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सौ प्राइमरी स्कूलों की बदलेगी सूरत
Updated Fri, 29 Dec 2017 07:53 PM IST
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प्रतापगढ़। चौदहवें वित्त आयोग की धनराशि से जिले के करीब सौ क्ष्तिग्रस्त प्राइमरी स्कूलों की मरम्मत कराई जाएगी। सीडीओ ने डीपीआरओ से अविलंब कार्य प्रारंभ करने को कहा है। कार्य पूरा होने पर स्कूलों की फोटो भी डीपीआरओ को देनी होगी।
बेल्हा के ज्यादातर प्राइमरी पाठशाला क्षतिग्रस्त हो गए हैं। जान हथेली पर रखकर बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं। प्रदेश सरकार की जांच के बाद मामला सामने आया। शासन ने ऐसे 100 प्राइमरी स्कूलों की पहचान करने को कहा है जो पूरी तरह से जर्जर हो चुके हैं। ये विद्यालय किसी न किसी अफसरों के गोद लिये गए गांव के भी हों। चौदहवें वित्त आयोग की धनराशि से डीपीआरओ वर्ष 2018 में सौ प्राइमरी स्कूलों की मरम्मत कराएंगे। शासन ने यह भी आदेश दिया है कि प्राइमरी स्कूलों की मरम्मत करवाते समय शौचालय की ओर विशेष ध्यान देना होगा।
जिन विद्यालय में शौचालय नहीं हैं, अथवा है तो वह क्षतिग्रस्त हो गया है। ऐसे विद्यालयों का शौचालय भी बनवाना होगा। बताया जाता है कि डीपीआरओ ने 100 जर्जर क्षतिग्रस्त स्कूलों की सूची बीएसए से मांगी है। विभागीय सूत्रों का कहना है कि असरदार ग्रामप्रधानों के गांव के विद्यालय को सूची में शामिल किया जा रहा है। वहीं बीएसए बीएन सिंह का कहना है कि जर्जर हो चुके उन विद्यालय की सूची तैयार की जा रही है जिनमें बच्चों को पढ़ाते समय अध्यापकों को डर लगता है। सूची करीब तैयार है। जल्द ही डीपीआरओ को दे दी जाएगी। शासन की ओर से क्षतिग्रस्त प्राइमरी स्कूलों की मरम्मत करवाने के लिए आदेश आया है।
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बेल्हा के ज्यादातर प्राइमरी पाठशाला क्षतिग्रस्त हो गए हैं। जान हथेली पर रखकर बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं। प्रदेश सरकार की जांच के बाद मामला सामने आया। शासन ने ऐसे 100 प्राइमरी स्कूलों की पहचान करने को कहा है जो पूरी तरह से जर्जर हो चुके हैं। ये विद्यालय किसी न किसी अफसरों के गोद लिये गए गांव के भी हों। चौदहवें वित्त आयोग की धनराशि से डीपीआरओ वर्ष 2018 में सौ प्राइमरी स्कूलों की मरम्मत कराएंगे। शासन ने यह भी आदेश दिया है कि प्राइमरी स्कूलों की मरम्मत करवाते समय शौचालय की ओर विशेष ध्यान देना होगा।
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जिन विद्यालय में शौचालय नहीं हैं, अथवा है तो वह क्षतिग्रस्त हो गया है। ऐसे विद्यालयों का शौचालय भी बनवाना होगा। बताया जाता है कि डीपीआरओ ने 100 जर्जर क्षतिग्रस्त स्कूलों की सूची बीएसए से मांगी है। विभागीय सूत्रों का कहना है कि असरदार ग्रामप्रधानों के गांव के विद्यालय को सूची में शामिल किया जा रहा है। वहीं बीएसए बीएन सिंह का कहना है कि जर्जर हो चुके उन विद्यालय की सूची तैयार की जा रही है जिनमें बच्चों को पढ़ाते समय अध्यापकों को डर लगता है। सूची करीब तैयार है। जल्द ही डीपीआरओ को दे दी जाएगी। शासन की ओर से क्षतिग्रस्त प्राइमरी स्कूलों की मरम्मत करवाने के लिए आदेश आया है।
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