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Sambhal News: सुल्तानपुर में सिविल जज सीनियर डिवीजन के पद पर भेजे गए विभांशु सुधीर
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संभल। संभल में 24 नवंबर 2024 को जामा मस्जिद सर्वे के दौरान हुए बवाल में तत्कालीन सीओ अनुज चौधरी, तत्कालीन कोतवाल अनुज तोमर समेत 22 पुलिसकर्मियों के खिलाफ एफआईआर के आदेश देने वाले मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) विभांशु सुधीर का अचानक तबादला हो गया। उन्हें सुल्तानपुर में सिविल जज सीनियर डिवीजन बनाया गया है।
कुछ दिनों पहले संभल के यामीन नामक शख्स ने सीजेएम कोर्ट में अर्जी देकर कहा था कि 24 नवंबर 2024 को उनका बेटा आलम घर से ठेले पर बिस्कुट बेचने निकला था। रास्ते में बवाल के दौरान फायरिंग हो गई। तीन गोलियां लगने से आलम बुरी तरह घायल हो गया था। पुलिस के डर से पता छिपाकर और घरेलू झगड़े का घायल बताकर आलम का मेरठ में छिपकर इलाज कराया। उसकी हालत अब भी नहीं सुधरी है।
यामीन ने आरोप लगाया कि उस वक्त के संभल के सीओ अनुज चौधरी और तत्कालीन कोतवाल अनुज तोमर ने खुद गोलियां चलाई थीं। अन्य कुछ पुलिसकर्मियों को भी उन्होंने गोली चलाने का आरोपी बताया था। कहा था कि पुलिस उनका उत्पीड़न कर रही है, इसलिए वह न्याय के लिए अदालत की शरण में आए हैं।
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यामीन की इस अर्जी पर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट विभांशु सुधीर ने अनुज चौधरी, अनुज तोमर समेत 22 पुलिसकर्मियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने के आदेश दिए थे। हालांकि एक दिन पहले यामीन की पत्नी और आलम की मां शाहजहां ने मीडिया से बातचीत में अपनी पीड़ा बताते हुए पुलिस द्वारा एफआईआर दर्ज न करने की बात कही थी। शाहजहां ने भी न्याय की गुहार लगाई थी।
इस बीच मंगलवार शाम को सीजेएम विभांशु सुधीर के सुल्तानपुर तबादले का आदेश जारी हो गया। इसकी जानकारी के साथ संभल-चंदौसी के अधिवक्ताओं में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं। बवाल के समय संभल के सीओ रहे अनुज चौधरी वर्तमान में जिला फिरोजाबाद में एएसपी हैं।
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कुछ दिनों पहले संभल के यामीन नामक शख्स ने सीजेएम कोर्ट में अर्जी देकर कहा था कि 24 नवंबर 2024 को उनका बेटा आलम घर से ठेले पर बिस्कुट बेचने निकला था। रास्ते में बवाल के दौरान फायरिंग हो गई। तीन गोलियां लगने से आलम बुरी तरह घायल हो गया था। पुलिस के डर से पता छिपाकर और घरेलू झगड़े का घायल बताकर आलम का मेरठ में छिपकर इलाज कराया। उसकी हालत अब भी नहीं सुधरी है।
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यामीन ने आरोप लगाया कि उस वक्त के संभल के सीओ अनुज चौधरी और तत्कालीन कोतवाल अनुज तोमर ने खुद गोलियां चलाई थीं। अन्य कुछ पुलिसकर्मियों को भी उन्होंने गोली चलाने का आरोपी बताया था। कहा था कि पुलिस उनका उत्पीड़न कर रही है, इसलिए वह न्याय के लिए अदालत की शरण में आए हैं।
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यामीन की इस अर्जी पर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट विभांशु सुधीर ने अनुज चौधरी, अनुज तोमर समेत 22 पुलिसकर्मियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने के आदेश दिए थे। हालांकि एक दिन पहले यामीन की पत्नी और आलम की मां शाहजहां ने मीडिया से बातचीत में अपनी पीड़ा बताते हुए पुलिस द्वारा एफआईआर दर्ज न करने की बात कही थी। शाहजहां ने भी न्याय की गुहार लगाई थी।
इस बीच मंगलवार शाम को सीजेएम विभांशु सुधीर के सुल्तानपुर तबादले का आदेश जारी हो गया। इसकी जानकारी के साथ संभल-चंदौसी के अधिवक्ताओं में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं। बवाल के समय संभल के सीओ रहे अनुज चौधरी वर्तमान में जिला फिरोजाबाद में एएसपी हैं।