{"_id":"67d9b64f0d139965ad04c778","slug":"silence-at-wheat-procurement-centers-on-the-second-day-as-well-khalilabad-news-c-209-1-sgkp1040-130023-2025-03-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sant Kabir Nagar News: गेहूं क्रय केंद्रों पर दूसरे दिन भी सन्नाटा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sant Kabir Nagar News: गेहूं क्रय केंद्रों पर दूसरे दिन भी सन्नाटा
विज्ञापन
नवीन मंडी में बना गेंहू क्रय केंद्र
संतकबीरनगर। जिले भर में बनाए गए गेहूं क्रय केंद्रों पर मंगलवार को सन्नाटा पसरा रहा। किसी केंद्र पर कोई किसान अपना गेहूं बेचने नहीं आया। क्रय केंद्र प्रभारी पूरे दिन किसानों का इंतजार करते रहे।
डीएम महेंद्र सिंह तंवर की स्वीकृति से 48 क्रय केंद्र स्थापित किए गए हैं। अब तक 2,600 किसानों ने गेहूं विक्रय के लिए पंजीकरण करवाया है। क्रय केंद्रों पर 17 मार्च से 15 जून तक गेंहू खरीद की जानी है। खाद्य एवं विपणन विभाग ने 48 गेहूं क्रय केंद्र स्थापित किए हैं। गेंहू विक्रय के लिए 2,600 किसानों ने अब तक पंजीकरण करा लिया है।
सभी किसानों का सत्यापन किया जा चुका है। जनपद में दो तिहाई से अधिक क्षेत्रों में धान की कटाई के बाद ही गेहूं की बोआई की जाती है। किसानों के खेत में अभी तक गेहूं की फसल लगभग तैयार है। अभी किसान अपनी फसल की कटाई नहीं कर सके हैं।
विज्ञापन
दूसरे दिन क्रय केंद्रों पर बैनर लगे मिले, पेयजल व छाया की व्यवस्था के साथ ही आवश्यकतानुसार गेहूं से धूल अलग किए जाने के लिए चलनी व पंखे का भी इंतजाम किया गया था। बावजूद इसके एक भी किसान गेहूं क्रय केंद्र पर नहीं पहुंचा। इस बार सरकार ने गेंहू का समर्थन मूल्य 2,425 रुपये प्रति क्विंटल तय किया है।
विज्ञापन
डीएम महेंद्र सिंह तंवर की स्वीकृति से 48 क्रय केंद्र स्थापित किए गए हैं। अब तक 2,600 किसानों ने गेहूं विक्रय के लिए पंजीकरण करवाया है। क्रय केंद्रों पर 17 मार्च से 15 जून तक गेंहू खरीद की जानी है। खाद्य एवं विपणन विभाग ने 48 गेहूं क्रय केंद्र स्थापित किए हैं। गेंहू विक्रय के लिए 2,600 किसानों ने अब तक पंजीकरण करा लिया है।
विज्ञापन
सभी किसानों का सत्यापन किया जा चुका है। जनपद में दो तिहाई से अधिक क्षेत्रों में धान की कटाई के बाद ही गेहूं की बोआई की जाती है। किसानों के खेत में अभी तक गेहूं की फसल लगभग तैयार है। अभी किसान अपनी फसल की कटाई नहीं कर सके हैं।
विज्ञापन
दूसरे दिन क्रय केंद्रों पर बैनर लगे मिले, पेयजल व छाया की व्यवस्था के साथ ही आवश्यकतानुसार गेहूं से धूल अलग किए जाने के लिए चलनी व पंखे का भी इंतजाम किया गया था। बावजूद इसके एक भी किसान गेहूं क्रय केंद्र पर नहीं पहुंचा। इस बार सरकार ने गेंहू का समर्थन मूल्य 2,425 रुपये प्रति क्विंटल तय किया है।