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Sant Kabir Nagar News: बीत गए आठ माह, धरातल पर नहीं उतरी अपशिष्ट प्रबंधन योजना
Thu, 15 Feb 2024 01:27 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
Updated Thu, 15 Feb 2024 01:27 AM IST
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-शहर के उस्का में स्थापित होना था अपशिष्ट प्रबंधन केंद्र
- कूड़ा निस्तारण के साथ बिजली उत्पादन के लिए लगना था संयत्र
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। शहर को गंदगी से निजात दिलाने के लिए करीब आठ माह पहले पहल हुई। ये शहर के उस्का में कूड़ा निस्तारण के लिए अपशिष्ट प्रबंधन केंद्र बनेगा। साथ ही कूड़ा निस्तारण के साथ ही बिजली उत्पादन के लिए संयत्र लगेगा। इस परियोजना पर करीब दो करोड़ रुपये खर्च किए जाने थे, लेकिन आठ माह बीत जाने के बाद भी यह परियोजना धरातल पर नहीं उतर सकी है।
नगर पालिका परिषद खलीलाबाद की आबादी करीब एक लाख से ऊपर पहुंच गई है। 25 वार्डाें में प्रतिदिन करीब 40 टन कूड़ा निकतला है। यह कूड़ा औद्योगिक क्षेत्र के पार्क की जमीन और हरिहरपुर में कठिनइयां नदी के जोगाराजा मार्ग के किनारे गिराया जा रहा है। साथ ही शहर के हाईवे के किनारे भी कूड़ा गिरा दिया जा रहा है। इससे लोगों को कूड़े से उठ रहे दुर्गंध से परेशानी हो रही है।
इस समस्या के समाधान के लिए नगर पालिका परिषद ने ठोस अपशिष्ट प्रबंधन केंद्र स्थापित करने की पहल की। शहर के उस्का वार्ड में जमीन चिह्नित की गई। आठ माह पहले बनी इस योजना के तहत 75 लाख की लागत से मशीन खरीदी जानी थी। मशीन से कूड़े से निकलने वाले प्लास्टिक से दाना बनाकर बिजली उत्पादन किया जाना था। लेकिन अभी तक धरातल पर कुछ भी नहीं दिख रहा है। पालिका प्रशासन का दावा है कि इसके लिए शासन की स्वीकृति भी मिल गई है।
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अमल में आए परियोजना तो पालिका की बढ़ेगी आय, मिलेगा रोजगार
खलीलाबाद में कूड़े से निकलने वाले प्लास्टिक से तैयार बिजली विद्युत निगम को बेची जानी थी, इससे न सिर्फ पालिका की आय बढ़ती, बल्कि रोजगार के भी अवसर बढ़ते। परियोजना पर अब तक कोई कार्य न होने से लोगों को निराशा हाथ लगी है। शहर के निवासी उमेश कुमार वर्मा, रमेश कुमार, सर्वेश कुमार आदि ने कहा कि घर का कूड़ा सड़क पर फेंका जा रहा है। दिन में वाहन लेकर कर्मचारी आते हैं और उसे उठाते हैं। इसे हरिहरपुर ले जाने में समस्या होती है। परियोजना अमल में आए तो समस्या से निजात मिल सकती है।
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खलीलाबाद के उस्का में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन केंद्र बनाए जाने की योजना है। इसके लिए शासन स्तर से निर्देश प्राप्त हो गए हैं। उस्का में जमीन चिह्नित कर ली गई है। प्लास्टिक से बिजली उत्पादन की भी योजना है। जल्द ही परियोजना पर काम शुरू करा दिया जाएगा।
- जगत जायसवाल, अध्यक्ष, नगर पालिका परिषद खलीलाबाद
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- कूड़ा निस्तारण के साथ बिजली उत्पादन के लिए लगना था संयत्र
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। शहर को गंदगी से निजात दिलाने के लिए करीब आठ माह पहले पहल हुई। ये शहर के उस्का में कूड़ा निस्तारण के लिए अपशिष्ट प्रबंधन केंद्र बनेगा। साथ ही कूड़ा निस्तारण के साथ ही बिजली उत्पादन के लिए संयत्र लगेगा। इस परियोजना पर करीब दो करोड़ रुपये खर्च किए जाने थे, लेकिन आठ माह बीत जाने के बाद भी यह परियोजना धरातल पर नहीं उतर सकी है।
नगर पालिका परिषद खलीलाबाद की आबादी करीब एक लाख से ऊपर पहुंच गई है। 25 वार्डाें में प्रतिदिन करीब 40 टन कूड़ा निकतला है। यह कूड़ा औद्योगिक क्षेत्र के पार्क की जमीन और हरिहरपुर में कठिनइयां नदी के जोगाराजा मार्ग के किनारे गिराया जा रहा है। साथ ही शहर के हाईवे के किनारे भी कूड़ा गिरा दिया जा रहा है। इससे लोगों को कूड़े से उठ रहे दुर्गंध से परेशानी हो रही है।
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इस समस्या के समाधान के लिए नगर पालिका परिषद ने ठोस अपशिष्ट प्रबंधन केंद्र स्थापित करने की पहल की। शहर के उस्का वार्ड में जमीन चिह्नित की गई। आठ माह पहले बनी इस योजना के तहत 75 लाख की लागत से मशीन खरीदी जानी थी। मशीन से कूड़े से निकलने वाले प्लास्टिक से दाना बनाकर बिजली उत्पादन किया जाना था। लेकिन अभी तक धरातल पर कुछ भी नहीं दिख रहा है। पालिका प्रशासन का दावा है कि इसके लिए शासन की स्वीकृति भी मिल गई है।
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अमल में आए परियोजना तो पालिका की बढ़ेगी आय, मिलेगा रोजगार
खलीलाबाद में कूड़े से निकलने वाले प्लास्टिक से तैयार बिजली विद्युत निगम को बेची जानी थी, इससे न सिर्फ पालिका की आय बढ़ती, बल्कि रोजगार के भी अवसर बढ़ते। परियोजना पर अब तक कोई कार्य न होने से लोगों को निराशा हाथ लगी है। शहर के निवासी उमेश कुमार वर्मा, रमेश कुमार, सर्वेश कुमार आदि ने कहा कि घर का कूड़ा सड़क पर फेंका जा रहा है। दिन में वाहन लेकर कर्मचारी आते हैं और उसे उठाते हैं। इसे हरिहरपुर ले जाने में समस्या होती है। परियोजना अमल में आए तो समस्या से निजात मिल सकती है।
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खलीलाबाद के उस्का में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन केंद्र बनाए जाने की योजना है। इसके लिए शासन स्तर से निर्देश प्राप्त हो गए हैं। उस्का में जमीन चिह्नित कर ली गई है। प्लास्टिक से बिजली उत्पादन की भी योजना है। जल्द ही परियोजना पर काम शुरू करा दिया जाएगा।
- जगत जायसवाल, अध्यक्ष, नगर पालिका परिषद खलीलाबाद