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ब्लाक प्रमुख ने आत्मदाह की कोशिश की
अमर उजाला ब्यूूराे/रामपुर
Updated Wed, 03 Feb 2016 11:26 PM IST
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बिलासपुर में अपहृत दो बीडीसी सदस्यों को मुक्त कराने की मांग को लेकर
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ब्लाक प्रमुख ने बुधवार को कोतवाली में सदस्यों के पीड़ित परिजनों के साथ
धरना दिया। निर्धारित समय में महिला सदस्य को मुक्त न कराने पर भड़की
प्रमुख ने अपने पति और अपहृत महिला बीडीसी के पति समेत आत्मदाह की कोशिश
की।
इस पुलिस ने किसी तरह केरोसिन की केन छीन ली। वहीं, महिला बीडीसी के पति समेत दो लोगों को पुलिस ने हिरासत में ले लिया है। बाद में पुलिस ने धरना दे रहे लोगों को खदेड़ दिया। ब्लाक प्रमुख रविंद्र कौर अपहृत दो बीडीसी सदस्यों ग्राम भुकसौरा निवासी वीरपाल और ग्राम टकलाबाद निवासी मायादेवी के परिजनों के साथ कोतवाली में पहुंचीं।
उन्होंने सीओ राधेश्याम को बताया कि वह प्रमुख पद की प्रत्याशी हैं। उनके समर्थक बीडीसी मायादेवी और वीरपाल को एक अन्य प्रमुख प्रत्याशी समर्थकों ने सप्ताहभर पहले अपहरण कर लिया है। इसके कारण दोनों परिवार के लोग परेशान हैं। उन्होंने कोतवाली पुलिस पर बरामदगी के नाम पर टालमटोल करने का आरोप लगाया।
इस दौरान उन्होंने चेतावनी दी कि यदि अपराह्न तीन बजे तक दोनों बीडीसी सदस्यों को बरामद नहीं किया गया तो वह और उनके पति पूर्व सपा जिलाध्यक्ष उज्ज्वल दीदार सिंह साबी तथा वीरपाल की मां मोहनी देवी व मायादेवी का पति ओमप्रकाश कोतवाली में ही धरना स्थल पर आत्मदाह कर लेंगे।
मामले की गंभीरता देखते हुए सीओ ने कार्रवाई का आश्वासन दिया। इस बीच कोतवाली परिसर में धरना शुरू हो गया। इस बीच वीरपाल की मां और ओमप्रकाश की हालत खराब हो गई। चिकित्सक ने धरना स्थल पहुंचकर चेकअप भी किया।
इस बीच एसडीएम गुलशन कुमार, क्राइम ब्रांच प्रभारी गीतेश कपिल, मिलक खानम, खजुरिया, महिला थाना प्रभारी भी पुलिस बल के साथ धरना स्थल पहुंच गईं। ढाई बजे पुलिस ने वीरपाल को क्षेत्र से बरामद दर्शाकर उसकी मां के सुपुर्द किया। इसमें उसने अपने घर और प्रमुख के साथ भेजने को कहा।
इसके बाद प्रमुख ने कहा कि अब ओमप्रकाश की पत्नी को भी लाया जाए। इस दौरान कोतवाली प्रभारी जगदीश अरोरा ने महिला बीडीसी से फोन पर बात होने की जानकारी दी। साथ ही कहा कि महिला अभी पति के साथ मौके पर नहीं आना चाहती। उसके पति को महिला से मिलवाया जाएगा।
अगर वह अपने पति के साथ नहीं आना चाहती है तो वह उसे विवश नहीं कर सकते। इस पर प्रमुख फिर धरने पर बैठ गई। प्रमुख ने चेतावनी के बाद केरोसिन और माचिस भी मंगा ली और तीन बजते ही आत्मदाह की कोशिश की। इस दौरान पुलिस ने छीना झपटी करके केरोसिन की केन छीन ली। इस दौरान दोनों पक्षों में नोकझोंक हुई।
एसडीएम और सीओ ने सभी को समझा बुझाकर कोतवाली से बाहर कर दिया। पुलिस ने बीडीसी सदस्य के पति व नरेंद्र सिंह लाडी को हिरासत में ले लिया। प्रमुख ने पुलिस पर दूसरे पक्ष के प्रत्याशी के दबाव में उनके साथ अन्याय करने की बात कहीं है।
वहीं, कोतवाली प्रभारी ने बताया कि दोनों प्रत्याशी एक दूसरे के खिलाफ बीडीसी सदस्यों का अपहरण करने का आरोप लगाकर पुलिस को परेशान कर रहे हैं।
इस पुलिस ने किसी तरह केरोसिन की केन छीन ली। वहीं, महिला बीडीसी के पति समेत दो लोगों को पुलिस ने हिरासत में ले लिया है। बाद में पुलिस ने धरना दे रहे लोगों को खदेड़ दिया। ब्लाक प्रमुख रविंद्र कौर अपहृत दो बीडीसी सदस्यों ग्राम भुकसौरा निवासी वीरपाल और ग्राम टकलाबाद निवासी मायादेवी के परिजनों के साथ कोतवाली में पहुंचीं।
उन्होंने सीओ राधेश्याम को बताया कि वह प्रमुख पद की प्रत्याशी हैं। उनके समर्थक बीडीसी मायादेवी और वीरपाल को एक अन्य प्रमुख प्रत्याशी समर्थकों ने सप्ताहभर पहले अपहरण कर लिया है। इसके कारण दोनों परिवार के लोग परेशान हैं। उन्होंने कोतवाली पुलिस पर बरामदगी के नाम पर टालमटोल करने का आरोप लगाया।
इस दौरान उन्होंने चेतावनी दी कि यदि अपराह्न तीन बजे तक दोनों बीडीसी सदस्यों को बरामद नहीं किया गया तो वह और उनके पति पूर्व सपा जिलाध्यक्ष उज्ज्वल दीदार सिंह साबी तथा वीरपाल की मां मोहनी देवी व मायादेवी का पति ओमप्रकाश कोतवाली में ही धरना स्थल पर आत्मदाह कर लेंगे।
मामले की गंभीरता देखते हुए सीओ ने कार्रवाई का आश्वासन दिया। इस बीच कोतवाली परिसर में धरना शुरू हो गया। इस बीच वीरपाल की मां और ओमप्रकाश की हालत खराब हो गई। चिकित्सक ने धरना स्थल पहुंचकर चेकअप भी किया।
इस बीच एसडीएम गुलशन कुमार, क्राइम ब्रांच प्रभारी गीतेश कपिल, मिलक खानम, खजुरिया, महिला थाना प्रभारी भी पुलिस बल के साथ धरना स्थल पहुंच गईं। ढाई बजे पुलिस ने वीरपाल को क्षेत्र से बरामद दर्शाकर उसकी मां के सुपुर्द किया। इसमें उसने अपने घर और प्रमुख के साथ भेजने को कहा।
इसके बाद प्रमुख ने कहा कि अब ओमप्रकाश की पत्नी को भी लाया जाए। इस दौरान कोतवाली प्रभारी जगदीश अरोरा ने महिला बीडीसी से फोन पर बात होने की जानकारी दी। साथ ही कहा कि महिला अभी पति के साथ मौके पर नहीं आना चाहती। उसके पति को महिला से मिलवाया जाएगा।
अगर वह अपने पति के साथ नहीं आना चाहती है तो वह उसे विवश नहीं कर सकते। इस पर प्रमुख फिर धरने पर बैठ गई। प्रमुख ने चेतावनी के बाद केरोसिन और माचिस भी मंगा ली और तीन बजते ही आत्मदाह की कोशिश की। इस दौरान पुलिस ने छीना झपटी करके केरोसिन की केन छीन ली। इस दौरान दोनों पक्षों में नोकझोंक हुई।
एसडीएम और सीओ ने सभी को समझा बुझाकर कोतवाली से बाहर कर दिया। पुलिस ने बीडीसी सदस्य के पति व नरेंद्र सिंह लाडी को हिरासत में ले लिया। प्रमुख ने पुलिस पर दूसरे पक्ष के प्रत्याशी के दबाव में उनके साथ अन्याय करने की बात कहीं है।
वहीं, कोतवाली प्रभारी ने बताया कि दोनों प्रत्याशी एक दूसरे के खिलाफ बीडीसी सदस्यों का अपहरण करने का आरोप लगाकर पुलिस को परेशान कर रहे हैं।