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Saharanpur News: डेंगू की जांच के लिए 600 रुपये से अधिक नहीं ले सकेंगी पैथोलॉजी लैब
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सहारनपुर। जिले में डेंगू के बढ़ते खतरे को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने सख्त रवैया अपनाया है। निजी अस्पताल और लैब में डेंगू जांच के लिए अधिकतम शुल्क 600 रुपये निर्धारित किया गया है, ताकि मरीजों से अधिक शुल्क वसूल न सके। मेडिकल कॉलेज व एसबीडी जिला अस्पताल में यह जांच मुफ्त होगी। यदि निजी अस्पताल व लैब अधिक तय शुल्क से अधिक वसूली करते हैं तो उनके खिलाफ कार्रवाई होगी।
अमर उजाला ने दो दिन में महानगर, नकुड़ और गंगोह की निजी पैथोलॉजी लैबों में डेंगू जांच को लेकर स्टिंग किया था। स्टिंग के दौरान पाया गया था कि कुछ पैथोलॉजी संचालक डेंगू जांच के लिए मनमाना शुल्क वसूल रहे है। इनमें डेंगू जांच शुल्क अलग-अलग मिला था। किसी में एक हजार रुपये तो कोई 800 रुपये लेता मिला। अमर उजाला में आठ सितंबर के अंक में डेंगू की जांच के नाम पर वसूल रहे मनमाना शुल्क, नामक शीर्षक से खबर प्रमुखता से प्रकाशित हुई। खबर छपने के बाद स्वास्थ्य विभाग हरकत में आ गया।
जिले के निजी चिकित्सक और पैथोलॉजी संचालकों को निर्देश दिए कि डेंगू जांच का शुल्क 600 रुपये निर्धारित किया है। यह शुल्क एलाइजा जांच का है। स्वास्थ्य विभाग ने साफ किया है कि डेंगू जांच 600 रुपये से अधिक में की गई तो संबंधित निजी चिकित्सक या पैथोलॉजी लैब संचालक पर कार्रवाई होगी। कुछ चिकित्सक मरीजों की रैपिड किट से जांच कर डेंगू की पुष्टि कर देते हैं। कार्ड की जांच मान्य नहीं है।
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-- वर्जन
डेंगू की जांच का शुल्क 600 रुपये निर्धारित कर दिया है। इस संबंध में निजी चिकित्सक और पैथोलॉजी संचालकों को भी निर्देश दे दिए गए। इससे ज्यादा शुल्क वसूलने वालों पर कार्रवाई होगी।
- शिवांका गौड़, जिला मलेरिया अधिकारी
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अमर उजाला ने दो दिन में महानगर, नकुड़ और गंगोह की निजी पैथोलॉजी लैबों में डेंगू जांच को लेकर स्टिंग किया था। स्टिंग के दौरान पाया गया था कि कुछ पैथोलॉजी संचालक डेंगू जांच के लिए मनमाना शुल्क वसूल रहे है। इनमें डेंगू जांच शुल्क अलग-अलग मिला था। किसी में एक हजार रुपये तो कोई 800 रुपये लेता मिला। अमर उजाला में आठ सितंबर के अंक में डेंगू की जांच के नाम पर वसूल रहे मनमाना शुल्क, नामक शीर्षक से खबर प्रमुखता से प्रकाशित हुई। खबर छपने के बाद स्वास्थ्य विभाग हरकत में आ गया।
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जिले के निजी चिकित्सक और पैथोलॉजी संचालकों को निर्देश दिए कि डेंगू जांच का शुल्क 600 रुपये निर्धारित किया है। यह शुल्क एलाइजा जांच का है। स्वास्थ्य विभाग ने साफ किया है कि डेंगू जांच 600 रुपये से अधिक में की गई तो संबंधित निजी चिकित्सक या पैथोलॉजी लैब संचालक पर कार्रवाई होगी। कुछ चिकित्सक मरीजों की रैपिड किट से जांच कर डेंगू की पुष्टि कर देते हैं। कार्ड की जांच मान्य नहीं है।
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डेंगू की जांच का शुल्क 600 रुपये निर्धारित कर दिया है। इस संबंध में निजी चिकित्सक और पैथोलॉजी संचालकों को भी निर्देश दे दिए गए। इससे ज्यादा शुल्क वसूलने वालों पर कार्रवाई होगी।
- शिवांका गौड़, जिला मलेरिया अधिकारी