फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sant Kabir Nagar News ›   Madrasa demolition: Ordinary JCBs fail, modern machines brought from Gorakhpur

मदरसा ध्वस्तीकरण : फेल हो गईं सामान्य जेसीबी, गोरखपुर से मंगाई गई आधुनिक मशीन

Tue, 28 Apr 2026 12:37 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Tue, 28 Apr 2026 12:37 AM IST
विज्ञापन
Madrasa demolition: Ordinary JCBs fail, modern machines brought from Gorakhpur
ब्रिटिश मौलाना का ढहाया गया मदरसा। संवाद
संतकबीरनगर। विदेशी फंडिंग और पाकिस्तानी कनेक्शन के आरोपी ब्रिटिश मौलाना शमशुल हुदा खान के खलीलाबाद शहर के मोतीनगर मोहल्ला स्थित मदरसा कुल्लियातुल बनातिर रजविया के ध्वस्तीकरण की कार्रवाई सोमवार को दूसरे दिन भी जारी रही। किलेनुमा बने मदरसे को तोड़ने में प्रशासन को काफी मशक्कत करनी पड़ रही है। मदरसे के आसपास पुलिस और प्रशासन का सख्त पहरा है। ध्वस्तीकरण के कार्य में लगी सामान्य जेसीबी के फेल होने के बाद गोरखपुर से आधुनिक मशीन जिला प्रशासन को मंगवानी पड़ी। हालांकि दोपहर करीब 12:00 बजे तक काम चलने के बाद कार्रवाई रोक दी गई।
विज्ञापन

मदरसा निर्माण के दौरान प्रबंधतंत्र ने काफी लंबी और मजबूत तैयारी की थी। इस मदरसा भवन में बड़े एवं मोटे बीम तैयार किए गए थे। रविवार को दिन में 10 बजे के आसपास पांच जेसीबी मशीनों के साथ अधिकारियों ने पहुंचकर ध्वस्तीकरण का कार्य शुरू कराया। जेसीबी मशीन ध्वस्तीकरण के कार्य को पूरा नहीं कर सकीं। इसके बाद शाम को कुछ पोकलैंड मशीनों को भी बुलाकर मदरसा गिरने के लिए लगाया गया।
विज्ञापन

जिला प्रशासन की देखरेख में भारी सुरक्षा व्यवस्था के बीच रात करीब 11 बजे तक मदरसा ध्वस्तीकरण का कार्य जारी रखा। इसके बाद भी काम पूरा नहीं हो सका। इस बीच कुछ मशीनों के खराब होने की भी बात सामने आई। सोमवार को दूसरे दिन 4 जेसीबी मशीन और एक पोकलैंड ने मदरसा ध्वस्तीकरण का कार्य सुबह लगभग 9:30 के आसपास शुरू किया। दिन में करीब 12 बजे तक ध्वस्तीकरण का कार्य जारी रहा। इसके बाद उसे रोक दिया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन

-------------
हेलीपैड बनाने की थी तैयारी
जानकारों के मुताबिक मदरसा भवन के ऊपर हेलीपैड बनाने की भी तैयारी चल रही थी, इसकी सुगबुहाट भी काफी तेज है। इसके वजह से मदरसा भवन को इतना मजबूत बनाया गया था। अब इसे तोड़ने में जिला प्रशासन को मशक्कत करनी पड़ रही है। ध्वस्तीकरण कार्य शुरू होने के 24 घंटे बीतने के बाद भी मदरसा पूरी तरह से गिराया नहीं जा सका है।
--------------
कोट
मदरसा ध्वस्तीकरण के कार्य को उच्चाधिकारियों के आदेश पर रोक दिया गया है। आगे जैसा निर्देश होगा उसके अनुरूप कार्रवाई की जाएगी।
-हृदय राम त्रिपाठी, एसडीएम, खलीलाबाद
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed