प्रतापगढ़ : राजा भैया समर्थकों के चक्रव्यूह में उलझी रही भाजपा, कई इलाकों में दौड़ती नजर आई साइकिल
लोकसभा चुनाव में भाजपा व सपा के बीच शुरू से ही सीधी टक्कर मानी जा रही थी। भाजपा ने जहां अपने पुराने सांसद संगमलाल गुप्ता पर भरोसा जताते हुए फिर से प्रत्याशी बनाया। वहीं इंडिया गठबंधन से सपा के डॉ. शिवपाल सिंह पटेल चुनाव मैदान में उतरे। बसपा से प्रथमेश मिश्रा चुनाव मैदान में आ डटे।
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प्रतापगढ़ संसदीय सीट पर शनिवार को हुए मतदान को लेकर जनसत्ता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष व कुंडा विधायक रघुराज प्रताप सिंह राजा भैया समर्थकों के चक्रव्यूह में भाजपा प्रत्याशी व समर्थक उलझे रहे। वहीं एमएलसी अक्षय प्रताप सिंह गोपालजी की बैठकों का भी असर देखने को मिला।
लोकसभा चुनाव में भाजपा व सपा के बीच शुरू से ही सीधी टक्कर मानी जा रही थी। भाजपा ने जहां अपने पुराने सांसद संगमलाल गुप्ता पर भरोसा जताते हुए फिर से प्रत्याशी बनाया। वहीं इंडिया गठबंधन से सपा के डॉ. शिवपाल सिंह पटेल चुनाव मैदान में उतरे। बसपा से प्रथमेश मिश्रा चुनाव मैदान में आ डटे।
चुनाव प्रचार के दौरान अपना दल एस की प्रमुख अनुप्रिया पटेल ने कौशांबी लोकसभा सीट के भाजपा प्रत्याशी विनोद सोनकर के पक्ष में माहौल बनाते हुए कुंडा के विधायक राजा भैया पर तंज कसा था। उनकी टिप्पणी पर अभी विरोध थमा नहीं था कि मदाफरपुर में जनसभा के दौरान भाजपा प्रत्याशी आंसू बहाते हुए क्षत्रिय समाज पर हमला बोला। प्रयागराज में डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने भी राजा भैया पर जुबानी हमला बोला। जिसे देखते हुए जनसत्ता दल के समर्थक अखिलेश की जनसभा में शामिल हुए।
लोकसभा चुनाव में राजा भैया ने समर्थकों को अपने पसंद के प्रत्याशी के पक्ष में मतदान करने की छूट दे दी थी। वहीं एमएलसी अक्षय प्रताप सिंह गोपालजी ने पंचायत प्रतिनिधियों व समर्थकों के साथ प्रतापगढ़ लोकसभा सीट के चुनाव को लेकर रणनीति बनाई। शनिवार को भाजपा प्रत्याशी संग समर्थक उस चक्रव्यूह में उलझे नजर आए। राजा भैया के प्रभाव वाले क्षेत्रों में लोग भाजपा प्रत्याशी समेत दूसरे नेताओं की बयानबाजी पर खिन्न नजर आए। जिसका असर मतदान पर भी दिखा। राजा भैया के प्रभाव वाले बूथों पर समर्थकों के पहुंचने के बाद साइकिल तेज रफ्तार से दौड़ने लगी।