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बेल्हा में बंद, सड़क पर उतरे युवा

Fri, 07 Sep 2018 12:26 AM IST
pratapgarh
pratapgarh Updated Fri, 07 Sep 2018 12:26 AM IST
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प्रतापगढ़। एससीएसटी एक्ट में संशोधन के विरोध में गुरुवार को भारत बंद के आह्वान पर युवा सड़क पर उतर आए। सवर्ण संगठनों ने शहर में जुलूस निकाला। प्रदर्शन और नारेबाजी कर इसे काले कानून की संज्ञा देते हुए समाप्त करने की मांग की। अधिवक्ताओं ने कचहरी में तालाबंदी कर मोदी सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर अध्यादेश को वापस लेने की मांग की। हालांकि जिले में भारत बंद का मिलाजुला असर रहा। इधर भारत बंद को लेकर जिला प्रशासन अलर्ट रहा। शहर के चप्पे-चप्पे पर पुलिस और पीएसी के जवानों की तैनाती की गई थी।  
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मोदी सरकार के अध्यादेश लाकर एससीएसटी एक्ट में संशोधन करने के विरोध में गुरुवार को भारत बंद का आह्वान किया गया था। केंद्र सरकार के फैसले से नाराज युवाओं ने पूरे शहर में जुलूस निकालकर विरोध प्रदर्शन और नारेबाजी की।
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परशुराम सेना के जिलाध्यक्ष प्रदीप कुमार शुक्ला के नेतृत्व में सड़क  पर उतरे युवाओं ने व्यापारिक प्रतिष्ठान बंद कराए। अंबेडकर चौराहा, राजापाल टंकी चौराहा, श्रीराम, चौक, निर्मल तिराहा, भंगवाचुंगी, ट्रेजरी चौराहा के रास्ते कचहरी पहुंचा जुलूस सभा के रूप में परिवर्तित हुआ। जिलाध्यक्ष ने कहा कि केंद्र के खिलाफ यह प्रदर्शन यहीं समाप्त नहीं होगा, बल्कि आगे भी चलता रहेगा। इस मौके पर मनीष दुबे, शैलेश मिश्रा, शशिधर त्रिपाठी, वीरेंद्र पांडेय, रामानुज मिश्र, शरद तिवारी, शिवा पांडेय आदि मौजूद रहे।
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इधर, कचहरी में अधिवक्ताओं ने अध्यादेश के विरोध में न्यायिक कार्य से विरत रहकर तालाबंदी की। जूनियर बार एसोसिएशन के अध्यक्ष लीलाधर दुबे और महामंत्री शेष बहादुर सिंह की अगुवाई में वकीलों ने कचहरी में जुलूस निकाला और अध्यादेश को वापस लेने की मांग की। अधिवक्ताओं ने चेताया है कि अगर सरकार ने इस दिशा में कदम नहीं उठाया तो उसे चुनाव में खामियाजा भुगतना पड़ेगा। सदर तहसील में एकजुट अधिवक्ता भारत बंद के समर्थन में न्यायिक कार्य से विरत रहे। अधिवक्ताओं ने केंद्र सरकार को चेताया कि अगर अध्यादेश को वापस नहीं लिया गया तो आंदोलन तेज किया जाएगा। इस मौके पर तहसील बार के  अध्यक्ष चंद्रेश कुमार पांडेय, दुर्ग विजय सिंह, ओम प्रकाश भट्ट, आशुतोष तिवारी, बालेंद्र भूषण सिंह, दुर्गा प्रसाद श्रीवास्तव आदि मौजूद रहे। 
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