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चुनावी खर्चों पर निर्वाचन आयोग की नजर
ब्यूरो/अमर उजाला, सहारनपुर
Updated Thu, 16 Nov 2017 12:00 AM IST
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प्रत्याशियों को चुनाव आचार संहिता का पाठ पढ़ाते डीएम।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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सहारनपुर में जिला निर्वाचन अधिकारी पीके पांडेय ने सभी उम्मीदवारों व राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से कहा है कि उम्मीदवारों के खर्चों पर राज्य निर्वाचन आयोग की पैनी नजर है। निर्धारित तय सीमा से अधिक खर्च करने वालों पर कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा कि चुनाव खर्चों के संबंध में समय-समय पर समीक्षा की जाएगी। उन्होंने कहा कि बिना अनुमति के किसी भी उम्मीदवार को वाहन संचालन की अनुमति नहीं होगी। नगर निगम में प्रचार-प्रसार के लिए 140 स्थानों को चिह्नित कर अनुमति प्रदान की जाएगी।
हर राजनैतिक दलों को समान अवसर प्रदान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि चुनाव पर ड्रोन कैमरों से नजर रखी जाएगी। किसी को भी आचार संहिता तोड़ने व कानून व्यवस्था को हाथ में लेने की अनुमति नहीं होगी। दो लाख रुपये से अधिक धनराशि ले जाने वालों को अपने साथ विवरण रखना जरूरी होगा।
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जनमंच सभागार में बुधवार को चुनाव के उम्मीदवारों, राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ अचार संहिता के संबंध में बैठक में डीएम पीके पांडेय ने कहा कि महापौर के प्रचार-प्रसार के लिए पांच वाहन अनुमन्य होंगे।
इसी प्रकार नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष पद के लिए तीन, नगर पंचायत अध्यक्ष पद के उम्मीदवारों के लिए दो तथा पार्षद पद के उम्मीदवारों के लिए दो तथा सदस्य नगर पालिका परिषद व नगर पंचायत के लिए एक-एक वाहन अनुमन्य अनुमति के उपरांत ही होगा।
उन्होंने कहा कि वाहन अनुमति पत्र को अपने वाहन की विंड स्क्रीन पर चस्पा करना जरूरी होगा। पार्षद व सदस्य नगर पालिका परिषद तथा नगर पंचायत केवल अपने वार्ड में ही प्रचार-प्रसार कर सकेंगे।
जिला निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि राज्य निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुसार चुनाव के दौरान महापौर पद के उम्मीदवार 20 लाख रुपये तक की सीमा में चुनाव खर्च कर सकेंगे।
नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष पद के उम्मीदवार 06 लाख रुपये तक, नगर पंचायत अध्यक्ष पद के उम्मीदवार 1.5 लाख रुपये, पार्षद पद पर 02 लाख रुपये तथा सदस्य नगर पालिका परिषद 1.5 लाख रुपये व नगर पंचायत के लिए 30 हजार रुपये की सीमा तक ही चुनाव व्यय कर सकेंगे।
उन्होंने कहा कि सभी उम्मीदवारों को अपने व्यय खातों का विवरण तीन बार अपने रिटर्निंग आफिसर को प्रस्तुत करना आवश्यक होगा। उन्होंने कहा कि जनपद में 14 फ्लाईंग स्क्वाएड टीमों का गठन किया गया है जो जनपद में अवैध शराब, अनएकाउंटेड कैश तथा कपड़ों आदि पर पूरी नजर रखेगा।
उन्होंने कहा कि संपूर्ण जनपद को 12 जोन व 59 सेक्टरों में विभाजित किया गया है। प्रत्येक उम्मीदवार को जुलूस आदि में भाग लेने के लिए वाहनों की अनुमति भी लेना जरूरी होगा।
कहा कि सभी उम्मीदवार एक सप्ताह पूर्व ही अपनी सभाओं की अनुमति संबंधित रिटर्निंग आफिसर से ले लें। जिलाधिकारी ने सभी राजनीतिक दलों व उम्मीदवारों से कहा कि वे अपनी चुनावी सभाओं व प्रचार के दौरान किसी धर्म, जाति, संप्रदाय या सामाजिक वर्ग के विरुद्ध ऐसी टिप्पणी ना करें जिससे किसी की भावना आहत होती हो और आपसी तनाव पैदा हो।
उन्होंने कहा कि नगर निगम का चुनाव ईवीएम के माध्यम से होगा जबकि नगर पालिका परिषद व नगर पंचायत के चुनाव बैलेट पेपर से ही कराए जाएंगे।
कहा कि चुनाव प्रक्रिया को शांति पूर्ण संपन्न कराने के लिए कंट्रोल रूम की स्थापना की गई है। जिला निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि मतदान के लिए किसी मतदाता को जबरन रोकने या अपने पक्ष में मतदान कराने वालों के विरुद्ध भी कठोर कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा कि मतदान के लिए कोई सामग्री देने या नोट आदि के वितरण करने वालों पर भी प्रशासन की पैनी नजर है। उन्होंने कहा कि संवेदनशील व अतिसंवेदनशील मतदान केन्द्रों को चिह्नित कर लिया गया है।
ऐसे मतदान केन्द्रों पर पर्याप्त सुरक्षा बलों की तैनाती की जाएगी। असामाजिक तत्वों की करतूत को बख्सा नहीं जाएगा। बैठक में एसएसपी बबलू कुमार, अपर जिला मजिस्ट्रेट (वित्त एवं राजस्व) विनोद कुमार, नगर मजिस्ट्रेट राजेश कुमार, सभी रिटर्निंग आफिसर सहित राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों व उम्मीदवारों ने भाग लिया।
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उन्होंने कहा कि चुनाव खर्चों के संबंध में समय-समय पर समीक्षा की जाएगी। उन्होंने कहा कि बिना अनुमति के किसी भी उम्मीदवार को वाहन संचालन की अनुमति नहीं होगी। नगर निगम में प्रचार-प्रसार के लिए 140 स्थानों को चिह्नित कर अनुमति प्रदान की जाएगी।
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हर राजनैतिक दलों को समान अवसर प्रदान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि चुनाव पर ड्रोन कैमरों से नजर रखी जाएगी। किसी को भी आचार संहिता तोड़ने व कानून व्यवस्था को हाथ में लेने की अनुमति नहीं होगी। दो लाख रुपये से अधिक धनराशि ले जाने वालों को अपने साथ विवरण रखना जरूरी होगा।
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जनमंच सभागार में बुधवार को चुनाव के उम्मीदवारों, राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ अचार संहिता के संबंध में बैठक में डीएम पीके पांडेय ने कहा कि महापौर के प्रचार-प्रसार के लिए पांच वाहन अनुमन्य होंगे।
इसी प्रकार नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष पद के लिए तीन, नगर पंचायत अध्यक्ष पद के उम्मीदवारों के लिए दो तथा पार्षद पद के उम्मीदवारों के लिए दो तथा सदस्य नगर पालिका परिषद व नगर पंचायत के लिए एक-एक वाहन अनुमन्य अनुमति के उपरांत ही होगा।
उन्होंने कहा कि वाहन अनुमति पत्र को अपने वाहन की विंड स्क्रीन पर चस्पा करना जरूरी होगा। पार्षद व सदस्य नगर पालिका परिषद तथा नगर पंचायत केवल अपने वार्ड में ही प्रचार-प्रसार कर सकेंगे।
जिला निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि राज्य निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुसार चुनाव के दौरान महापौर पद के उम्मीदवार 20 लाख रुपये तक की सीमा में चुनाव खर्च कर सकेंगे।
नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष पद के उम्मीदवार 06 लाख रुपये तक, नगर पंचायत अध्यक्ष पद के उम्मीदवार 1.5 लाख रुपये, पार्षद पद पर 02 लाख रुपये तथा सदस्य नगर पालिका परिषद 1.5 लाख रुपये व नगर पंचायत के लिए 30 हजार रुपये की सीमा तक ही चुनाव व्यय कर सकेंगे।
उन्होंने कहा कि सभी उम्मीदवारों को अपने व्यय खातों का विवरण तीन बार अपने रिटर्निंग आफिसर को प्रस्तुत करना आवश्यक होगा। उन्होंने कहा कि जनपद में 14 फ्लाईंग स्क्वाएड टीमों का गठन किया गया है जो जनपद में अवैध शराब, अनएकाउंटेड कैश तथा कपड़ों आदि पर पूरी नजर रखेगा।
उन्होंने कहा कि संपूर्ण जनपद को 12 जोन व 59 सेक्टरों में विभाजित किया गया है। प्रत्येक उम्मीदवार को जुलूस आदि में भाग लेने के लिए वाहनों की अनुमति भी लेना जरूरी होगा।
कहा कि सभी उम्मीदवार एक सप्ताह पूर्व ही अपनी सभाओं की अनुमति संबंधित रिटर्निंग आफिसर से ले लें। जिलाधिकारी ने सभी राजनीतिक दलों व उम्मीदवारों से कहा कि वे अपनी चुनावी सभाओं व प्रचार के दौरान किसी धर्म, जाति, संप्रदाय या सामाजिक वर्ग के विरुद्ध ऐसी टिप्पणी ना करें जिससे किसी की भावना आहत होती हो और आपसी तनाव पैदा हो।
उन्होंने कहा कि नगर निगम का चुनाव ईवीएम के माध्यम से होगा जबकि नगर पालिका परिषद व नगर पंचायत के चुनाव बैलेट पेपर से ही कराए जाएंगे।
कहा कि चुनाव प्रक्रिया को शांति पूर्ण संपन्न कराने के लिए कंट्रोल रूम की स्थापना की गई है। जिला निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि मतदान के लिए किसी मतदाता को जबरन रोकने या अपने पक्ष में मतदान कराने वालों के विरुद्ध भी कठोर कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा कि मतदान के लिए कोई सामग्री देने या नोट आदि के वितरण करने वालों पर भी प्रशासन की पैनी नजर है। उन्होंने कहा कि संवेदनशील व अतिसंवेदनशील मतदान केन्द्रों को चिह्नित कर लिया गया है।
ऐसे मतदान केन्द्रों पर पर्याप्त सुरक्षा बलों की तैनाती की जाएगी। असामाजिक तत्वों की करतूत को बख्सा नहीं जाएगा। बैठक में एसएसपी बबलू कुमार, अपर जिला मजिस्ट्रेट (वित्त एवं राजस्व) विनोद कुमार, नगर मजिस्ट्रेट राजेश कुमार, सभी रिटर्निंग आफिसर सहित राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों व उम्मीदवारों ने भाग लिया।