फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sant Kabir Nagar News ›   inspection not complete

दस माह बाद भी आरोपों की पूरी नहीं हुई जांच

Fri, 25 Mar 2022 11:30 PM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Fri, 25 Mar 2022 11:30 PM IST
विज्ञापन
inspection not complete
दस माह बाद भी आरोपों की पूरी नहीं हुई जांच
विज्ञापन

-निदेशक पंचायती राज को पत्र भेजकर जांच अधिकारी बदलने की मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
सेमरियावां। विकास खंड सेमरियावां के विभिन्न ग्राम पंचायतों में राज्य वित्त व केंद्रीय वित्त आयोग मद से कराए गए विकास कार्यों में धांधली की शिकायत हुई थी। दस माह बीत जाने के बाद भी जांच पूरी नहीं हो सकी है। शिकायतकर्ता ने नामित जांच अधिकारी पर सवाल खड़ा करते हुए दूसरे एजेंसी से जांच कराए जाने के लिए उत्तर प्रदेश पंचायती राज निदेशक को फिर पत्र भेजा है।

सेमरियावां गांव निवासी सलीम उमर ने सात जून 2021 को पंचायती राज निदेशक को शिकायती पत्र दिया था। आरोप लगाया था कि सेमरियावां ब्लॉक की विभिन्न ग्राम पंचायतों में ग्राम प्रधान का कार्यकाल खत्म होने के बाद एक जनवरी 2021 से 31 मई 2021 तक प्रशासक की तैनाती थी। प्रशासक के रूप में एडीओ पंचायत शशि भूषण पांडेय और ग्राम पंचायतों में तैनात पंचायत सचिवों के साथ सांठगांठ करके राज्य वित्त, केेंद्रीय वित्त से बिना टेंडर प्रक्रिया पूरी किए और शासनादेश के विरुद्ध हैंडपंप मरम्मत, स्ट्रीट लाइट, नाली निर्माण, इंटरलॉकिंग, विद्यालयों में मरम्मत कार्य आदि के नाम पर फर्जी भुगतान करा लिया है। इस मामले में निदेशक पंचायती राज ने बीडीओ और मंडलीय उपनिदेशक पंचायत बस्ती मंडल को पत्र जारी कर मामले की जांच कर रिपोर्ट एक सप्ताह के अंदर प्रस्तुत करने का निर्देश दिया था। इसके बाद डीपीआरओ राजेंद्र प्रसाद ने सेमरियावां ब्लॉक के विभिन्न ग्राम पंचायत में प्रशासक कार्यकाल के दौरान विकास कार्यों और भुगतान से संबंधित अभिलेख 25 अक्तूबर 2021 तक ग्राम सचिवों से उपलब्ध कराए जाने का निर्देश दिया। ग्राम सचिव अभिलेख उपलब्ध कराने में हीलाहवाली करते रहे। अभिलेख उपलब्ध न होने से शिकायत की जांच नही हो पाने से नाराज डीपीआरओ राजेंद्र प्रसाद ने 22 जनवरी 2022 को एक बार फिर संबंधित गांव के ग्राम सचिवों को सख्ती के साथ पत्र जारी कर अभिलेख उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। शिकायतकर्ता सलीम उमर ने एक बार फिर 23 मार्च 2022 को निदेशक पंचायती राज को पत्र भेजकर मामले में लीपापोती का आरोप लगाया है। किसी अन्य एजेंसी से जांच कराए जाने की मांग की है। आरोप है कि जिला पंचायत राज अधिकारी मामले की जांच में सुस्ती बरत रहे है। डीपीआरओ राजेंद्र प्रसाद ने बताया कि जांच प्रक्रिया जारी है। जांच पूर्ण होने के बाद ही हकीकत सामने आएंगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed