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शाखा प्रबंधक समेत दो के खिलाफ एफआईआर
रायबरेली/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 22 Sep 2015 10:30 PM IST
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सलोन कोतवाली क्षेत्र में एक किसान क्रेडिट कार्ड से धोखाधड़ी करके 1.40 लाख रुपये लोन के मामले में पुलिस ने मंगलवार को शाखा प्रबंधक समेत दो लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली।
राजापुर माफी निवासी शिव नारायण ने सलोन कोतवाली में दी गई तहरीर में आरोप लगाया है कि बीती 20 जुलाई को उसने अपनी पत्नी पार्वती के साथ संयुक्त केसीसी बनवाने के लिए एसबीआई की उमरी शाखा में आवेदन किया था।
11 सितंबर को वह केसीसी बनने की जानकारी करने के लिए बैंक पहुंचा तो उसे पता चला कि उसके केसीसी से 1.40 लाख रुपये दूसरे के खाते में भेज दिए गए।
इसी बीच वह केसीसी के बारे में जानकारी करने बैंक गया, लेकिन अफसरों ने उसे लौटा दिया। उसका कहना है कि 14 सितंबर को उसने खाते का ब्यौरा निकलवाया तो जालसाजी का पता चला।
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पीड़ित का आरोप है कि बैंक अफसरों, कर्मियों की मिलीभगत से रुपया निकाला गया है। इस मामले की शिकायत स्टेट बैंक के रीजनल ऑफिस में की गई थी, वहां के अफसरों ने भी कई दिन तक हीलाहवाली की।
कोतवाल गजेंद्रपाल सिंह ने बताया कि शाखा प्रबंधक एके पाठक और चंद्रभूषण प्रजापति निवासी सलोन के खिलाफ धोखाधड़ी की एफआईआर दर्ज कर ली गई है। जांच के बाद कार्रवाई होगी।
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राजापुर माफी निवासी शिव नारायण ने सलोन कोतवाली में दी गई तहरीर में आरोप लगाया है कि बीती 20 जुलाई को उसने अपनी पत्नी पार्वती के साथ संयुक्त केसीसी बनवाने के लिए एसबीआई की उमरी शाखा में आवेदन किया था।
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11 सितंबर को वह केसीसी बनने की जानकारी करने के लिए बैंक पहुंचा तो उसे पता चला कि उसके केसीसी से 1.40 लाख रुपये दूसरे के खाते में भेज दिए गए।
इसी बीच वह केसीसी के बारे में जानकारी करने बैंक गया, लेकिन अफसरों ने उसे लौटा दिया। उसका कहना है कि 14 सितंबर को उसने खाते का ब्यौरा निकलवाया तो जालसाजी का पता चला।
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पीड़ित का आरोप है कि बैंक अफसरों, कर्मियों की मिलीभगत से रुपया निकाला गया है। इस मामले की शिकायत स्टेट बैंक के रीजनल ऑफिस में की गई थी, वहां के अफसरों ने भी कई दिन तक हीलाहवाली की।
कोतवाल गजेंद्रपाल सिंह ने बताया कि शाखा प्रबंधक एके पाठक और चंद्रभूषण प्रजापति निवासी सलोन के खिलाफ धोखाधड़ी की एफआईआर दर्ज कर ली गई है। जांच के बाद कार्रवाई होगी।