{"_id":"6679f2c12ad1b0705a03f7d4","slug":"people-are-distressed-due-to-indiscriminate-power-cuts-responsible-are-silent-pratapgarh-news-c-262-1-ptp1005-119405-2024-06-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Pratapgarh News: बिजली की अंधाधुंध कटौती से लोग बेहाल, जिम्मेदार मौन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Pratapgarh News: बिजली की अंधाधुंध कटौती से लोग बेहाल, जिम्मेदार मौन
Tue, 25 Jun 2024 03:57 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, प्रतापगढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, प्रतापगढ़
Updated Tue, 25 Jun 2024 03:57 AM IST
विज्ञापन
बिजली की अंधाधुंध कटौती से हर ओर त्राहिमाम मचा है। बारिश के बाद बढ़ी उमस के बीच बिजली की अघोषित कटौती ने लोगों को बेहाल कर दिया। रात की नींद और दिन का सुकून लोगों का छिन गया। उपकेंद्रों पर शिकायतकर्ताओं के फोन घनघनाते रहे। इसके बावजूद भी कटौती बदस्तूर जारी रही।
पिछले दो दिनों से हल्की बरसात के बाद तेज धूप निकलने से उमस भरी गर्मी पड़ रही है। वहीं बिजली की अघोषित कटौती ने लोगों को बेहाल कर दिया है। रविवार की रात करीब दस बजे से बिजली कटौती का सिलसिला शुरू हुआ। सोमवार की देर शाम तक हर दो घंटे पर लाइट की आवाजाही जारी रही। रात करीब 11 बजे एक साथ बाबागंज, दहिलामऊ और रूपापुर उपकेंद्र पर कटौती की गई। बिजली कटते ही पूरा शहर अंधेरे में डूब गया। चौक घंटाघर पर सजी एलईडी लाइट की चमक भी गायब हो गई। लोगों की अचानक निगाह चौक घंटाघर पर लगी घड़ी पर गई तो रात के 11 बज रहे थे। कटौती के बाद आपूर्ति रात दो बजे की गई। तीन घंटे तक लोग उमस भरी गर्मी में बेहाल रहे। घर की छतों के साथ ही गर्मी से बेहाल लोग बिजली के इंतजार में सड़कों पर टहलते नजर आए। उपकेंद्रों पर उपभोक्ताओं के फोन की घंटी बजती रही। बस कुछ देर में लाइट आने का आश्वासन देकर फोन रख दिया जा रहा था। तीन बजे आपूर्ति शुरू होने के बाद करीब 5.30 बजे लाइट फिर से कट गई। सुबह करीब सात बजे आपूर्ति बहाल की गई। लाइट की आवाजाही का सिलसिला दिन भर चलता रहा। कमोवेश यही स्थिति ग्रामीण इलाकों की भी रही। रानीगंज, लालगंज, कुंडा सहित अन्य क्षेत्रों में बिजली कटौती होती रही। ग्रामीणों ने पेड़ों की छांव के नीचे रात गुजारी। हाथ का पंखा झलाकर दिन का समय काटा। बिजली की अघोषित कटौती को लेकर लोगों में काफी नाराजगी व्याप्त है। अधीक्षण अभियंता इं. सत्यपाल ने बताया कि बारिश की वजह से जगह-जगह फॉल्ट की समस्या आ रही थी। इस वजह से कटौती की गई थी। फॉल्ट ठीक होने के बाद आपूर्ति की गई।
शासन के आदेश को ठेंगा दिखा रहा विभाग
शासन का आदेश है कि लंबी कटौती होने पर क्षेत्र में लाउडस्पीकर से घोषणा की जाएगी। वहीं रात में भ्रमणशील रहकर अधिकारी बिजली आपूर्ति की स्थिति देखते रहेंगे। किसी तरह का फॉल्ट होने पर तत्काल दूर किया जाएगा। मगर, शासन के आदेश को विभाग ने खुलेआम ठेंगा दिखाना शुरू कर दिया। कटौती के बाद लाउडस्पीकर से घोषणा तो दूर करीब दस से 12 बार फोन करने पर बिजली कटने का कारण उपभोक्ताओं को पता चल पाता है। ऐसे में उपभोक्ताओं को 24 घंटे आपूर्ति देने का दावा फेल हो गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
पिछले दो दिनों से हल्की बरसात के बाद तेज धूप निकलने से उमस भरी गर्मी पड़ रही है। वहीं बिजली की अघोषित कटौती ने लोगों को बेहाल कर दिया है। रविवार की रात करीब दस बजे से बिजली कटौती का सिलसिला शुरू हुआ। सोमवार की देर शाम तक हर दो घंटे पर लाइट की आवाजाही जारी रही। रात करीब 11 बजे एक साथ बाबागंज, दहिलामऊ और रूपापुर उपकेंद्र पर कटौती की गई। बिजली कटते ही पूरा शहर अंधेरे में डूब गया। चौक घंटाघर पर सजी एलईडी लाइट की चमक भी गायब हो गई। लोगों की अचानक निगाह चौक घंटाघर पर लगी घड़ी पर गई तो रात के 11 बज रहे थे। कटौती के बाद आपूर्ति रात दो बजे की गई। तीन घंटे तक लोग उमस भरी गर्मी में बेहाल रहे। घर की छतों के साथ ही गर्मी से बेहाल लोग बिजली के इंतजार में सड़कों पर टहलते नजर आए। उपकेंद्रों पर उपभोक्ताओं के फोन की घंटी बजती रही। बस कुछ देर में लाइट आने का आश्वासन देकर फोन रख दिया जा रहा था। तीन बजे आपूर्ति शुरू होने के बाद करीब 5.30 बजे लाइट फिर से कट गई। सुबह करीब सात बजे आपूर्ति बहाल की गई। लाइट की आवाजाही का सिलसिला दिन भर चलता रहा। कमोवेश यही स्थिति ग्रामीण इलाकों की भी रही। रानीगंज, लालगंज, कुंडा सहित अन्य क्षेत्रों में बिजली कटौती होती रही। ग्रामीणों ने पेड़ों की छांव के नीचे रात गुजारी। हाथ का पंखा झलाकर दिन का समय काटा। बिजली की अघोषित कटौती को लेकर लोगों में काफी नाराजगी व्याप्त है। अधीक्षण अभियंता इं. सत्यपाल ने बताया कि बारिश की वजह से जगह-जगह फॉल्ट की समस्या आ रही थी। इस वजह से कटौती की गई थी। फॉल्ट ठीक होने के बाद आपूर्ति की गई।
विज्ञापन
शासन के आदेश को ठेंगा दिखा रहा विभाग
शासन का आदेश है कि लंबी कटौती होने पर क्षेत्र में लाउडस्पीकर से घोषणा की जाएगी। वहीं रात में भ्रमणशील रहकर अधिकारी बिजली आपूर्ति की स्थिति देखते रहेंगे। किसी तरह का फॉल्ट होने पर तत्काल दूर किया जाएगा। मगर, शासन के आदेश को विभाग ने खुलेआम ठेंगा दिखाना शुरू कर दिया। कटौती के बाद लाउडस्पीकर से घोषणा तो दूर करीब दस से 12 बार फोन करने पर बिजली कटने का कारण उपभोक्ताओं को पता चल पाता है। ऐसे में उपभोक्ताओं को 24 घंटे आपूर्ति देने का दावा फेल हो गया है।
विज्ञापन