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Raebareli News: चार ट्रेनें निरस्त, वंदेभारत और स्पेशल की गति धीमी
Mon, 16 Jun 2025 01:09 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रायबरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, रायबरेली
Updated Mon, 16 Jun 2025 01:09 AM IST
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शहर के रेलवे स्टेशन पर खड़ी बनारस जाने वाली जनता मेल और प्लेटफॉर्म पर टहलते यात्री।
रायबरेली। उतरेटिया-रायबरेली रेलमार्ग पर रविवार को ट्रैफिक ब्लॉक से इस जिले के लिए चार ट्रेनें निरस्त रहीं। इन ट्रेनों को सुल्तानपुर के रास्ते दौड़ाया गया। इसके अलावा वंदेभारत, स्पेशल समेत चार ट्रेनों की रफ्तार धीमी पड़ गई, जिससे इन ट्रेनों की लेटलतीफी बढ़ी। ट्रेनों का संचालन प्रभावित होने से यात्रियों को दिक्कत हुई।
ट्रैफिक ब्लॉक के दौरान रायबरेली समेत अन्य रेलवे रेलवे स्टेशनों पर सन्नाटा छाया रहा। सुबह लखनऊ से आने वाली ट्रेनों की लेटलतीफी के कारण देर से ट्रैफिक ब्लॉक मिला, लेकिन शाम को तय समय से पहले काम पूरा कर लिया गया। छह घंटे का ट्रैफिक ब्लॉक था, लेकिन साढ़े पांच घंटे बाद रेल यातायात बहाल हो गया।
उतरेटिया-रायबरेली रेलमार्ग पर तीन जगह अंडरपास के लिए काम कराया गया। इनमें रायबरेली जिले के बछरावां-कुंदनगंज के बीच एक जगह तो लखनऊ जिले के कनकहा-निगोहा के बीच दो जगह काम हुआ। पहले से छह घंटे का ट्रैफिक ब्लॉक तय था, जिसकी वजह से चार ट्रेनों का रूट डायवर्जन कर दिया गया है।
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इसी वजह से बनारस से देहरादून जाने वाली जनता मेल, हावड़ा से अमृतसर जाने वाली पंजाब मेल, अमृतसर से हावड़ा जाने वाली पंजाब मेल और भटिंडा से वाराणसी जाने वाली स्पेशल ट्रेन नहीं आईं। ये ट्रेनें सुल्तानपुर के रास्ते दौड़ीं। दो ट्रेनों को देर तक रोकने की रूपरेखा बनी थी, लेकिन देर से ट्रैफिक ब्लॉक मिलने की वजह से चार ट्रेनों की रफ्तार पर असर पड़ा। इससे लेटलतीफी बढ़ी।
गोरखपुर लौटने वाली वंदेभारत एक्सप्रेस रायबरेली समेत कई स्टेशनों पर देर तक रोकी गई, जिससे लेटलतीफी पौन घंटे हो गई। सुबह प्रयागराज जाने वाली वंदेभारत भी 20 मिनट से ज्यादा लेट आई। आनंद विहार से पुरी जाने वाली नीलांचल एक्सप्रेस साढ़े तीन घंटे, टनकपुर से शक्ति नगर जाने वाली त्रिवेणी एक्सप्रेस पौने दो घंटे और फिरोजपुर कैंट-पटना स्पेशल 12 घंटे विलंब से पहुंची। ये ट्रेनें रास्ते में कई जगह काफी देर रुकीं।
वरिष्ठ खंड अभियंता (कार्य) विजय श्रीवास्तव का कहना है कि सुबह 11:10 बजे से शाम 5:10 बजे तक ट्रैफिक ब्लाॅक मिलना था, लेकिन देर से आई ट्रेनों को पास कराने की वजह से दोपहर 12:15 बजे ब्लॉक मिला।
ट्रेनों की लेटलतीफी से करना पड़ा इंतजार
रायबरेली। जिले से होकर गुजरने वाली ट्रेनों की लेटलतीफी ने यात्रियों को इंतजार कराया। ट्रैफिक ब्लॉक से भले ही कई ट्रेनें प्रभावित रहीं, लेकिन इसके अलावा भी ज्यादातर ट्रेनें काफी विलंब से पहुंचीं। रविवार को दिल्ली-वाराणसी स्पेशल सवा पांच घंटे, लखनऊ-प्रयागराज पैसेंजर पांच घंटे, सहारनपुर-प्रयागराज नौचंदी एक्सप्रेस पौने पांच घंटे, देहरादून-बनारस जनता मेल पौने तीन घंटे, दिल्ली-प्रतापगढ़ पद्मावत एक्सप्रेस दो घंटे, चंडीगढ़-प्रयागराज ऊंचाहार एक्सप्रेस व बनारस-नई दिल्ली काशी विश्वनाथ एक्सप्रेस एक घंटे विलंब से आई।
लखनऊ-वाराणसी इंटरसिटी एक्सप्रेस, प्रयागराज-चंडीगढ़ ऊंचाहार एक्सप्रेस, सिंगरौली-टनकपुर त्रिवेणी एक्सप्रेस, प्रयागराज-लखनऊ इंटरसिटी एक्सप्रेस आधे घंटे देर से पहुंची। शनिवार को देर रात नई दिल्ली-बनारस काशी विश्वनाथ एक्सप्रेस सवा पांच घंटे, बरेली-प्रयागराज एक्सप्रेस पौने चार घंटे, प्रयागराज-लखनऊ पैसेंजर दो घंटे, वाराणसी-लखनऊ इंटरसिटी एक्सप्रेस सवा घंटे, कानपुर-रायबरेली पैसेंजर, कानपुर-प्रतापगढ़ इंटरसिटी एक्सप्रेस एक घंटे विलंब से आई। यातायात निरीक्षक राजेश कुमार का कहना है कि सभी ट्रेनें पहले से ही लेट होने के कारण देर से पहुंची हैं।
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ट्रैफिक ब्लॉक के दौरान रायबरेली समेत अन्य रेलवे रेलवे स्टेशनों पर सन्नाटा छाया रहा। सुबह लखनऊ से आने वाली ट्रेनों की लेटलतीफी के कारण देर से ट्रैफिक ब्लॉक मिला, लेकिन शाम को तय समय से पहले काम पूरा कर लिया गया। छह घंटे का ट्रैफिक ब्लॉक था, लेकिन साढ़े पांच घंटे बाद रेल यातायात बहाल हो गया।
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उतरेटिया-रायबरेली रेलमार्ग पर तीन जगह अंडरपास के लिए काम कराया गया। इनमें रायबरेली जिले के बछरावां-कुंदनगंज के बीच एक जगह तो लखनऊ जिले के कनकहा-निगोहा के बीच दो जगह काम हुआ। पहले से छह घंटे का ट्रैफिक ब्लॉक तय था, जिसकी वजह से चार ट्रेनों का रूट डायवर्जन कर दिया गया है।
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इसी वजह से बनारस से देहरादून जाने वाली जनता मेल, हावड़ा से अमृतसर जाने वाली पंजाब मेल, अमृतसर से हावड़ा जाने वाली पंजाब मेल और भटिंडा से वाराणसी जाने वाली स्पेशल ट्रेन नहीं आईं। ये ट्रेनें सुल्तानपुर के रास्ते दौड़ीं। दो ट्रेनों को देर तक रोकने की रूपरेखा बनी थी, लेकिन देर से ट्रैफिक ब्लॉक मिलने की वजह से चार ट्रेनों की रफ्तार पर असर पड़ा। इससे लेटलतीफी बढ़ी।
गोरखपुर लौटने वाली वंदेभारत एक्सप्रेस रायबरेली समेत कई स्टेशनों पर देर तक रोकी गई, जिससे लेटलतीफी पौन घंटे हो गई। सुबह प्रयागराज जाने वाली वंदेभारत भी 20 मिनट से ज्यादा लेट आई। आनंद विहार से पुरी जाने वाली नीलांचल एक्सप्रेस साढ़े तीन घंटे, टनकपुर से शक्ति नगर जाने वाली त्रिवेणी एक्सप्रेस पौने दो घंटे और फिरोजपुर कैंट-पटना स्पेशल 12 घंटे विलंब से पहुंची। ये ट्रेनें रास्ते में कई जगह काफी देर रुकीं।
वरिष्ठ खंड अभियंता (कार्य) विजय श्रीवास्तव का कहना है कि सुबह 11:10 बजे से शाम 5:10 बजे तक ट्रैफिक ब्लाॅक मिलना था, लेकिन देर से आई ट्रेनों को पास कराने की वजह से दोपहर 12:15 बजे ब्लॉक मिला।
ट्रेनों की लेटलतीफी से करना पड़ा इंतजार
रायबरेली। जिले से होकर गुजरने वाली ट्रेनों की लेटलतीफी ने यात्रियों को इंतजार कराया। ट्रैफिक ब्लॉक से भले ही कई ट्रेनें प्रभावित रहीं, लेकिन इसके अलावा भी ज्यादातर ट्रेनें काफी विलंब से पहुंचीं। रविवार को दिल्ली-वाराणसी स्पेशल सवा पांच घंटे, लखनऊ-प्रयागराज पैसेंजर पांच घंटे, सहारनपुर-प्रयागराज नौचंदी एक्सप्रेस पौने पांच घंटे, देहरादून-बनारस जनता मेल पौने तीन घंटे, दिल्ली-प्रतापगढ़ पद्मावत एक्सप्रेस दो घंटे, चंडीगढ़-प्रयागराज ऊंचाहार एक्सप्रेस व बनारस-नई दिल्ली काशी विश्वनाथ एक्सप्रेस एक घंटे विलंब से आई।
लखनऊ-वाराणसी इंटरसिटी एक्सप्रेस, प्रयागराज-चंडीगढ़ ऊंचाहार एक्सप्रेस, सिंगरौली-टनकपुर त्रिवेणी एक्सप्रेस, प्रयागराज-लखनऊ इंटरसिटी एक्सप्रेस आधे घंटे देर से पहुंची। शनिवार को देर रात नई दिल्ली-बनारस काशी विश्वनाथ एक्सप्रेस सवा पांच घंटे, बरेली-प्रयागराज एक्सप्रेस पौने चार घंटे, प्रयागराज-लखनऊ पैसेंजर दो घंटे, वाराणसी-लखनऊ इंटरसिटी एक्सप्रेस सवा घंटे, कानपुर-रायबरेली पैसेंजर, कानपुर-प्रतापगढ़ इंटरसिटी एक्सप्रेस एक घंटे विलंब से आई। यातायात निरीक्षक राजेश कुमार का कहना है कि सभी ट्रेनें पहले से ही लेट होने के कारण देर से पहुंची हैं।