फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Pratapgarh News ›   PRADHAN SPEND THE BUDGET WITHOU WORK ORDER

अफसर बनाते रहे मसौदा प्रधान चट कर गए बजट

Sun, 04 Sep 2016 12:12 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो प्रतापगढ़।
अमर उजाला ब्यूरो प्रतापगढ़। Updated Sun, 04 Sep 2016 12:12 AM IST
विज्ञापन
 PRADHAN SPEND THE BUDGET WITHOU WORK ORDER
पैसे - फोटो : अमर उजाला
चौदहवें वित्त आयोग की धनराशि खर्च करने के लिए अफसर मसौदा ही तैयार करते रह गए और 436 प्रधानों ने रुपये निकालकर बंदरबांट कर लिया। इसका खुलासा होने पर अफसरों ने प्रधानों पर दबाव बनाते हुए खाते में पुन: रुपये जमा करने और शाखा प्रबंधकों को पत्र जारी कर डीएम के अनुमोदन वाला पत्र दिखाने पर ही भुगतान करने को कहा है।
विज्ञापन


जिले की 1255 ग्राम पंचायतों में विकास कार्य कराने के लिए शासन ने पहली बार चौदहवें वित्त आयोग की 67.318 करोड़ रुपये चुनाव के ठीक बाद प्रधानों के खाते में भेज दिया गया, मगर रुपये का उपभोग किस तरह किया जाएगा, इसे नहीं बताया गया। जिला प्रशासन ने लगभग तीन माह तक खाते पर रोक लगाए रखी, मगर शासन से ऑनलाइन कार्ययोजना फीड कराकर रुपये खर्च करने का आदेश जारी होते ही जिला प्रशासन ने भी छूट दे दी। इधर, ऑनलाइन कार्ययोजना फीड कराने और अनुमति लेने की बात तो दूर रही, बगैर कार्ययोजना तैयार हुए 436 प्रधानों ने रुपये निकालकर दुरुपयोग कर लिया।
विज्ञापन


ऑनलाइन जांच में इस बात का खुलासा होने पर अधिकारी हैरत में हैं। जिला प्रशासन अब प्रधानों पर रुपये जमा कराने का दबाव बना रहा है। फिलहाल, जिलाधिकारी ने जिले की सभी बैंकों को पत्र जारी कर प्रधानों को चौदहवें वित्त आयोग की धनराशि का भुगतान करने से पहले उनसे डीएम से अनुमोदन कार्ययोजना मांगने को कहा है। डीपीआरओ कुंवर सिंह यादव ने बताया कि चौदहवें वित्त आयोग की धनराशि खर्च करने के पहले ऑनलाइन फीडिंग और डीएम से अनुमति लेना आवश्यक है। जिन प्रधानों ने बगैर कार्य कराए रुपये निकाले हैं, उनसे तुरंत जमा करने को कहा गया है। ऐसा नहीं करने वाले प्रधानों के खिलाफ  मुकदमा दर्ज कराया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


कम से कम पांच और अधिकतम 26 लाख
चौदहवें वित्त आयोग के तहत ग्राम पंचायतों को जो धनराशि प्रदान की गई थी, वह जनसंख्या के आधार पर थी। छोटी ग्राम पंचायत को कम से कम पांच लाख रुपये और बड़ी ग्राम पंचायतों को अधिकतम 26 लाख रुपये दिए गए थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed