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सूर्य नमस्कार से बढ़ती है शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता
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पीलीभीत। कोरोना संक्रमण का इलाज नहीं है। लोग अच्छी रोग प्रतिरोधक क्षमता से महामारी को मात दे रहे हैं। प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने के लिए कई तरीकों को अपनाया जा रहा है। सूर्य नमस्कार भी रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में काफी कारगर है। शहर के अनिल मैनी ने बताया कि सूर्य नमस्कार से रक्तचाप बढ़ता है। पाचन क्रिया अच्छी होती है। इससे हृदय और रक्त कोशिकाओं को मजबूती मिली है। सूर्य नमस्कार में एक साथ 12 योगासनों का फायदा मिलता है।
ऐसे करें आसन
- नमस्कार की स्थिति होती है।
- इसमें दोनों हाथ ऊपर आसमान की ओर खींचते हुए दृष्टि ऊपर की ओर होती है।
- इसमें दोनों हाथ नीचे की और लाकर जमीन को स्पर्श करते है और मस्तक घुटनों को स्पर्श करता है।
- इसमें हाथ और पैरों के बल जमीन पर आ जाएं और अब अपने हाथों और पैरों को सीधा करते हुए छाती को अधिकतम ऊपर उठाने का प्रयास करें।
- घुटना सीना और मस्तिष्क जमीन को स्पर्श करता है।
- शरीर को सिर्फ ऊपर की ओर आगे उठाते हुए आसमान में देखना होता है।
लाभ
- सूर्य नमस्कार शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ता है। पाचन क्रिया मजबूत करता है। हदय और रक्त कोशिकाओं को मजबूत करता है। शरीर का लचीला बनाता है और वजन कम करने में भी असरदार है।
संकट के सिपाही
परिवार से दूर रहकर कर रहे मरीजों की सेवा
ललौरीखेड़ा पीएचसी पर तैनात डॉक्टर देवेंद्र अस्थाना मूलरूप से जौनपुर के रहने वाले हैं। कोरोना संक्रमण की शुरुआत होने के बाद प्रवासियों को ट्रेस करने में लगा गया था। इसके बाद उन्हें क्वारंटीन सेंटर का इंचार्ज बनाया गया था। तभी से लेकर अब लगातार कोविड में ड्यूटी कर रहे हैं। वर्तमान में अब उन्हें 20 जुलाई 2020 से कोविड कंट्रोल रूम में लगा दिया गया। तब से वह अपने परिवार से दूर रहकर दूसरों की समस्याओं को समाधान कर रहे हैं। साथ ही ड्यूटी निभाने के बाद लोगों की पर्सनल तरीके से भी मदद करते हैं। परिवार में समस्या होने के बाद भी घर नहीं पहुंच पाते हैं। संक्रमण की दूसरी लहर में जहां हर कोई परिवार की चिंता कर रहा था। अभी देवेंद्र अस्थाना मरीजों की सेवा में जुटे हुए हैं। सिर्फ होली पर अपने घर गए थे। इसके बाद से अब तक घर नहीं गए हैं।
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ऐसे करें आसन
- नमस्कार की स्थिति होती है।
- इसमें दोनों हाथ ऊपर आसमान की ओर खींचते हुए दृष्टि ऊपर की ओर होती है।
- इसमें दोनों हाथ नीचे की और लाकर जमीन को स्पर्श करते है और मस्तक घुटनों को स्पर्श करता है।
- इसमें हाथ और पैरों के बल जमीन पर आ जाएं और अब अपने हाथों और पैरों को सीधा करते हुए छाती को अधिकतम ऊपर उठाने का प्रयास करें।
- घुटना सीना और मस्तिष्क जमीन को स्पर्श करता है।
- शरीर को सिर्फ ऊपर की ओर आगे उठाते हुए आसमान में देखना होता है।
लाभ
- सूर्य नमस्कार शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ता है। पाचन क्रिया मजबूत करता है। हदय और रक्त कोशिकाओं को मजबूत करता है। शरीर का लचीला बनाता है और वजन कम करने में भी असरदार है।
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संकट के सिपाही
परिवार से दूर रहकर कर रहे मरीजों की सेवा
ललौरीखेड़ा पीएचसी पर तैनात डॉक्टर देवेंद्र अस्थाना मूलरूप से जौनपुर के रहने वाले हैं। कोरोना संक्रमण की शुरुआत होने के बाद प्रवासियों को ट्रेस करने में लगा गया था। इसके बाद उन्हें क्वारंटीन सेंटर का इंचार्ज बनाया गया था। तभी से लेकर अब लगातार कोविड में ड्यूटी कर रहे हैं। वर्तमान में अब उन्हें 20 जुलाई 2020 से कोविड कंट्रोल रूम में लगा दिया गया। तब से वह अपने परिवार से दूर रहकर दूसरों की समस्याओं को समाधान कर रहे हैं। साथ ही ड्यूटी निभाने के बाद लोगों की पर्सनल तरीके से भी मदद करते हैं। परिवार में समस्या होने के बाद भी घर नहीं पहुंच पाते हैं। संक्रमण की दूसरी लहर में जहां हर कोई परिवार की चिंता कर रहा था। अभी देवेंद्र अस्थाना मरीजों की सेवा में जुटे हुए हैं। सिर्फ होली पर अपने घर गए थे। इसके बाद से अब तक घर नहीं गए हैं।
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