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जमीन महिला की और दूसरे को दे
Updated Thu, 13 Jul 2017 01:03 AM IST
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जमीन महिला की और दूसरे को दे दिया 15 लाख का मुआवजा
रायबरेली। जमीन अधिग्रहण के नाम पर दिए जाने वाले मुआवजे के नाम पर खेल किया जा रहा है। एक महिला की जमीन तो अधिग्रहण कर ली गई, लेकिन मुआवजा दूसरे को दे दिया गया। महिला मुआवजा पाने के लिए इधर-इधर भटक रही है, लेकिन उसकी पीड़ा सुनने वाला कोई नहीं है। शिकायत पर जिले के प्रभारी मंत्री नंदगोपाल गुप्ता ने मामले के जांच कराने के निर्देश दिए हैं। शहर के बड़ा घोसियाना मलिकमऊ रोड की रहने वाली रीता गुप्ता पत्नी अशोक कुमार गुप्ता ने जिले के प्रभारी मंत्री नंद गोपाल गुप्ता को पत्र देकर बताया कि राष्ट्रीय राजमार्ग रायबरेली-सुल्तानपुर पर अंबेडकनगर के पास चौैड़ीकरण के लिए उसकी जमीन का अधिग्रहण किया गया था। मुआवजे के लिए उसे नोटिस मिला था। उसे 15 लाख का मुआवजा मिलना था। उसे मुआवजा न देकर दूसरे व्यक्ति को मुआवजा दे दिया गया। इसमें भूमि अध्याप्ति विभाग के अफसर भी शामिल रहे। अब तक कार्रवाई नहीं की गई। उसका मुआवजा नहीं मिल रहा है। महिला का कहना है कि प्रभारी मंत्री ने डीएम को मामले दिखवाने के निर्देश दिए हैं। ब्यूरो
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रायबरेली। जमीन अधिग्रहण के नाम पर दिए जाने वाले मुआवजे के नाम पर खेल किया जा रहा है। एक महिला की जमीन तो अधिग्रहण कर ली गई, लेकिन मुआवजा दूसरे को दे दिया गया। महिला मुआवजा पाने के लिए इधर-इधर भटक रही है, लेकिन उसकी पीड़ा सुनने वाला कोई नहीं है। शिकायत पर जिले के प्रभारी मंत्री नंदगोपाल गुप्ता ने मामले के जांच कराने के निर्देश दिए हैं। शहर के बड़ा घोसियाना मलिकमऊ रोड की रहने वाली रीता गुप्ता पत्नी अशोक कुमार गुप्ता ने जिले के प्रभारी मंत्री नंद गोपाल गुप्ता को पत्र देकर बताया कि राष्ट्रीय राजमार्ग रायबरेली-सुल्तानपुर पर अंबेडकनगर के पास चौैड़ीकरण के लिए उसकी जमीन का अधिग्रहण किया गया था। मुआवजे के लिए उसे नोटिस मिला था। उसे 15 लाख का मुआवजा मिलना था। उसे मुआवजा न देकर दूसरे व्यक्ति को मुआवजा दे दिया गया। इसमें भूमि अध्याप्ति विभाग के अफसर भी शामिल रहे। अब तक कार्रवाई नहीं की गई। उसका मुआवजा नहीं मिल रहा है। महिला का कहना है कि प्रभारी मंत्री ने डीएम को मामले दिखवाने के निर्देश दिए हैं। ब्यूरो