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Raebareli News: दो व्यापारी नेताओं पर ठगी का एक और केस
Sun, 22 Jun 2025 12:54 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रायबरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, रायबरेली
Updated Sun, 22 Jun 2025 12:54 AM IST
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रायबरेली। शहर के एक और चिकित्सक की तहरीर पर शुक्रवार रात दो व्यापारी नेताओं पर 43 लाख रुपये ठगी करने का मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने प्रकरण की जांच शुरू कर दी है। दोनों आरोपी सगे भाई हैं। शहर के सिविल लाइन निवासी कांग्रेस नेता व चिकित्सक मनीष चौहान के मुताबिक 20 जून की सुबह मोतीलाल नेहरू स्टेडियम में टहलने गए थे। सोशल मीडिया के जरिए पता चला था कि दो व्यापारी नेताओं ने अन्य चिकित्सकों के साथ ठगी की है। दोनों आरोपियों ने उनसे भी व्यापार के नाम पर 43 लाख रुपये लिए थे।
मॉर्निंग वाॅक के दौरान फिरोज गांधी कॉलोनी निवासी त्रिलोचन सिंह छाबड़ा व उसके भाई रवींद्र सिंह छाबड़ा से रुपये मांगे तो जानमाल की धमकी दी। रुपये देने से इन्कार कर दिया। दोनों आरोपियों ने पुलिस लाइन निवासी डॉ. संजीव जायसवाल से 70 लाख और विष्णु नगर निवासी डॉ. मनीष त्रिवेदी से 20 लाख रुपये की ठगी की है। अपर पुलिस अधीक्षक संजीव कुमार सिन्हा ने बताया कि तीन चिकित्सकों के साथ हुई ठगी के मामले सदर कोतवाली में दर्ज कराए गए हैं। जांच कराई जा रही है। आरोपियों पर कार्रवाई होगी।
कौन सच और कौन झूठ... तफ्तीश में खुलेगा राज
शहर के नामी चिकित्सकों और व्यापारी नेताओं के बीच पैसों के लेनदेन का मामला चर्चा का विषय बन गया है। चिकित्सक व्यापारी नेताओं पर पैसा ठगने का आरोप लगा रहे हैं तो व्यापारी नेता चिकित्सकों पर बेवजह परेशान करने का आरोप लगा रहे हैं। ऐसे में कौन सच है और कौन झूठ बोल रहा है, यह पुलिस की तफ्तीश के बाद ही सामने आएगा। पुलिस हर बिंदु पर पड़ताल कर रही है।
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सवाल चिकित्सकों पर भी उठ रहे हैं, कहा जा रहा है कि चिकित्सकों की तरफ से इतनी आसानी से दोनों व्यापारी नेताओं को लाखों रुपये कैसे उधार दे दिए गए। लाखों रुपये देने के बाद यह मामला अब पुलिस तक क्यों पहुंचा, जबकि ठगी तो काफी पहले की जा चुकी है। चिकित्सकों की तरफ से आरोपियों को दिए गए रुपये का कोई सबूत है कि नहीं।
आरोपियों का प्रदेश के मंत्रियों, उच्चाधिकारियों से लेकर जिले के कई अफसरों के पास उठना-बैठना था। यहां तक दोनों आरोपी कई विभागों में होने वाले कार्यक्रमों पर लाखों रुपये खर्च करते थे। ऐसे में आरोपियों के खिलाफ पुलिस सख्त कार्रवाई कर पाएगी, यह भी कहना अभी जल्दबाजी होगी।
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मॉर्निंग वाॅक के दौरान फिरोज गांधी कॉलोनी निवासी त्रिलोचन सिंह छाबड़ा व उसके भाई रवींद्र सिंह छाबड़ा से रुपये मांगे तो जानमाल की धमकी दी। रुपये देने से इन्कार कर दिया। दोनों आरोपियों ने पुलिस लाइन निवासी डॉ. संजीव जायसवाल से 70 लाख और विष्णु नगर निवासी डॉ. मनीष त्रिवेदी से 20 लाख रुपये की ठगी की है। अपर पुलिस अधीक्षक संजीव कुमार सिन्हा ने बताया कि तीन चिकित्सकों के साथ हुई ठगी के मामले सदर कोतवाली में दर्ज कराए गए हैं। जांच कराई जा रही है। आरोपियों पर कार्रवाई होगी।
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शहर के नामी चिकित्सकों और व्यापारी नेताओं के बीच पैसों के लेनदेन का मामला चर्चा का विषय बन गया है। चिकित्सक व्यापारी नेताओं पर पैसा ठगने का आरोप लगा रहे हैं तो व्यापारी नेता चिकित्सकों पर बेवजह परेशान करने का आरोप लगा रहे हैं। ऐसे में कौन सच है और कौन झूठ बोल रहा है, यह पुलिस की तफ्तीश के बाद ही सामने आएगा। पुलिस हर बिंदु पर पड़ताल कर रही है।
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सवाल चिकित्सकों पर भी उठ रहे हैं, कहा जा रहा है कि चिकित्सकों की तरफ से इतनी आसानी से दोनों व्यापारी नेताओं को लाखों रुपये कैसे उधार दे दिए गए। लाखों रुपये देने के बाद यह मामला अब पुलिस तक क्यों पहुंचा, जबकि ठगी तो काफी पहले की जा चुकी है। चिकित्सकों की तरफ से आरोपियों को दिए गए रुपये का कोई सबूत है कि नहीं।
आरोपियों का प्रदेश के मंत्रियों, उच्चाधिकारियों से लेकर जिले के कई अफसरों के पास उठना-बैठना था। यहां तक दोनों आरोपी कई विभागों में होने वाले कार्यक्रमों पर लाखों रुपये खर्च करते थे। ऐसे में आरोपियों के खिलाफ पुलिस सख्त कार्रवाई कर पाएगी, यह भी कहना अभी जल्दबाजी होगी।