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बॉ की छात्राएं साइकिल चलाने में होंगी दक्ष
पुनीत कुमार मिश्र/अमर उजाला संतकबीरनगर
Updated Thu, 21 Apr 2016 11:26 PM IST
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कस्तूूरबा स्कूल
- फोटो : अंबरीश मिश्रा
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संतकबीरनगर। कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय की छात्राएं अब साइकिल चलाने में दक्ष होंगी। इसके लिए जिलाधिकारी ने कस्तूरबा विद्यालयों में साइकिल उपलब्ध कराया है।
पहले चरण में प्रत्येक कस्तूरबा विद्यालय में दो-दो साइकिल भेजी गई है। अब छात्राएं साइकिल चलाना सीखेंगी। जिससे की कहीं आने जाने में उन्हें दिक्कत न हो।
जिले के सात ब्लॉकों में कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय है। इसमें हैंसर, नाथनगर, बघौली, खलीलाबाद, मेंहदावल, सांथा और सेमरियावां में कस्तूरबा गांधी विद्यालय बने हुए हैं। इन आवासीय विद्यालयों में छात्राओं को खाना, पीना, कपड़ा, व रहना पूरी से नि:शुल्क है।
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छात्राओं को खुद को आत्मनिर्भर बनाने के लिए डीएम ने पहल शुरू की है। डीएम डॉक्टर सरोज कुमार ने छात्राओं को साइकिल सीखने के लिए प्रत्येक विद्यालय में दो-दो साइकिल उपलब्ध कराई है। विद्यालय परिसर में छात्राएं रोजाना बारी-बारी से शाम को साइकिल को चलाना सीखेंगी।
वार्डेन को भी छात्राओं को साइकिल चलाने की प्रेरित करना होगा। सभी कस्तूूरबा विद्याालयों में छात्राओं के साइकिल चलाने की मानीटरिंग भी की जाएगी। विद्यालय में साइकिल आने से छात्राओं में खुशी है।
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पहले चरण में प्रत्येक कस्तूरबा विद्यालय में दो-दो साइकिल भेजी गई है। अब छात्राएं साइकिल चलाना सीखेंगी। जिससे की कहीं आने जाने में उन्हें दिक्कत न हो।
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जिले के सात ब्लॉकों में कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय है। इसमें हैंसर, नाथनगर, बघौली, खलीलाबाद, मेंहदावल, सांथा और सेमरियावां में कस्तूरबा गांधी विद्यालय बने हुए हैं। इन आवासीय विद्यालयों में छात्राओं को खाना, पीना, कपड़ा, व रहना पूरी से नि:शुल्क है।
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छात्राओं को खुद को आत्मनिर्भर बनाने के लिए डीएम ने पहल शुरू की है। डीएम डॉक्टर सरोज कुमार ने छात्राओं को साइकिल सीखने के लिए प्रत्येक विद्यालय में दो-दो साइकिल उपलब्ध कराई है। विद्यालय परिसर में छात्राएं रोजाना बारी-बारी से शाम को साइकिल को चलाना सीखेंगी।
वार्डेन को भी छात्राओं को साइकिल चलाने की प्रेरित करना होगा। सभी कस्तूूरबा विद्याालयों में छात्राओं के साइकिल चलाने की मानीटरिंग भी की जाएगी। विद्यालय में साइकिल आने से छात्राओं में खुशी है।