थाना एसओ अनीता यादव और एलआइयू इंस्पेक्टर त्रिलोचन त्रिपाठी आदि पुलिस कर्मी उपस्थित रहे।
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एसपी हेमराज मीणा ने अभ्यास शुरू होने से पहले की पुलिस कर्मियों को सतर्क कर दिया कि पूरी तन्मयता के साथ अभ्यास करें। उसके बाद दंगा नियंत्रण की मॉक ड्रिल की शुरूआत कराई। इस दौरान दंगा निरोधी हथियारों के प्रयोग की जानकारी भी दी गई। जिसमें आंसू गैस के गोले को किस तरह से फेंका जाए कि वह अधिक प्रभावी हो। इसके साथ ही इस बात की जानकारी दी गई कि आंसू गैस के गोले व मिर्ची बम आदि को फेंकने से पहले हवा के रुख को भी ध्यान में रखा जाए। कहीं ऐसा न हो कि आंसू गैस के गोलों से निकला धुंआ हवा के रुख के चलते फेंकने वाले के ऊ परी ही न प्रभावी हो जाए।
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पुलिस कर्मियों को जानकारी दी गई कि हाथ से गोला फेंकने के साथ ही साथ बंदूक से गोला फेंकने के लिए कितने अंश के कोण पर इनको फेंका जाए कि वे दूर तक जाएं। फेंकने से पहले उनकी पिन को किस तरह से निकाला जाए। साथ ही साथ पिन निकलने के कितने समय के अंदर उसको भीड़ के ऊपर फेंक दिया जाए। रबर बुलेट का प्रयोग किस तरह से किया जाए। साथ ही साथ छापामार नीति से दंगाइयों से निपटने के तरीके भी बताए गए।
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इस दौरान एएसपी अशोक कुमार वर्मा, सीओ उत्तम सिंह, सीओ प्रमोद कुमार सिंह, सीओ सुरेंद्र सिंह, आरआई अशोक सिंह, कोतवाली प्रभारी ईश्वरचंद्र प्रधान, महुली एसओ अनिल सिंह, मेंहदावल एसओ संतोष तिवारी, धर्मसिंहवा एसओ प्रदीप सिंह, बखिरा एसओ रामभवन यादव, दुधारा एसओ मनोज त्रिपाठी, महिला थाना एसओ अनीता यादव और एलआइयू इंस्पेक्टर त्रिलोचन त्रिपाठी आदि पुलिस कर्मी उपस्थित रहे।