{"_id":"5932e4f74f1c1bdd348b4577","slug":"14965076501914-rampur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"नाबालिग से दुराचार के मामले में 14 साल का कठोर कारावास","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
नाबालिग से दुराचार के मामले में 14 साल का कठोर कारावास
Updated Sat, 03 Jun 2017 10:03 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमर उजाला ब्यूरो
रामपुर बुशहर।
जिला एवं सत्र न्यायाधीश पीएस साम्याल ने पोक्सो एक्ट की धारा 4 और भारतीय दंड संहित की धारा 376 एफ/506 के तहत गुड्डू राम पुत्र मंगत राम, निवासी गांव करोली, पोस्ट ऑफिस खमाड़ी उपतहसील ननखड़ी को 14 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। दोषी को पांच हजार रुपये जुर्माना भी भरना होगा। जुर्माना अदा न करने पर दोषी को एक साल का साधारण कारावास भी काटना होगा। उल्लेखनीय है कि रामपुर पुलिस थाने में गत 6 अगस्त 2013 को गुड्डू राम के खिलाफ दुराचार का मामला दर्ज किया गया था। इस पर आरोप है कि उसने नाबालिग लड़की के साथ दुराचार किया था। लड़की के अभिभावकों ने इसे दोषी के पास पढ़ने के लिए गांव करोली भेजा था। यह व्यक्ति लड़की का रिश्तेदार भी है। वह दोषी के घर में परिवार के अन्य सदस्यों के साथ उसके मकान में रह रही थी। इस मकान में गुड्डू राम की दूसरी पत्नी, बड़ा भाई और भाभी के साथ रह रहे थे। यह नाबालिग इसी घर से रोज स्कूल पढ़ने जाती थी। गत 14 जनवरी 2014 को नाबालिग दोषी के साथ घर में अकेली थी और परिवार के अन्य सदस्य रामपुर गए हुए थे। इसी दिन रात को गुड्डू राम नाबालिग के कमरे में गया और उसके साथ दुराचार किया। इसके साथ ही गुड्डू ने नाबालिग को कहा कि इसके बारे में वह किसी को न बताए।
परीक्षा के बाद नाबालिग अपने अभिभावकों के पास घर लौट गई। इसके बाद नाबालिग की मां ने उसे पूछा कि वह मानसिक तनाव में क्यों है। इसके बाद नाबालिग ने अपनी मां को पूरी घटना की जानकारी दी। इसके बाद नाबालिग के अभिभावक उसे ननखड़ी पुलिस चौकी ले गए और रामपुर थाने में 5 अगस्त 2014 को गुड्डू राम के खिलाफ पोक्सो की धारा 4 के तहत मामला दर्ज किया गया। इसके बाद एएसआई हरी सिंह ने मामले की छानबीन की और गुड्डू राम के खिलाफ कोर्ट में चालान पेश किया। इस मामले में कुल 18 गवाह कोर्ट में पेश किए गए और गुड्डू राम को दोषी करार दिया गया। सरकार की ओर से इस मामले की पैरवी जिला न्यायवादी सुरेश हेटा ने की।
विज्ञापन
रामपुर बुशहर।
जिला एवं सत्र न्यायाधीश पीएस साम्याल ने पोक्सो एक्ट की धारा 4 और भारतीय दंड संहित की धारा 376 एफ/506 के तहत गुड्डू राम पुत्र मंगत राम, निवासी गांव करोली, पोस्ट ऑफिस खमाड़ी उपतहसील ननखड़ी को 14 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। दोषी को पांच हजार रुपये जुर्माना भी भरना होगा। जुर्माना अदा न करने पर दोषी को एक साल का साधारण कारावास भी काटना होगा। उल्लेखनीय है कि रामपुर पुलिस थाने में गत 6 अगस्त 2013 को गुड्डू राम के खिलाफ दुराचार का मामला दर्ज किया गया था। इस पर आरोप है कि उसने नाबालिग लड़की के साथ दुराचार किया था। लड़की के अभिभावकों ने इसे दोषी के पास पढ़ने के लिए गांव करोली भेजा था। यह व्यक्ति लड़की का रिश्तेदार भी है। वह दोषी के घर में परिवार के अन्य सदस्यों के साथ उसके मकान में रह रही थी। इस मकान में गुड्डू राम की दूसरी पत्नी, बड़ा भाई और भाभी के साथ रह रहे थे। यह नाबालिग इसी घर से रोज स्कूल पढ़ने जाती थी। गत 14 जनवरी 2014 को नाबालिग दोषी के साथ घर में अकेली थी और परिवार के अन्य सदस्य रामपुर गए हुए थे। इसी दिन रात को गुड्डू राम नाबालिग के कमरे में गया और उसके साथ दुराचार किया। इसके साथ ही गुड्डू ने नाबालिग को कहा कि इसके बारे में वह किसी को न बताए।
परीक्षा के बाद नाबालिग अपने अभिभावकों के पास घर लौट गई। इसके बाद नाबालिग की मां ने उसे पूछा कि वह मानसिक तनाव में क्यों है। इसके बाद नाबालिग ने अपनी मां को पूरी घटना की जानकारी दी। इसके बाद नाबालिग के अभिभावक उसे ननखड़ी पुलिस चौकी ले गए और रामपुर थाने में 5 अगस्त 2014 को गुड्डू राम के खिलाफ पोक्सो की धारा 4 के तहत मामला दर्ज किया गया। इसके बाद एएसआई हरी सिंह ने मामले की छानबीन की और गुड्डू राम के खिलाफ कोर्ट में चालान पेश किया। इस मामले में कुल 18 गवाह कोर्ट में पेश किए गए और गुड्डू राम को दोषी करार दिया गया। सरकार की ओर से इस मामले की पैरवी जिला न्यायवादी सुरेश हेटा ने की।
विज्ञापन