UP: फर्जी मतदान की रची गई बड़ी साजिश, दो शातिर गिरफ्तार, 150 आधार कार्ड बरामद, मास्टरमाइंड खोलेगा बड़े राज
Nikay Chunav 2023 : यहां फर्जी मतदान की बड़ी साजिश रची गई थी। लेकिन इसका खुला हो गया। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
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सहारनपुर में नगर निकाय चुनाव में फर्जी मतदान करने की बड़ी साजिश रची गई थी। इसका खुलासा फर्जी आधार कार्ड बनाने वाले दो आरोपियों की गिरफ्तारी से हुआ है, जबकि मुख्य आरोपी फरार है, जिसके पकड़े जाने पर कई सफेदपोश लोगों के नाम भी सामने आ सकते हैं। कोतवाली देवबंद पुलिस ने 150 आधार कार्ड, प्रिंटर, नकदी, कंप्यूटर, लोगों के फोटो सहित कागजात बरामद किए हैं।
एसपी देहात सागर जैन ने पुलिस लाइन में पत्रकार वार्ता में बताया कि कोतवाली देवबंद पुलिस ने शाहजमान निवासी मोहल्ला किला, सुबहान निवासी मोहल्ला मटकोटा देवबंद को गिरफ्तार किया है, जबकि मुख्य आरोपी आसिफ मोहल्ला मटकोटा और भूरा भागने में सफल रहे। आरोपियों के पास से दो प्रिंटर, 150 फर्जी आधार कार्ड, 1820 रुपये, कंप्यूटर, लैपटॉप, 16 पासपोर्ट साइज फोटो, 15 कोरीशीट बरामद हुई है।
एसपी देहात ने बताया कि कोतवाली सदर बाजार क्षेत्र में भी रेलवे स्टेशन के पास से कुछ फर्जी आधार कार्ड मिले हैं। आरोपी फर्जी वोट डालने के लिए आधार कार्ड तैयार कर रहे थे, जो लोग शहर छोड़कर चले गए या फिर जिनका कुछ समय पूर्व निधन हो गया, उनके फोटो का इस्तेमाल कर फर्जी आधार कार्ड बनाए जा रहे थे। एक महिला के फोटो 30 से अधिक कार्ड बनाए गए। फोटो एक होता था और नाम व पते अलग-अलग होते थे। इसी तरह पुरुषों के भी एक फोटो पर कई-कई आधार कार्ड बनाए गए। इसमें भी फोटो एक होता था, जबकि नाम पते अलग-अलग होते थे। फोटो धुंधला करते थे, जिससे मतदान कर्मी एकदम पहचान न कर सके।
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मुख्य आरोपी आसिफ ने लिया था ठेका
एसपी देहात ने बताया कि पकड़े गए आरोपियों का काम सिर्फ कंप्यूटर पर असली आधार कार्ड को फोटोशॉप के माध्यम से एडिटिंग कर फर्जी आधार कार्ड बनाने की थी। आसिफ एक कंप्यूटर से एडिटिंग और टाइपिंग करने का कार्य करता था, वह एक दुकान भी चलाता था, जिसने ही फर्जी आधार कार्ड बनाने का किसी से ठेका लिया था। उसके पकड़े जाने पर ही पता लग पाएगा कि कौन-कौन लोग इस गिरोह में शामिल हैं और कौन फर्जी आधार कार्ड बनवा रहा था। इसमें किसी प्रत्याशी, राजनीतिक दल के पदाधिकारी व कार्यकर्ता का नाम भी सामने आ सकता है। मुजफ्फरनगर के चरथावल निवासी लोगों के नाम पर भी फर्जी आधार कार्ड मिले हैं। जांच में यह साफ हो गया कि फर्जी मतदान करने के लिए आधार कार्ड बनाए गए थे।
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एक आधार कार्ड का लेते थे एक हजार रुपये
एक आधार कार्ड बनाने के आरोपी एक हजार रुपये लेते थे। पुलिस की पूछताछ में शाहजमान व सुबहान ने जानकारी दी। एसपी देहात ने बताया कि दोनों आरोपियों ने कक्षा 12 तक पढ़ाई की है। पिछले वर्ष ही सीबीएसई बोर्ड कक्षा 12 से पास हुए थे।