{"_id":"5d31c1a28ebc3e6cc050496c","slug":"revenue-inspector-suspended-in-case-of-death-of-seven-cows-pratapgarh-news-ald249819918","type":"story","status":"publish","title_hn":"सात गायों की मौत के मामले में राजस्व निरीक्षक निलंबित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सात गायों की मौत के मामले में राजस्व निरीक्षक निलंबित
विज्ञापन
सात गायों की मौत के मामले में राजस्व निरीक्षक निलंबित
भुपियामऊ के ग्राम पंचायत अधिकारी रंगनाथ शर्मा पर गिर चुकी है गाज
अमर उजाला ब्यूरो
प्रतापगढ़। जिले के संग्रामगढ़ गो आश्रय केंद्र में सात गायों की मौत के मामले में जिला पंचायत के सहायक राजस्व अधिकारी रामचंद्र को निलंबित कर दिया गया है। भुपियामऊ में गायों के खाने के लिए भूसे का इंतजाम नहीं होने पर वीडीओ रंगनाथ शर्मा को गुरुवार को ही निलंबित किया जा चुका है। इधर, सीडीओ ने गो आश्रय केंद्रों की निगरानी के लिए 37 नोडल अधिकारी बनाए हैं।
गो आश्रय केंद्रों पर मवेशियों की मौतों के मामले में योगी सरकार का सख्त रुख देखकर अधिकारियों ने भी तेवर बदल दिया है। शुक्रवार को जिला पंचायत के अपर मुख्य अधिकारी ने संग्रामगढ़ गो आश्रय केंद्र पर 14 जुलाई को सात गायों की मौत और मवेशियों के भूसा नहीं होने के मामले में प्रभारी सहायक राजस्व अधिकारी रामचंद्र को लापरवाह मानते हुए निलंबित कर दिया है। अमर उजाला ने 15 जुलाई के अंक में संग्रामगढ़ में 89 मवेशियों के लिए सिर्फ बीस किलो भूसा की खबर प्रकाशित कर अफसरों के कान खड़े कर दिए थे। अपर मुख्य अधिकारी पुनीत वर्मा ने अवर अभियंता को मौके पर भेजकर मामले की जांच करने को कहा था। शुक्रवार को रिपोर्ट आते ही निलंबन का आदेश जारी कर जिला पंचायत से संबद्ध कर दिया। इधर, भुपियामऊ में स्थित गो संरक्षण केंद्र में कैद जानवरों के लिए भूसा और रहने की उचित व्यवस्था नहीं होने पर सीडीओ ने गुरुवार को ही ग्राम पंचायत विकास अधिकारी रंगनाथ शर्मा को निलंबित कर दिया था। सीडीओ धीरेंद्र प्रताप सिंह ने अफसरों की जवाबदेही तय करते हुए 37 गो आश्रय केंद्रों के लिए नोडल अधिकारियों को नामित किया है। सीबीओ डॉ. विजय प्रताप सिंह ने बताया कि इन अफसरों को नियमित रूप से गो आश्रय केंद्रों का निरीक्षण करने को कहा गया है।
विज्ञापन
भुपियामऊ के ग्राम पंचायत अधिकारी रंगनाथ शर्मा पर गिर चुकी है गाज
अमर उजाला ब्यूरो
प्रतापगढ़। जिले के संग्रामगढ़ गो आश्रय केंद्र में सात गायों की मौत के मामले में जिला पंचायत के सहायक राजस्व अधिकारी रामचंद्र को निलंबित कर दिया गया है। भुपियामऊ में गायों के खाने के लिए भूसे का इंतजाम नहीं होने पर वीडीओ रंगनाथ शर्मा को गुरुवार को ही निलंबित किया जा चुका है। इधर, सीडीओ ने गो आश्रय केंद्रों की निगरानी के लिए 37 नोडल अधिकारी बनाए हैं।
गो आश्रय केंद्रों पर मवेशियों की मौतों के मामले में योगी सरकार का सख्त रुख देखकर अधिकारियों ने भी तेवर बदल दिया है। शुक्रवार को जिला पंचायत के अपर मुख्य अधिकारी ने संग्रामगढ़ गो आश्रय केंद्र पर 14 जुलाई को सात गायों की मौत और मवेशियों के भूसा नहीं होने के मामले में प्रभारी सहायक राजस्व अधिकारी रामचंद्र को लापरवाह मानते हुए निलंबित कर दिया है। अमर उजाला ने 15 जुलाई के अंक में संग्रामगढ़ में 89 मवेशियों के लिए सिर्फ बीस किलो भूसा की खबर प्रकाशित कर अफसरों के कान खड़े कर दिए थे। अपर मुख्य अधिकारी पुनीत वर्मा ने अवर अभियंता को मौके पर भेजकर मामले की जांच करने को कहा था। शुक्रवार को रिपोर्ट आते ही निलंबन का आदेश जारी कर जिला पंचायत से संबद्ध कर दिया। इधर, भुपियामऊ में स्थित गो संरक्षण केंद्र में कैद जानवरों के लिए भूसा और रहने की उचित व्यवस्था नहीं होने पर सीडीओ ने गुरुवार को ही ग्राम पंचायत विकास अधिकारी रंगनाथ शर्मा को निलंबित कर दिया था। सीडीओ धीरेंद्र प्रताप सिंह ने अफसरों की जवाबदेही तय करते हुए 37 गो आश्रय केंद्रों के लिए नोडल अधिकारियों को नामित किया है। सीबीओ डॉ. विजय प्रताप सिंह ने बताया कि इन अफसरों को नियमित रूप से गो आश्रय केंद्रों का निरीक्षण करने को कहा गया है।
विज्ञापन