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30 लाख आबादी की सेहत के साथ खिलवाड़, एईएस के 20 केस पॉजिटिव

Thu, 19 Sep 2019 12:06 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Thu, 19 Sep 2019 12:06 AM IST
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Play with health of 3 million population, 20 case positives of AES
रायबरेली। जिले में 30 लाख को मच्छरजनित रोगों से बचाने के लिए शासन से मिले 8.50 लाख रुपये के बजट को भी विभाग खर्च नहीं कर पा रहा है। एक्यूट इंसेफेलाइटिस सिंड्रोम (एईएस) के 20 केस पॉजिटिव पाए गए हैं। इसके अलावा डेंगू के भी दो नए केस मिले हैं। जिले के गांवों में लोगों को मच्छरों से बचाने के लिए दवा का छिड़काव नहीं कराया गया है।
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जिले में मच्छरजनित रोगों से लोगों को बचाने की स्वास्थ्य विभाग की पूरी तैयारी तार-तार हो चुकी है। अधिकारियों का दावा है कि दवाएं खरीद कर ली गई है और भुगतान की प्रक्रिया चल रही है, लेकिन हकीकत है कि मच्छरजनित रोगों से लोगों को बचाने के लिए पांच लाख रुपये से अधिक खाते में ही डंप हैं। इसके अलावा अन्य दवाएं खरीदने के लिए भी मिले साढ़े तीन लाख रुपये खर्च नहीं हो सके हैं।
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प्रचार-प्रसार के बजट को भी खर्च नहीं किया गया है। शहर व सरेनी क्षेत्र में डेंगू का एक-एक नया केस मिला है। इसके अलावा एईएस के 20 केस पॉजिटिव पाए गए हैं। इसमें शिवगढ़ क्षेत्र में विपिन, देवा, जगतपुर क्षेत्र में अशोक कुमार, गंगोत्री, महराजगंज क्षेत्र में मनोज सिंह, लालगंज क्षेत्र में अंजू सहित 20 रोगियों में एईएस की पुष्टि हुई है।
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जिला अस्पताल में मिले स्क्रब टाइफस के संदिग्ध रोगियों के बाद पुष्टि के लिए सैंपल लखनऊ भेजा गया था। सातों मरीजों की प्रयोगशाला रिपोर्ट आ गई है। जिला अस्पताल की रिपोर्ट को लखनऊ की प्रयोगशाला ने ओके कर दिया है। सातों रोगियों में स्क्रब टाइफस की पुष्टि हो गई है। विभाग का दावा है इलाज से सभी रोगियों की हालत में सुधार है।

स्क्रब टाइफस से बचने का घरेलू उपचार-
दूध के साथ हल्दी पाउडर कर सेवन किया जाए।
मेथी पत्ती या पाउडर का सेवन पानी के साथ करे।
एप्सम साल्ट व नीम की पत्ती को गरम पानी में डालकर स्थान करें।
लहसुन व अजवाइन को तेल में गरम करके सेवन करें।
गिलोय व तुलसी की पत्ती को उबालकर सेवन करें।
मच्छरजनित रोगों से बचने को यह करें-
घर के आसपास गंदा या साफ पानी न रुकने दें।
घास आदि की सफाई रखें, घास में ही स्क्रब टाइफस के कीट रहते हैं।
पूरी आस्तीन के कपड़े पहने, मोजे व जूते पहनकर ही घर से निकलें।
बुखार व अन्य लक्षण मिलते ही डॉक्टर से सलाह जरूर लें।
जिले के लोगों को मच्छरजनित रोगों से बचाने के लिए तैयारियां पूरी है। जरूरी दवाएं परचेज करके भुगतान की प्रक्रिया चल रही है। एईएस के अब तक 20 रोगी मिले हैं। डेंगू के भी दो नए केस मिले हैं। दवाओं का छिड़काव जरूरी स्थानों पर कराया जा रहा है। निरीक्षण के दौरान मच्छरों के लार्वा मिलने पर अब तक 90 लोगों को नोटिस दिया गया है। स्क्रब टाइफस के सातों केस की पुष्टि हो गई है।- डॉ. ऋतु श्रीवास्तव, जिला मलेरिया अधिकारी
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