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हर चौखट पर दे दी दस्तक फिर भी नहीं मिली बिटिया
प्रतापगढ़ ब्यूरो
Updated Wed, 04 Jan 2017 12:36 AM IST
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विश्वास करिए, यह सच है। जवान बेटी के अपहरण के बाद पिता उसकी तलाश कराने के लिए 387 दिन में 811 बार फरियाद लगा चुका है, लेकिन अभी तक उसकी फरियाद नहीं सुनी गई। इससे बेटी अभी तक नहीं मिली। पीड़ित पिता करीब 730 ऑफ लाइन और तकरीबन 81 शिकायतें जनसुनवाई के पोर्टल पर दर्ज करा चुका है। इसके अलावा आईजी, डीआईजी, कमिश्नर सहित अन्य उच्चाधिकारियों व नेताओं और मंत्रियों के सामने भी गिड़गिड़ा रहा है। थाने में रिपोर्ट दर्ज करने के बाद मामले को ठंडे बस्ते में डाल दिया गया।
हथिगवां थाना क्षेत्र के मिश्रदयालपुर गांव निवासी दीनानाथ मिश्र बाबा बालयोगी के नाम से जाने जाते हैं। गांव में ही हनुमानजी के मंदिर पर वह कथा, प्रवचन और भंडारे का आयोजन करते हैं। 11 दिसंबर 2015 को उनकी बेटी साधना का अपहरण हो गया। इसकी रिपोर्ट थाने में दर्ज कराई गई। इसके बाद पुलिस ने कुछ प्रयास किए लेकिन सफलता नहीं मिली। इसके बाद दीनानाथ मिश्र ने अधिकारियों की चौखट पर हाजिरी लगाने लगे। सभी तहसील दिवस, अधिकारियों यहां तक कि वह आईजी, डीआईजी, मुख्यमंत्री से मिलकर आए गए। इसी बीच उन्होंने जनसुनवाई पोर्टल पर भी अपनी शिकायत को बार-बार दर्ज किया। आरजू एक ही थी कि बेटी शीघ्र से शीघ्र मिल जाए। अब तो उनके आफिस पहुंचने पर अधिकारी भी मुंह फेरने लगे हैं। हालत यह है कि बाबा दीननाथ ही नहीं उनका पूरा परिवार गुहार लगाने आता है। इस बारे में एसओ हथिगवां से बात की गई। उन्होंने बताया कि अभी भी टीम युवती की तलाश कर रही है।
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हथिगवां थाना क्षेत्र के मिश्रदयालपुर गांव निवासी दीनानाथ मिश्र बाबा बालयोगी के नाम से जाने जाते हैं। गांव में ही हनुमानजी के मंदिर पर वह कथा, प्रवचन और भंडारे का आयोजन करते हैं। 11 दिसंबर 2015 को उनकी बेटी साधना का अपहरण हो गया। इसकी रिपोर्ट थाने में दर्ज कराई गई। इसके बाद पुलिस ने कुछ प्रयास किए लेकिन सफलता नहीं मिली। इसके बाद दीनानाथ मिश्र ने अधिकारियों की चौखट पर हाजिरी लगाने लगे। सभी तहसील दिवस, अधिकारियों यहां तक कि वह आईजी, डीआईजी, मुख्यमंत्री से मिलकर आए गए। इसी बीच उन्होंने जनसुनवाई पोर्टल पर भी अपनी शिकायत को बार-बार दर्ज किया। आरजू एक ही थी कि बेटी शीघ्र से शीघ्र मिल जाए। अब तो उनके आफिस पहुंचने पर अधिकारी भी मुंह फेरने लगे हैं। हालत यह है कि बाबा दीननाथ ही नहीं उनका पूरा परिवार गुहार लगाने आता है। इस बारे में एसओ हथिगवां से बात की गई। उन्होंने बताया कि अभी भी टीम युवती की तलाश कर रही है।
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