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नवाब खानदान संपत्ति बंटवारे मामले में आज होगी कोर्ट में सुनवाई
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रामपुर। नवाब खानदान की संपत्ति के बंटवारे प्रकरण में बुधवार 14 जुलाई को सुनवाई होगी। सुनवाई जिला जज की कोर्ट में होगी। जिसमें पार्टीशन स्कीम को प्रस्तुत किया जा सकता है।
रामपुर में नवाब खानदान की करीब 2600 करोड़ से ज्यादा की संपत्ति है, जिसके बंटवारे की प्रक्रिया जिला जज की कोर्ट में चल रही है। सुप्रीम कोर्ट ने जुलाई 2019 में शरीयत के हिसाब से बंटवारा करने के आदेश दिए थे। बंटवारे की जिम्मेदारी जिला जज को सौंपी थी। उन्हें दिसंबर 2020 तक बंटवारा करना था। कोरोना के चलते पिछले साल लंबे समय तक अदालतें बंद रहीं और सुनवाई नहीं हो सकी। इस कारण निर्धारित अवधि में बंटवारा नहीं हो सका। इस पर जिला जज की मांग पर सुप्रीम कोर्ट ने छह माह का समय बढ़ा दिया था। यह समय भी पूरा हो चुका है। शुक्रवार को इस मामले में जिला जज की कोर्ट में सुनवाई हुई थी। जिसमें सह-अभिरक्षक शत्रु संपत्ति के अधिवक्ता की ओर से कोर्ट में प्रार्थना पत्र दाखिल कर मेहरुन्निसा बेगम के हिस्से की अचल संपत्ति जो कि कुल संपत्ति का करीब 7.30 फीसदी बनता है। उसे अलग कर उस पर अभिरक्षक शत्रु संपत्ति भारत सरकार को कब्जा प्रदान करने के आदेश देने की मांग की थी। कोर्ट ने शुक्रवार नौ जुलाई को हुई सुनवाई के बाद अगली तारीख बुधवार 14 जुलाई की दी थी। जिस पर बुधवार को इस मामले में जिला जज की कोर्ट में सुनवाई होगी।
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रामपुर में नवाब खानदान की करीब 2600 करोड़ से ज्यादा की संपत्ति है, जिसके बंटवारे की प्रक्रिया जिला जज की कोर्ट में चल रही है। सुप्रीम कोर्ट ने जुलाई 2019 में शरीयत के हिसाब से बंटवारा करने के आदेश दिए थे। बंटवारे की जिम्मेदारी जिला जज को सौंपी थी। उन्हें दिसंबर 2020 तक बंटवारा करना था। कोरोना के चलते पिछले साल लंबे समय तक अदालतें बंद रहीं और सुनवाई नहीं हो सकी। इस कारण निर्धारित अवधि में बंटवारा नहीं हो सका। इस पर जिला जज की मांग पर सुप्रीम कोर्ट ने छह माह का समय बढ़ा दिया था। यह समय भी पूरा हो चुका है। शुक्रवार को इस मामले में जिला जज की कोर्ट में सुनवाई हुई थी। जिसमें सह-अभिरक्षक शत्रु संपत्ति के अधिवक्ता की ओर से कोर्ट में प्रार्थना पत्र दाखिल कर मेहरुन्निसा बेगम के हिस्से की अचल संपत्ति जो कि कुल संपत्ति का करीब 7.30 फीसदी बनता है। उसे अलग कर उस पर अभिरक्षक शत्रु संपत्ति भारत सरकार को कब्जा प्रदान करने के आदेश देने की मांग की थी। कोर्ट ने शुक्रवार नौ जुलाई को हुई सुनवाई के बाद अगली तारीख बुधवार 14 जुलाई की दी थी। जिस पर बुधवार को इस मामले में जिला जज की कोर्ट में सुनवाई होगी।
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