फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Saharanpur News ›   पार्षदों के हंगामे के बीच 426 करोड़ रुपये का बजट पारित

पार्षदों के हंगामे के बीच 426 करोड़ रुपये का बजट पारित

Sun, 24 Feb 2019 12:46 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Sun, 24 Feb 2019 12:46 AM IST
विज्ञापन
पार्षदों के हंगामे के बीच 426 करोड़ रुपये का बजट पारित
पार्षदों के हंगामे के बीच 426 करोड़ रुपये का बजट पारित
विज्ञापन

सहारनपुर। महानगर में नए क्षेत्रों में पेयजल पाइप लाइन, सड़कों के सुधार, सफाई व्यवस्था बेहतर करने, जल निकासी को बेहतर बनाने सहित व्यवस्थाओं पर वर्ष 2019-20 में नगर निगम 426 करोड़ रुपये खर्च करेगा। शनिवार को आईटीसी सभागार में हुई नगर निगम बोर्ड की बैठक में आय-व्यय सहित अन्य कार्यों के प्रस्ताव पारित किए गए। कुछ पार्षदों ने बजट पर सवाल उठाए और आपत्तियां भी लगाईं। कई मुद्दों पर पार्षदों ने हंगामा भी किया।
शनिवार को आईटीसी के सभागार में महापौर संजीव वालिया की अध्यक्षता में बोर्ड बैठक हुई। इसमें शहर के विकास कार्यों के लिए कुल 426.30 करोड़ रुपये का बजट रखा गया। एजेंडे में नगर निगम की आय और व्यय का पूरा ब्योरा रखा गया। कई पार्षदों ने नगर निगम की विभिन्न स्रोतों से होने वाली आय में लक्ष्य बढ़ाकर नहीं रखे जाने पर आपत्ति जताई। बसपा पार्षद दल के नेता चंद्रजीत सिंह निक्कू ने शहर के पार्कों की बदहाली पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि अनेक पार्कों पर कब्जा है। नगर निगम ने करीब छह माह पहले पार्कों के सुधार की बात कही थी। मगर अभी तक कुछ नहीं हुआ है। बजट में सीवर का खर्च सड़कों की मरम्मत से कम रखे जाने पर भी आपत्ति जताई।
विज्ञापन

उन्होंने कहा कि पूरे शहर में सीवर लाइनें बिछाने की जरूरत है। गलियों को चौड़ा करने के लिए दोनों ओर बनी नालियों पर ढक्कन रखवाने की मांग की। जुबली पार्क में असामाजिक तत्वों के सक्रिय होने पर रोष जताया गया। महापौर और नगरायुक्त ज्ञानेंद्र सिंह ने समस्याओं के निस्तारण का आश्वासन दिया। आपत्तियों और शिकायतों के बीच सर्वसम्मति से बजट पास किया गया। बजट के अलावा अन्य मामले भी पार्षदों के द्वारा उठाए गए। पार्षद शहजाद ने गंदगी की समस्या उठाई। उनके साथ ज्यादातर पार्षद अपनी कुर्सी से खड़े हो गए और शहर में गंदगी बढ़ने के विरोध में हंगामा किया। नाला गैंग के वार्डों में नहीं पहुंचने पर चिंता व्यक्त की। पार्षद मुकेश गक्कड़ ने शहर में हेलमेट अनिवार्य करने के लिए नगर निगम की ओर से जन जागरूकता अभियान चलाए जाने की जरूरत बताई।
विज्ञापन
विज्ञापन

पुनीत चौहान ने शहर में खंभों और दीवारों पर चस्पा होने वाले पोस्टर और बैनरों पर आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि इनसे शहर गंदा होता है। नगर निगम को कार्रवाई करनी चाहिए। उन्होंने मॉडल रोड का कार्य पूर्ण हुए बिना ठेकेदार को भुगतान होने पर नाराजगी व्यक्त की। साथ ही उन्होंने महिलाओं के लिए शहर में पिंक ऑटो चलवाने की मांग भी सदन के सामने रखी। पार्षद अशोक ने लाजपत मार्केट में अवैध कब्जा होने का मामला उठाया। पार्षद अभिषेक ने आरोप लगाया कि नगर निगम उनके पत्रों का जवाब नहीं देता है। इस पर अनेक पार्षद खड़े हो गए और नगर निगम अधिकारियों और कर्मचारियों पर उनकी बात को अनसुना करने का आरोप लगाया। पार्षदों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी अनदेखी ऐसे ही होती रही तो वह संबंधित अधिकारियों के खिलाफ प्रस्ताव लाकर उन्हें सहारनपुर से बाहर भिजवाने का काम करेंगे।
------------
अमर्यादित टिप्पणी पर भड़के पार्षद
बसपा पार्षद दल के नेता चंद्रजीत सिंह निक्कू ने सदन के समक्ष खामियां गिनाई। अंत में उन्होंने कहा कि वह मेयर के लिए एक शेर कहना चाहते हैं। इस पर एक पार्षद ने अमर्यादित टिप्पणी कर दी, जिस पर चंद्रजीत सिंह निक्कू पार्षद पर भड़क उठे। इससे सदन में खामोशी छा गई। इसके बाद महापौर ने भी पार्षद को सदन में भाषा पर नियंत्रण रखने की नसीहत दी।

----------------------
वर्ष 2019-20 में प्रस्तावित प्रमुख कार्य
----- कार्य का नाम-------------------------- प्रस्ताव व्यय
सफाई कर्मचारी अधिष्ठान------------- 26 करोड़ रुपये।
संविदा सहित सफाई कार्य-------------- 20 करोड़ रुपये।
गैराज वाहन एवं अन्य मरम्मत------- डेढ करोड़ रुपये।
गैराज में नए सामान की खरीद------- एक करोड़ दस लाख रुपये।
सामान्य प्रशासन अधिष्ठान------------ चार करोड़ रुपये।
सामान्य प्रशासन अन्य व्यय----------- दस लाख रुपये।
मुख्य नगर लेखा परीक्षक अधिष्ठान---- 15 लाख रुपये।
पेंशन अंशदान--------------------- 14 करोड़ रुपये।
मार्ग प्रकाश अधिष्ठान--------------- 70 लाख रुपये।
मरम्मत कार्य---------------------- एक करोड़ रुपये।
जलकल अधिष्ठान----------------- छह करोड़ रुपये।
जलकल के नए सामान-------------- एक करोड़ रुपये।
गैराज, डीजल और पेट्रोल------------ ढाई करोड़ रुपये।
जलकल मरम्मत और एसटीपी------- पांच करोड़ रुपये।
हैंडपंप स्थापना-------------------- 50 लाख रुपये।
नए नलकूप स्थापना---------------- 50 लाख रुपये।
नए क्षेत्रों में पाइपलाइन डालने-------- पांच करोड़ रुपये आदि।
------
वर्ष 2019-20 में शहर के विकास के लिए 426.30 करोड़ रुपये का बजट बोर्ड की बैठक में पास किया गया है। कुछ पार्षदों की आपत्तियां थीं, जिनका निस्तारण किया गया। कोशिश यही है कि प्रस्तावित कार्यों पर अतिशीघ्र कार्य शुरू हों और शहर का विकास हो। ---- संजीव वालिया, महापौर।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed