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बिगड़ा मौसम का मिजाज, बूंदाबांदी से फिर बढ़ी ठंड
अमर उजाला ब्यूरो/ रामपुर
Updated Tue, 17 Jan 2017 12:57 AM IST
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मौसम का फिर बिगड़ गया। कई स्थानों पर हल्की बूंदाबांदी भी हुई। लिहाजा ठंड फिर बड़ गई। बूंदाबांदी से फसलों का फायदा पहुंचा है।
दो दिन से ठंड में कमी आ गई थी। सूरज निकलने से लोगों को राहत मिली। सोमवार को भी सुबह आसमान साफ था और सूरज भी निकला लेकिन, दोपहर के समय मौसम का मिजाज बिगड़ गया और कुछ ही देर में बादलों ने सूरज को ढक लिया। इसके बाद कई स्थानों पर बूंदाबांदी शुरू हो गई और सर्द हवाएं चलने लगीं। अचानक मौसम का मिजाज बदलने से और ठंड बढ़ गई। शाम के वक्त बाजार में भी सन्नाटा छा गया।
हाईवे पर भी वाहन की संख्या कम हो गई। शहर में लोग दुकानों और सार्वजनिक स्थानों पर अलाव लगाकर ठंड से बचने की कोशिश करने लगे।हालांकि बूंदाबादी से गेहूं समेत फसलों को काफी फायदा पहुंचा। जिला कृषि अधिकारी विश्वनाथ ने बताया अभी गेहूं की फसल छोटी है। इसलिए ओलावृष्टि या बारिश से फसलों को कोई नुकसान नहीं है। अगर गेहूं की फसल पकने के दौरान ओलावृष्टि या बारिश होती है तो गेहूं की फसल को भारी नुकसान पहुंच सकता है।
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टांडा नगर क्षेत्र में हल्की बूंदाबांदी ने ठंड ने फिर पैर पसार लिए। सर्द हवा चलने से बुजुर्ग और बच्चे को परेशानी हुई। बच्चे और बुजुर्ग विशेष एहतियात बरतते नजर आए। ठंड के चलते लोग जरूरी काम के लिए ही बाहर निकले। इस कारण बाजार में अधिक चहल-पहल नहीं दिखी।
दो दिन से ठंड में कमी आ गई थी। सूरज निकलने से लोगों को राहत मिली। सोमवार को भी सुबह आसमान साफ था और सूरज भी निकला लेकिन, दोपहर के समय मौसम का मिजाज बिगड़ गया और कुछ ही देर में बादलों ने सूरज को ढक लिया। इसके बाद कई स्थानों पर बूंदाबांदी शुरू हो गई और सर्द हवाएं चलने लगीं। अचानक मौसम का मिजाज बदलने से और ठंड बढ़ गई। शाम के वक्त बाजार में भी सन्नाटा छा गया।
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हाईवे पर भी वाहन की संख्या कम हो गई। शहर में लोग दुकानों और सार्वजनिक स्थानों पर अलाव लगाकर ठंड से बचने की कोशिश करने लगे।हालांकि बूंदाबादी से गेहूं समेत फसलों को काफी फायदा पहुंचा। जिला कृषि अधिकारी विश्वनाथ ने बताया अभी गेहूं की फसल छोटी है। इसलिए ओलावृष्टि या बारिश से फसलों को कोई नुकसान नहीं है। अगर गेहूं की फसल पकने के दौरान ओलावृष्टि या बारिश होती है तो गेहूं की फसल को भारी नुकसान पहुंच सकता है।
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टांडा नगर क्षेत्र में हल्की बूंदाबांदी ने ठंड ने फिर पैर पसार लिए। सर्द हवा चलने से बुजुर्ग और बच्चे को परेशानी हुई। बच्चे और बुजुर्ग विशेष एहतियात बरतते नजर आए। ठंड के चलते लोग जरूरी काम के लिए ही बाहर निकले। इस कारण बाजार में अधिक चहल-पहल नहीं दिखी।