{"_id":"61f6dc044f368f11f805d8ee","slug":"primery-student-will-read-story-rampur-news-mbd4174814188","type":"story","status":"publish","title_hn":"परिषदीय स्कूलों के बच्चे पढ़ेंगे कहानी और दादा सुनेंगे उनकी जुबानी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
परिषदीय स्कूलों के बच्चे पढ़ेंगे कहानी और दादा सुनेंगे उनकी जुबानी
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
रामपुर। परिषदीय स्कूलों और कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय के विद्यार्थियों के लिए 15 जनवरी से 100 दिन का रीडिंग कैंपेन शुरू किया गया है। इसके तहत परिषदीय और कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों के विद्यार्थी शिक्षकों, प्रेरणा साथी एवं प्रेरणा सारथी के माध्यम से अभिभावकों के वाट्सएप ग्रुप पर भेजी गई पाठ्य सामग्री को पढ़ेंगे। इनमें रोचक लेख के साथ संख्या ज्ञान देने वाली कहानी एवं कविता आदि शामिल होंगी। इसे पढ़ने के बाद वह परिवार के बड़े बुजुर्गों को सुनाएंगे।
निपुण भारत अभियान के तहत विद्यार्थियों के लिए 100 दिन का रीडिंग कैंपेन शुरू किया है। इसकेे जरिए बच्चों को शिक्षाप्रद, रोचक और ज्ञानवर्द्घक पाठ्य सामग्री उपलब्ध कराई जाएगी। इसकी निगरानी सभी शिक्षक, एसआरजी, अकादमिक रिसोर्स पर्सन, बीईओ, बीएसए एवं डायट प्राचार्य अपने स्तर से करेंगे। विद्यार्थी जो गतिविधि कर रहे हैं,उससे संबंधित तस्वीर भी उच्चाधिकारियों को साझा की जाएगी। इस गतिविधि के लिए शिक्षक अभिभावकों से फोन पर संपर्क कर उन्हें विद्यार्थियों के साथ जुड़ने के लिए प्रेरित भी करते रहेंगे। प्रेरणा साथी व प्रेरणा सारथी खेल गतिविधि भी संचालित कराएंगे।
पढ़ना सीखने का मुख्य आधार है। यह अभियान बच्चों को स्वतंत्र रूप से पुस्तकें पढ़ने के लिए प्रेरित करेगा। उनमें रचनात्मक व आलोचनात्मक चिंतन भी विकसित होगा। वह अपने परिवेश व वास्तविक जीवन को भली प्रकार समझ सकेंगे। कोरोना काल में शुरू हुए 100 दिन के रीडिंग कैंपेन के लिए विभाग से आने वाली शिक्षण सामग्री को अभिभावकों के व्हाटसएप ग्रुप पर शेयर करेंगे। मोहल्ला कक्षाओं के माध्यम से भी शिक्षक विद्यार्थियों को कैंपेन के बारे में बताएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
निपुण भारत अभियान के तहत विद्यार्थियों के लिए 100 दिन का रीडिंग कैंपेन शुरू किया है। इसकेे जरिए बच्चों को शिक्षाप्रद, रोचक और ज्ञानवर्द्घक पाठ्य सामग्री उपलब्ध कराई जाएगी। इसकी निगरानी सभी शिक्षक, एसआरजी, अकादमिक रिसोर्स पर्सन, बीईओ, बीएसए एवं डायट प्राचार्य अपने स्तर से करेंगे। विद्यार्थी जो गतिविधि कर रहे हैं,उससे संबंधित तस्वीर भी उच्चाधिकारियों को साझा की जाएगी। इस गतिविधि के लिए शिक्षक अभिभावकों से फोन पर संपर्क कर उन्हें विद्यार्थियों के साथ जुड़ने के लिए प्रेरित भी करते रहेंगे। प्रेरणा साथी व प्रेरणा सारथी खेल गतिविधि भी संचालित कराएंगे।
विज्ञापन
पढ़ना सीखने का मुख्य आधार है। यह अभियान बच्चों को स्वतंत्र रूप से पुस्तकें पढ़ने के लिए प्रेरित करेगा। उनमें रचनात्मक व आलोचनात्मक चिंतन भी विकसित होगा। वह अपने परिवेश व वास्तविक जीवन को भली प्रकार समझ सकेंगे। कोरोना काल में शुरू हुए 100 दिन के रीडिंग कैंपेन के लिए विभाग से आने वाली शिक्षण सामग्री को अभिभावकों के व्हाटसएप ग्रुप पर शेयर करेंगे। मोहल्ला कक्षाओं के माध्यम से भी शिक्षक विद्यार्थियों को कैंपेन के बारे में बताएंगे।
विज्ञापन