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बीएसए के खिलाफ शिक्षक लामबंद, शिकायत कर प्रताड़ित करने का लगाया आरोप

Sun, 21 Mar 2021 11:10 PM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Sun, 21 Mar 2021 11:10 PM IST
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रायबरेली। कोविड-19 के डोर-टू-डोर सर्वे के लिए नगरीय क्षेत्र में लगाए गए शिक्षकों ने बीएसए पर प्रताड़ित करने का आरोप लगाया है। शिक्षकों ने डीएम को प्रार्थना पत्र दिया है। सर्वे का पूरा ब्योरा मांगे जाने से शिक्षक आक्रोशित हैं। उनका कहना है कि सर्वे के दौरान पूरा ब्योरा स्वास्थ्य विभाग को उपलब्ध करा दिया गया था। इसलिए यदि जानकारी ही चाहिए तो स्वास्थ्य विभाग से प्राप्त की जा सकती है।
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शिक्षकों का कहना है कि नगरीय क्षेत्र में कोविड-19 सर्वे के दौरान डोर-टू-डोर सर्विलांस के लिए उनकी ड्यूटी लगाई गई थी। उन सभी लोगों ने स्वास्थ्य विभाग के साथ मिलकर सर्वे कार्य पूरा किया। काम पूरा होने के बाद उन सभी ने विद्यालय में कार्यभार ग्रहण कर लिया।
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शिकायत करने वाले शिक्षकों ने कहा है कि 20 मार्च को फोन करके उन्हें बीएसए दफ्तर बुलाया गया। सर्वे के दौरान प्रतिदिन किए गए कार्य का पूरा ब्योरा तीन दिन के भीतर साक्ष्यों सहित मांगा गया। अन्यथा वेतन रोकने की बात कही गई।
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शिक्षकों ने बताया कि बीएसए ने सर्वे के दौरान कब, कहां गए, किससे मिले, उसका मोबाइल नंबर जैसी जानकारी मांगी है। ये जानकारी प्रतिदिन सर्वे कार्य पूरा होने के बाद स्वास्थ्य विभाग को उपलब्ध कराई जाती रही है।
अब बीएसए काफी समय बीतने के बाद ऐसी जानकारी मांगकर उन्हें प्रताड़ित कर रहे हैं। डीएम को दिए गए प्रार्थना पत्र में रामजी, अजय साहू, अरविंद कुमार, रेखा देवी, शानू शर्मा, शिल्पी, कौशलेंद्र सिंह, संगीत भारती, नीतू, अंकित कुमार, शुभेंद्र प्रताप, रागिनी त्रिवेदी, अनुपमा, नंदिनी समेत 30 शिक्षकों ने हस्ताक्षर किए हैं। प्रार्थनापत्र की प्रतिलिपि मुख्य विकास अधिकारी, मुख्य चिकित्सा अधिकारी और अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) को भी भेजी गई है।
सर्वे के नाम पर दूसरे जिलों और रिश्तेदारी में घूमते रहे
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी आनंद प्रकाश शर्मा का इस मामले में कहना है कि सर्वे के नाम पर कई शिक्षक रिश्तेदारी में या फिर दूसरे जिलों में घूमते रहे हैं। इस बारे में शिकायतें भी मिली हैं।

इसीलिए सच्चाई का पता लगाने के लिए शिक्षकों से ब्योरा मांगा जा रहा है। अगर सर्वे के दौरान उन्होंने नियमित ड्यूटी की है तो बताएं कि वे कहां-कहां गए। डोर-टू-डोर सर्वे किया है तो घर के मुखिया का नाम, उनका मोबाइल नंबर समेत अन्य जानकारी दें। जिस शिक्षक के बारे में सर्वे ड्यूटी के नाम पर इधर-उधर घूमने की पुष्टि हो गई, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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