फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sambhal News ›   An emotional reenactment of the meeting of Shri Ram and Bharat took place in Ramlila.

Sambhal News: रामलीला में हुआ श्रीराम-भरत मिलन का भावुक मंचन

Moradabad  Bureau मुरादाबाद ब्यूरो
Updated Sun, 28 Sep 2025 08:47 AM IST
विज्ञापन
An emotional reenactment of the meeting of Shri Ram and Bharat took place in Ramlila.
बबराला में रामलीला का मंचन करते कलाकार: स्रोत - आयोजक
चंदौसी(संभल)। कस्बा नरौली के कोठी वाले मैदान में चल रही रामलीला में शनिवार रात केवट संवाद और श्रीराम-भरत के मिलाप का मंचन किया गया। कलाकारों के अभिनय को देखकर पूरा पंडाल दर्शकों की तालियों से गूंज उठा।
विज्ञापन

रामलीला के पहले मंचन में दिखाया कि जब श्रीराम, माता सीता और लक्ष्मण जी के साथ सरयू किनारे पहुंचे तो भगवान राम के बार-बार आग्रह के बाद भी केवट उन्हें अपनी नाव पर चढ़ाने को तैयार नहीं हुआ। तब श्रीराम के अनुमति देने पर केवट ने उनके चरण धोए और फिर नाव पर बैठाकर सरयू पार कराई। दूसरे मंचन में दिखाया कि राजा दशरथ की मृत्यु के बाद भरत और शत्रुघ्न को गुरु वशिष्ठ बुलाकर अयोध्या बुलाते हैं। वहां भरत श्रीराम को वापस अयोध्या लाने के लिए गुरु वशिष्ठ से विचार विमर्श करते हैं।
विज्ञापन

इस अवसर पर कुंवर राघवेंद्र सिंह, कुंवर उपेंद्र सिंह, कुंवर शैलेंद्र सिंह, वीरेंद्र प्रताप सिंह, सियाराम शर्मा, प्रदीप गुप्ता, अनुज गुप्ता, कौशल कुमार शर्मा, रामबाबू शर्मा, अमरीश शर्मा, नरेश कुमार आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन


सीता हरण और जटायु मोक्ष लीला का मंचन देख दर्शक हुए भावुक
फोटो

संवाद न्यूज एजेंसी
बबराला। नगर पंचायत कार्यालय के सामने स्थित मैदान में चल रही रामलीला में शनिवार रात सीता हरण व जटायु मोक्ष लीला का मंचन किया गया। बाहर से आए कलाकारों का अभिनय देख दर्शकों भावविभोर हो गए।


वृंदावन से आए कलाकारों ने मंचन में दिखाया कि रावण का मामा मारीच मायावी हिरण बनकर सीता के पास जाता है। सीता जी राम से उसे पकड़ने की जिद करती हैं। राम हिरण का पीछा करते हुए जंगल में चले जाते हैं। तभी मारीच राम की आवाज निकालकर सीता को विचलित करता है। सीता को समझाकर लक्ष्मण कुटी के बाहर रेखा खींचकर जाते हैं और सीता को बाहर न निकलने की हिदायत देते हैं। उनके जाते ही रावण साधु का वेश धरकर कुटी पर पहुंचता है और भिक्षा मांगने के बहाने सीता माता का हरण कर लेता है। अगले मंचन में रावण और जटायु के बीच युद्ध का दृश्य दिखाया गया। इस अवसर पर रामलीला कमेटी अध्यक्ष संजीव वर्मा, शुभम वार्ष्णेय, निशांत गुप्ता, अरविंद, प्रशांत वार्ष्णेय आदि मौजूद रहे। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed