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Saharanpur News: गृहकर और जलकर में 20 फीसदी की वृद्धि की तैयारी में नगर निगम
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- आगामी दिनों में होने वाली बोर्ड बैठक के लिए प्रस्ताव तैयार, पार्षदों में शुरू किया विरोध
संवाद न्यूज एजेंसी
सहारनपुर। नगर निगम गृहकर और जलकर में 20 फीसदी की वृद्धि की तैयारी में है। इसका प्रस्ताव भी बनकर तैयार हो चुका है, जो आगामी बोर्ड बैठक में रखा जाएगा। उससे पहले यह प्रस्ताव 29 नवंबर को होने वाली कार्यकारिणी की बैठक में चर्चा के लिए जाएगा। प्रस्ताव को लेकर पार्षदों ने विरोध शुरू कर दिया है। पार्षदों का कहना है कि कर वृद्धि करना आम नागरिक के साथ नाइंसाफी होगा।
पार्षद मंसूर बदर ने बताया कि नगर निगम ने जो प्रस्ताव तैयार किया है उसमें कहा गया है कि महानगर में 2015 के बाद से कर में कोई वृद्धि नहीं हुई है। ऐसे में 20 फीसदी की वृद्धि की तैयारी है, जो गलत है। उनका आरोप है कि महानगर में अधिकारियों की मिलीभगत से कई बड़े व्यावसायिक भवनों पर आवासीय कर लगा हुआ है। इनमें बैंक्वेट हॉल, होटल, पेट्रोल पंप, कारखाने आदि शामिल हैं। नगर निगम को चाहिए कि वह पहले इन गड़बड़ियों को ठीक करें। साथ ही बड़े बकायेदारों से वसूली कर आय बढ़ाए। केवल आम नागरिक को परेशान नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि वह और उनके साथी पार्षद बोर्ड बैठक में कर बढ़ने का विरोध करेंगे। पार्षद फहाद सलीम, पार्षद आसिफ ने भी कर बढ़ने का विरोध किया है।
- चार महीने में हो रही बोर्ड बैठक
नियमानुसार कार्यकारिणी की बैठक प्रत्येक महीने में और बोर्ड बैठक दो महीने में एक बार होनी चाहिए। लेकिन नगर निगम सहारनपुर का बोर्ड अजब गजब है। यहां अंतिम बोर्ड बैठक 18 जुलाई 2023 को हुई थी, जिसके बाद अब बैठक बुलाई जा रही है, जिसकी तिथि अभी तय नहीं है। बोर्ड बैठक से पहले 29 नवंबर को कार्यकारिणी समिति की बैठक होगी। यानी चार महीने के बाद बैठक होने जा रही है। बैठकें समय से नहीं होने को लेकर पार्षदों में भी नाराजगी है।
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- 672 करोड़ के आय और 445 करोड़ के व्यय पर होगी चर्चा
बोर्ड बैठक में वित्तीय वर्ष 2023-24 के अनुमानित आय और व्यय पर भी चर्चा होगी। नगर निगम ने जो प्रस्ताव तैयार किया है उसमें अनुमानित आय 572 करोड़, 55 लाख 70 हजार रुपये रखा है। इसमें राजस्व, कर, करेत्तर और शासकीय अनुदान से प्राप्त होने वाला पैसा शामिल है। इसके अलावा अनुमानित व्यय 445 करोड़ छह लाख रुपये आंका गया है। यह खर्च पथ प्रकाश, जल कल, निर्माण कार्य, गोशाला अनुभाग, उद्यान अनुभाग, रिकॉर्ड अनुभाग आदि पर होगा।
- महानगर में बीते आठ साल से कोई कर नहीं बढ़ा है। महानगर में 20 फीसदी कर बढ़ाने की तैयारी है, लेकिन वह बोर्ड में चर्चा के बाद ही पास होगा। हमारा प्रयास यह रहेगा कि छोटे भवन स्वामियों को उससे मुक्त रखा जाए। बड़े भवन स्वामियों और व्यवसायिक पर वृद्धि का प्रयास रहेगा। इसके अलावा 50 हजार भवन ऐसे हैं, जिन पर अभी तक कर नहीं लगा है। उनको शामिल किया जाएगा। - डॉ. अजय कुमार, महापौर
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संवाद न्यूज एजेंसी
सहारनपुर। नगर निगम गृहकर और जलकर में 20 फीसदी की वृद्धि की तैयारी में है। इसका प्रस्ताव भी बनकर तैयार हो चुका है, जो आगामी बोर्ड बैठक में रखा जाएगा। उससे पहले यह प्रस्ताव 29 नवंबर को होने वाली कार्यकारिणी की बैठक में चर्चा के लिए जाएगा। प्रस्ताव को लेकर पार्षदों ने विरोध शुरू कर दिया है। पार्षदों का कहना है कि कर वृद्धि करना आम नागरिक के साथ नाइंसाफी होगा।
पार्षद मंसूर बदर ने बताया कि नगर निगम ने जो प्रस्ताव तैयार किया है उसमें कहा गया है कि महानगर में 2015 के बाद से कर में कोई वृद्धि नहीं हुई है। ऐसे में 20 फीसदी की वृद्धि की तैयारी है, जो गलत है। उनका आरोप है कि महानगर में अधिकारियों की मिलीभगत से कई बड़े व्यावसायिक भवनों पर आवासीय कर लगा हुआ है। इनमें बैंक्वेट हॉल, होटल, पेट्रोल पंप, कारखाने आदि शामिल हैं। नगर निगम को चाहिए कि वह पहले इन गड़बड़ियों को ठीक करें। साथ ही बड़े बकायेदारों से वसूली कर आय बढ़ाए। केवल आम नागरिक को परेशान नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि वह और उनके साथी पार्षद बोर्ड बैठक में कर बढ़ने का विरोध करेंगे। पार्षद फहाद सलीम, पार्षद आसिफ ने भी कर बढ़ने का विरोध किया है।
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- चार महीने में हो रही बोर्ड बैठक
नियमानुसार कार्यकारिणी की बैठक प्रत्येक महीने में और बोर्ड बैठक दो महीने में एक बार होनी चाहिए। लेकिन नगर निगम सहारनपुर का बोर्ड अजब गजब है। यहां अंतिम बोर्ड बैठक 18 जुलाई 2023 को हुई थी, जिसके बाद अब बैठक बुलाई जा रही है, जिसकी तिथि अभी तय नहीं है। बोर्ड बैठक से पहले 29 नवंबर को कार्यकारिणी समिति की बैठक होगी। यानी चार महीने के बाद बैठक होने जा रही है। बैठकें समय से नहीं होने को लेकर पार्षदों में भी नाराजगी है।
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- 672 करोड़ के आय और 445 करोड़ के व्यय पर होगी चर्चा
बोर्ड बैठक में वित्तीय वर्ष 2023-24 के अनुमानित आय और व्यय पर भी चर्चा होगी। नगर निगम ने जो प्रस्ताव तैयार किया है उसमें अनुमानित आय 572 करोड़, 55 लाख 70 हजार रुपये रखा है। इसमें राजस्व, कर, करेत्तर और शासकीय अनुदान से प्राप्त होने वाला पैसा शामिल है। इसके अलावा अनुमानित व्यय 445 करोड़ छह लाख रुपये आंका गया है। यह खर्च पथ प्रकाश, जल कल, निर्माण कार्य, गोशाला अनुभाग, उद्यान अनुभाग, रिकॉर्ड अनुभाग आदि पर होगा।
- महानगर में बीते आठ साल से कोई कर नहीं बढ़ा है। महानगर में 20 फीसदी कर बढ़ाने की तैयारी है, लेकिन वह बोर्ड में चर्चा के बाद ही पास होगा। हमारा प्रयास यह रहेगा कि छोटे भवन स्वामियों को उससे मुक्त रखा जाए। बड़े भवन स्वामियों और व्यवसायिक पर वृद्धि का प्रयास रहेगा। इसके अलावा 50 हजार भवन ऐसे हैं, जिन पर अभी तक कर नहीं लगा है। उनको शामिल किया जाएगा। - डॉ. अजय कुमार, महापौर