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Pratapgarh News: साधन सहकारी समितियों से डीएपी गायब, किसान परेशान

Fri, 14 Jul 2023 09:45 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, प्रतापगढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, प्रतापगढ़ Updated Fri, 14 Jul 2023 09:45 PM IST
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DAP missing from resource cooperatives, farmers upset
किल्लत से धान की रोपाई हो रही बाधित, खुले बाजार से खाद खरीदने के लिए मजबूर हैं किसान
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संवाद न्यूज एजेंसी
प्रतापगढ़। धान की रोपाई करने के लिए किसान डीएपी खोज रहे हैं। सरकारी केंद्रों और साधन सहकारी समितियों से डीएपी गायब है। किसान खुले बाजार से खाद खरीदने के लिए मजबूर हैं।



जिले के किसान इन दिनों धान रोपाई में जुटे हैं। बादलों को देखकर किसानों ने तेजी दिखाई है। नहरों में पानी आने से किसानों का उत्साह दोगुना हो गया है। धान की रोपाई करने से पहले किसान डीएपी का छिड़काव करते हैं,लेकिन उन्हें डीएपी नहीं मिल रही है। डीएपी की किल्लत खेती किसानी में बाधा बन रही है।
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जिले में 172 साधन सहकारी समितियां और 12 सरकारी बिक्री केंद्र हैं। 99,456 हेक्टेयर में धान की रोपाई होती है। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक खरीफ की सीजन में 26,623 मीट्रिक टन डीएपी की आवश्यकता होती है, लेकिन बफर गोदाम में वर्तमान में 700 मीट्रिक टन डीएपी उपलब्ध है। ऐसे में अगर बफर गोदाम में रखी डीएपी का पूरा स्टॉक वितरित कर दिया जाए, तब भी किसानों की मुश्किलें कम नहीं होंगी।
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भीगने के डर से जर्जर भवन वाली समितियों ने नहीं किया उठान
जिले की 34 साधन सहकारी समितियां ऐसी हैं, जिन्होंने खरीफ के सीजन में डीएपी का उठान ही नहीं किया है। इसकी वजह यह है कि समितियों के भवन जर्जर हैं। बारिश का पानी टपकता ही नहीं है, कहीं-कहीं एकत्र भी हो जाता है। डीएपी भीगने के डर से खाद का उठान नहीं किया गया।
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साधन सहकारी समितियों के उन सचिवों से खाद का उठान करने को कहा गया है, जो अभी तक डीएपी अपने गोदामों तक नहीं ले गए हैं। फिलहाल जिले का भ्रमण करके पड़ताल की जा रही है। जल्द ही सभी समितियों पर खाद पहुंच जाएगी।

अशोक कुमार, जिला कृषि अधिकारी

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जिन साधन सहकारी समितियों से मांगपत्र आ रहे हैं, वहां डीएपी भेजी जा रही है। 18-18 टन डीएपी प्रतिदिन ट्रकों से समितियों के लिए भेजी जा रही है।
धनंजय तिवारी, प्रबंधक, पीसीएफ


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जब जरूरत होती है, तो नहीं मिलती खाद
किसानों को जब जरूरत होती है, तो समितियों पर खाद नहीं मिलती है। जब धान रोपाई का समय निकल जाएगा, तो किसान डीएपी लेकर क्या करेगा। इन दिनों समितियों पर डीएपी नहीं है।

हरिमंगल विश्वकर्मा, बबुरहा



0 धान रोपाई के लिए डीएपी जरूरी
धान की रोपाई करने के लिए डीएपी का छिड़काव करना आवश्यक होता है। किसानों को जब धान की रोपाई करनी होती है, तब डीएपी मिलती ही नहीं है। धान रोपाई के बाद यूरिया की आवश्यकता पड़ेगी, तब समितियों के गोदामों से यूरिया नहीं मिलेगी।

अनिल कुमार शुक्ला, राजापुर महोथरी


0 धान और गेहूं फसल में डीएपी आवश्यक
धान की रोपाई और गेहूं की बोवाई के समय डीएपी की आवश्यकता होती है। मगर इन दोनों ही सीजन में डीएपी या यूरिया खोजने पर भी नहीं मिलती है। जिला प्रशासन को दोनों सीजन में समितियों पर पर्याप्त खाद मुहैया करानी चाहिए।
राकेश कुमार त्रिपाठी, दरियापुर
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