फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Saharanpur News ›   Amendment in law to give away citizenship but not to give

नागरिकता छीनने को नहीं बल्कि देने को हुआ कानून में संशोधन

Thu, 19 Dec 2019 11:42 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Thu, 19 Dec 2019 11:42 PM IST
विज्ञापन
Amendment in law to give away citizenship but not to give
अंबेहटा में आयोजित बैठक में मौजूद नागरिक - फोटो : SAHARANPUR
अंबेहटा/गंगोह (सहारनपुर)। नागरिकता संशोधन बिल पर पुलिस और प्रशासनिक अफसर लगातार बैठकें कर लोगों में व्याप्त बिल की भ्रांतियों को दूर करने का प्रयास कर रहे हैं। बृहस्पतिवार को एसडीएम नकुड़ और सदर ने अंबेहटा, खेड़ा अफगान और गंगोह में बैठक कर समझाया कि बिल किसी की नागरिकता छीनने के लिए नहीं बल्कि नागरिकता देने के लिए पास किया गया है।
विज्ञापन

अंबेहटा के गांधी इंटर कालेज में हुई बैठक में एसडीएम नकुड़ पूरण सिंह राणा ने कहा कि नागरिकता संशोधन अधिनियम का मूल उद्देश्य किसी भी व्यक्ति की नागरिकता समाप्त करना नही है बल्कि बाहर से आने वाले प्रवासियों को नागरिकता प्रदान करना है। उन्होंने बताया कि संशोधन के बाद अफगानिस्तान, बांग्लादेश और पाकिस्तान के अल्पसंख्यक समुदाय यथा हिंदू, सिक्ख, जैन, पारसी और ईसाई प्रवासियों को भारत की नागरिकता प्राप्त करने हेतु भारत मे 11 वर्ष बिताने की शर्त को घटा कर पांच वर्ष का प्रावधान किया गया है। परंतु कुछ लोग नागरिकता संशोधन बिल को गलत तरीके से पेश कर जनता में भ्रम की स्थिति पैदा कर रहे हैं, जिनसे सावधान रहने की आवश्यकता है। सीओ यतेंद्र सिंह नागर ने कहा कि कोई भी नागरिक किसी के बहकावे में आकर कोई काम ऐसा न करे जिससे बाद में उसके सामने कोई परेशानी आए।
विज्ञापन

कोतवाल सुशील सैनी, चौकी प्रभारी दिनेश कुमार कसाना, सभासद जिंदा हसन, आरिफ रशीद, सुल्तान अहमद, दानिश शफीक, राव शाहरूख, अर्शी शफीक, कुलदीप मित्तल, मनोज आर्य, कपिल गुप्ता, अरुण जैन, वीरेंद्र जैन, फरमान कुरैशी, देवेंद्र त्यागी, राकेश छलेरिया, मरगूब अंसारी, गौरव मित्तल, अमित गुप्ता, डा. बिंदर पाल कल्याण आदि रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

गंगोह में एसडीएम सदर एसएन शर्मा के नेतृत्व में गांव खानपुर गुर्जर के मदरसे व नगर के मदरसा मदनिया सहित कई मदरसों में घूमकर मदरसा संचालकों, मौलवियों व छात्रों से बात करके उन्हें नागरिक संशोधन विधेयक की मूल भावना से अवगत कराया। उन्होंने इसे लेकर किसी तरह का माहौल खराब नहीं करने की अपील की। मौलानाओं व मदरसा संचालकों से बच्चों को अनुशासन के दायरे में रखते हुए तालीम देने का अनुरोध किया। रेवन्यू इंस्पेक्टर वीपी सिंह, डीपीआरओ, कोतवाल भगवत सिंह, एलआईयू प्रभारी बीपी मलिक आदि रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed