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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sambhal News ›   Electricity theft case: Electricity department not satisfied with MP Burq reply, asked to show proof

बिजली चोरी केस: सांसद के जवाब से संतुष्ट नहीं बिजली विभाग, प्रमाण दिखाने को कहा, 1.91 करोड़ का लगा है जुर्माना

Tue, 14 Jan 2025 11:58 AM IST
विमल शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, संभल
अमर उजाला नेटवर्क, संभल Published by: विमल शर्मा Updated Tue, 14 Jan 2025 11:58 AM IST
सार

सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क पर 1.91 करोड़ की बिजली चोरी के मामले में दाखिल जवाब को बिजली विभाग ने अस्वीकार कर दावे के प्रमाण मांगें। प्रमाण पेश करने के लिए एक सप्ताह का समय दिया गया है। प्रमाण न देने पर वसूली की प्रक्रिया शुरू होगी।

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Electricity theft case: Electricity department not satisfied with MP Burq reply, asked to show proof
सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क - फोटो : वीडियो ग्रैब

विस्तार

सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क द्वारा बिजली विभाग को दिए गए जवाब से भी बात नहीं बनी है। बिजली विभाग जवाब से संतुष्ट नहीं है। जवाब में जो दावा किया है उसके दस्तावेज दिखाने के लिए कहा गया है। इसके लिए एक सप्ताह का समय दिया है। यदि दावा प्रमाणित करने वाले दस्तावेज सांसद नहीं दिखा पाते हैं तो वसूली की कार्रवाई के लिए प्रक्रिया बिजली विभाग द्वारा शुरू की जाएगी।

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अधीक्षण अभियंता (विद्युत) विनोद कुमार गुप्ता ने कहा कि सांसद के द्वारा जवाब तो दाखिल किया गया है लेकिन वह जो दावा कर रहे हैं बिजली खर्च का उसके प्रमाण नहीं दिखा सके हैं। प्रमाण देने के लिए एक सप्ताह का समय दे दिया गया है। 19 दिसंबर को सांसद जियाउर्रहमान बर्क के दीपा सराय स्थित आवास पर बिजली चोरी का मामला बिजली विभाग ने पकड़ा था।
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मौके पर 16 किलोवाट से ज्यादा का भार मिला था। जबकि सांसद जियाउर्रहमान बर्क और पूर्व सांसद डॉ. जियाउर्रहमान बर्क के नाम से दो-दो किलोवाट के दो मीटर लगे थे। जिसमें कई महीने की खपत जीरो थी। जिसके चलते बिजली चोरी की आशंका गहराई थी। जब मीटर की जांच हुई तो उसमें बिजली चोरी की पुष्टि हुई थी।
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कई महीने ऐसे थे जिनमें एक भी यूनिट की खपत नहीं हुई थी। इसके चलते ही बिजली विभाग द्वारा 1.91 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया था। इस जुर्माने को लेकर ही दो बार जवाब दाखिल करने के लिए समय दिया गया था। 

अधीक्षण अभियंता का कहना है कि सांसद की ओर से जवाब तो दाखिल किया गया है लेकिन उनके द्वारा दिए गए जवाब में प्रमाण नहीं दिए गए हैं। इसलिए एक सप्ताह का समय देकर कहा गया है कि वह अपने दावे के प्रमाण दिखाएं। उसके बाद आगे की कार्रवाई बढ़ेगी।

मकान के अवैध निर्माण मामले में 16 जनवरी की तिथि तय

सांसद के दीपा सराय स्थित मकान के अवैध निर्माण मामले में तीसरा नोटिस जारी हो चुका है। जिसमें 16 जनवरी तक जवाब दाखिल करने की अवधि तय की गई है। एसडीएम वंदना मिश्रा का कहना है कि तय तिथि तक जवाब दाखिल होना है। यदि तय तिथि पर जवाब दाखिल नहीं होगा तो उसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

नियत प्राधिकारी/उपजिलाधिकारी विनियमित क्षेत्र संभल की ओर से सांसद जियाउर्रहमान बर्क को बिना अनुमति निर्माण करने पर जो नोटिस जारी किया गया है। उसमें कहा गया है कि दीपा सराय में जो मकान का निर्माण कार्य चल रहा है उसका नक्शा पास नहीं कराया गया है। यह उत्तर प्रदेश रेगुलेशन ऑफ बिल्डिंग ऑपरेशन एक्ट 1958 का उल्लंघन है। 16 जनवरी तक इस नोटिस का जवाब देना है।

सांसद की ओर से जो जवाब दाखिल कराया गया है। उसमें बिजली की खपत अलग-अलग माध्यम से बताई गई है लेकिन प्रमाणित कोई दस्तावेज नहीं दिखाया है। दस्तावेज दिखाने के लिए एक सप्ताह का समय दिया गया है। यदि एक सप्ताह में खपत का प्रमाण नहीं दिखा पाते हैं तो 1.91 करोड़ रुपये जुर्माना वसूलने की कार्रवाई आगे बढ़ेगी। -विनोद कुमार गुप्ता, अधीक्षण अभियंता (विद्युत), संभल

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